जखौरा। पंडालों में विराजमान मां आदिशक्ति की आराधना भक्त कर रहे हैं। जखौरा नवदुर्गा महोत्सव में पंडालों में देवी मूर्तियों की स्थापना के बाद क्षेत्र में धर्म का माहौल बना हुआ है। पंडालों में आरती के साथ-साथ मां का गुणगान हो रहा है। कस्बा जखौरा के साथ-साथ आसपास के गांव क्षेत्रों में भी माता के पंडाल सजाए गए हैं। दस दिनों तक चलने वाले नवदुर्गा महोत्सव के लिए भव्य और सुंदर पंडाल सजाए गए हैं, जिसमें आदिशक्ति के नौ रूपों की आराधना की जा रही है। कस्बा जखौरा में बस स्टैंड पर माता का प्राचीन मंदिर बना हुआ है जहां झांकी सजाई गई है।
मान्यता है कि इस प्राचीन मंदिर से जो भी मनोकामनाएं मांगी जाती हैं वह मां आदिशक्ति के आशीर्वाद से पूर्ण होती हैं। सुबह चार बजे से यहां पर भक्तों की लंबी कतार लगना शुरू हो जाती हैं। वहीं बड़ा मंडल छोटा बाजार जखौरा में विगत 41 वर्षों से मां का दरबार सजाया जा रहा है। यहां पर अष्टमी के दिन बड़ी आरती देखने के लिए गांव देहात व क्षेत्र से हजारों की तादाद में भक्त आरती देखने आते हैं, यहां पर मां काली, लाला हरदौल की आकर्षक झांकियां निकाली जाती हैं और छोटे-छोटे बच्चों द्वारा कई संस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए जाते हैं। कस्बा में कई जगह माता के पंडाल सजे हुए हैं जैसे बस स्टैंड जैन मंदिर, नदी मोहल्ला, बड़ा बाजार, नहर मोहल्ला गणेशपुरा आदि जगहों पर माता की सुंदर झांकियां सजाई गई हैं। नवरात्र महोत्सव के आयोजन में बृजेश स्वामी, अंचल स्वामी, आकाश सोनी, अमन तिवारी, बबलू सेन, आनंद नामदेव, सचिन पटैरिया, दीपक सोनी, धर्मेंद्र कुशवाहा, सचिन सोनी, पर्वत अहिरवार आदि शामिल रहे।

सजे पंडाल में रखी देवी की मूऱ्ति- फोटो : LALITPUR