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रेलवे ट्रैक पर पी रहे थे शराब, ट्रेन से कटकर मौत
ब्यूराे/अमर उजाला
Updated Wed, 19 Aug 2015 01:16 AM IST
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ललितपुर। सिविल लाइंस स्थित सिद्धन कालोनी के सामने रेलवे ट्रैक पर तीन युवक टीकमगढ़ पैसेंजर ट्रेन की चपेट में आ गए, जिससे एक युवक की मौके पर ही मौत हो गई। जबकि, दो युवक गंभीर रूप से घायल हो गए। उन्हें जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। तीनों युवक रेलवे ट्रैक पर बैठकर शराब पी रहे थे।
सिद्धनपुरा स्थित मान्यवर कांशीराम कालोनी में रहने वाले राजू (32) पुत्र भुवन, महेश वासुदेव (35) पुत्र लालचंद और थान सिंह (33) पुत्र रामप्रसाद मंगलवार की दोपहर करीब साढ़े 12 बजे कालोनी के सामने स्थित रेलवे ट्रैक पर टीकमगढ़ से झांसी की ओर जा रही टीकमगढ़ एक्सप्रेस की चपेट में आ गए, जिससे राजू की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि महेश एवं थान सिंह गंभीर रूप से घायल हो गए। कालोनी वासियों की मदद से परिजनों ने उन्हें इलाज के लिए जिला अस्पताल भिजवाया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार तीनों युवक टीकमगढ़ रेलवे ट्रैक पर बैठकर कच्ची शराब पी रहे थे। झमाझम बारिश के बीच शराब के नशे में होने के कारण वे ट्रेन को नहीं देख पाए, जिससे टीकमगढ़ पैसेंजर की चपेट में आ गए और हादसा हो गया। घटनास्थल पर कच्ची शराब के भरे व खाली पाउच भी पड़े पाए गए। वहीं, दूसरी ओर मृतक के परिजनों का कहना है कि राजू और उसके साथी रेलवे ट्रैक के नजदीक स्थित खपना पुल पर मछली पकड़ने गए थे, वहां से वापस लौटते समय ट्रेन की चपेट में आ गए। हादसे में मृत राजू विवाहित था, उसके दो बच्चे हैं। सोमवार को ही उसने अपनी पुत्री का जन्मदिन मनाया था। इस घटना से उसके परिवार में कोहराम मच गया।
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बाक्स
छह लोगों की जान ले चुकी कच्ची शराब
सिद्दन पुल के नजदीक धड़ल्ले से बेची जा रही कच्ची शराब अब तक मान्यवर कांशीराम कालोनी में रहने वाले छह लोगों की जान ले चुकी है। कालोनी के वाशिंदों ने कहा कि कच्ची शराब के कारण राजू की तरह छह लोग ट्रेन से कटकर हादसे का शिकार बन चुके हैं। लेकिन, अफसोसजनक बात यह है कि बार-बार चेताने के बाद भी आबकारी विभाग के अफसर महज औपचारिक छापेमारी करके दायित्वों से पल्ला झाड़ते आ रहे हैं।
मौत बेच रहे कारोबारी
कबूतरा जाति के लोगों की कच्ची शराब सरकारी शराब के ठेके के मुकाबले कम कीमत पर उपलब्ध होने कारण गरीब और मेहनतकश मजदूरों में लोकप्रिय है। कांशीराम कालोनी में गरीब लोगों के परिवार रहते हैं। इस क्षेत्र में बढ़ती मांग को देखते हुए कारोबारियों ने यहां शराब बिक्री का अड्डा बना लिया है। रेलवे ट्रैक के सामने स्थित सिद्धन कालोनी की तरह मंडी और सुरई घाट कालोनी हाइवे पर बनी हुई हैं, इस डेंजर जोन में कच्ची शराब बेची जा रही है। मेहनतकश लोग आए दिन नशे की हालत में भारी वाहनों की चपेट में आकर अपनी जान गवां रहे हैं।
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सिद्धनपुरा स्थित मान्यवर कांशीराम कालोनी में रहने वाले राजू (32) पुत्र भुवन, महेश वासुदेव (35) पुत्र लालचंद और थान सिंह (33) पुत्र रामप्रसाद मंगलवार की दोपहर करीब साढ़े 12 बजे कालोनी के सामने स्थित रेलवे ट्रैक पर टीकमगढ़ से झांसी की ओर जा रही टीकमगढ़ एक्सप्रेस की चपेट में आ गए, जिससे राजू की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि महेश एवं थान सिंह गंभीर रूप से घायल हो गए। कालोनी वासियों की मदद से परिजनों ने उन्हें इलाज के लिए जिला अस्पताल भिजवाया।
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प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार तीनों युवक टीकमगढ़ रेलवे ट्रैक पर बैठकर कच्ची शराब पी रहे थे। झमाझम बारिश के बीच शराब के नशे में होने के कारण वे ट्रेन को नहीं देख पाए, जिससे टीकमगढ़ पैसेंजर की चपेट में आ गए और हादसा हो गया। घटनास्थल पर कच्ची शराब के भरे व खाली पाउच भी पड़े पाए गए। वहीं, दूसरी ओर मृतक के परिजनों का कहना है कि राजू और उसके साथी रेलवे ट्रैक के नजदीक स्थित खपना पुल पर मछली पकड़ने गए थे, वहां से वापस लौटते समय ट्रेन की चपेट में आ गए। हादसे में मृत राजू विवाहित था, उसके दो बच्चे हैं। सोमवार को ही उसने अपनी पुत्री का जन्मदिन मनाया था। इस घटना से उसके परिवार में कोहराम मच गया।
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छह लोगों की जान ले चुकी कच्ची शराब
सिद्दन पुल के नजदीक धड़ल्ले से बेची जा रही कच्ची शराब अब तक मान्यवर कांशीराम कालोनी में रहने वाले छह लोगों की जान ले चुकी है। कालोनी के वाशिंदों ने कहा कि कच्ची शराब के कारण राजू की तरह छह लोग ट्रेन से कटकर हादसे का शिकार बन चुके हैं। लेकिन, अफसोसजनक बात यह है कि बार-बार चेताने के बाद भी आबकारी विभाग के अफसर महज औपचारिक छापेमारी करके दायित्वों से पल्ला झाड़ते आ रहे हैं।
मौत बेच रहे कारोबारी
कबूतरा जाति के लोगों की कच्ची शराब सरकारी शराब के ठेके के मुकाबले कम कीमत पर उपलब्ध होने कारण गरीब और मेहनतकश मजदूरों में लोकप्रिय है। कांशीराम कालोनी में गरीब लोगों के परिवार रहते हैं। इस क्षेत्र में बढ़ती मांग को देखते हुए कारोबारियों ने यहां शराब बिक्री का अड्डा बना लिया है। रेलवे ट्रैक के सामने स्थित सिद्धन कालोनी की तरह मंडी और सुरई घाट कालोनी हाइवे पर बनी हुई हैं, इस डेंजर जोन में कच्ची शराब बेची जा रही है। मेहनतकश लोग आए दिन नशे की हालत में भारी वाहनों की चपेट में आकर अपनी जान गवां रहे हैं।