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बजट ने होने से अटका देवगढ़ रेलवे क्रॉसिंग ओवरब्रिज का काम

Thu, 27 Feb 2020 12:45 AM IST
Jhansi Bureau झांसी ब्यूरो
Updated Thu, 27 Feb 2020 12:45 AM IST
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Deogarh railway crossing overbridge stuck due to lack of budget
ललितपुर। देवगढ़ रेलवे क्रॉसिंग पर निर्माणाधीन ओवरब्रिज का काम बजट के अभाव में अटका पड़ा है। पिछले एक साल में अब तक सिर्फ नौ पिलर बनाकर तैयार किए गए है। धनराशि न होने से पिछले दो माह से ओवरब्रिज का कोई कार्य नहीं हो सका है। इसके बाद से विभाग सेतु निगम विभाग द्वारा कोई कार्य नहीं किया गया। पिछले दिनों जारी बजट में भी सरकार की ओर से इस ओवरब्रिज के लिए धनराशि न दिए जाने पर ब्रिज का काम कब पूरा होगा यह कह पाना मुश्किल है।
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रेलवे क्रॉसिंग जिला के महत्वपूर्ण पर्यटक स्थल देवगढ़ और पत्थर व्यापार के लिए प्रसिद्ध धौर्रा क्षेत्र के साथ ही करीब साठ गांवों को जोड़ती है। देवगढ़ रेलवे क्रॉसिंग गेट से हर रोज भोपाल, सागर, गुना, झांसी, टीकमगढ़ और खजुराहो की ओर जाने वाली दो सौ सवारी व मालगाड़ी गुजरती हैं। इससे रेलवे क्रॉसिंग का गेट 24 घंटे में अलग-अलग समय पर 16 से 17 घंटे तक बंद रहता है। कई बार ट्रेन का लगातार आवागमन होने के कारण आधा घंटा तक भी गेट बंद रहता है। ऐसे में यहां लंबे समय से ओवरब्रिज की मांग की जा रही है। मांग पर मंजूरी मिल गई और इसके लिए कुल 29.02 करोड़ रुपये का बजट स्वीकृत किया था। एक वर्ष पूर्व इसका निर्माण कार्य भी शुरू कर दिया गया। काम शुरू हुआ तो अब तक यहां नेहरूनगर की ओर आठ पिलर और गांधीनगर की ओर एक पिलर बनाकर तैयार किया गया है, जिसमें पहली किस्त के रूप में मिले तीन करोड़ रुपये की राशि खर्च हो चुकी है, लेकिन इसके बाद ओवरब्रिज के लिए बाकी दूसरी किस्त का पैसा अब तक नहीं मिल सका है। इस कारण ओवरब्रिज का निर्माण कार्य दो माह से बंद पड़ा हुआ है। जो पिलर बनाए गए हैं, उनके दोनों ओर सड़क की हालत खराब होने से राहगीरों को ऊबड़-खाबड़ सड़क से होकर निकलना पड़ रहा है। ऐसे में कई बार राहगीर रात में गिरकर घायल हो जाते है।
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वहीं, रेलवे गेट बंद होने पर राहगीरों को अपने वाहनों के साथ जाम की स्थिति से गुजरना पड़ रहा है। सबसे अधिक समस्या एंबुलेंस में मरीजों को लाने में होती है। जिससे मरीजों को सबसे अधिक समस्या होती है। ओवरब्रिज के शिलान्यास के दौरान जनप्रतिनिधियों व अधिकारियों द्वारा ओवरब्रिज एक वर्ष में बनाए जाने का दावा किया जा रहा था, लेकिन अब एक वर्ष से अधिक समय हो चुका है और इसके पूरे पिलर का निर्माण तक नहीं हो सका है और अब इसके लिए बजट कब तक मिलेगा, इसकी कोई उम्मीद भी नहीं है। प्रदेश सरकार द्वारा जारी बजट में उम्मीद थी कि पैसा मिल जाएगा, लेकिन बजट में इसके लिए पैसा जारी नहीं हो सका। ऐसे में अब पैसा कब मिलेगा, इस बारे में कोई कुछ नहीं कह सकता है।
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ओवरब्रिज के लिए शासन द्वारा जारी की गई करीब तीन करोड़ रुपये की पहली किस्त खर्च हो चुकी है, उसमें जितना काम होना था, करा दिया गया है। अब बजट उपलब्ध नहीं होने के कारण ओवरब्रिज का निर्माण फिलहाल बंद है। बजट कब तक मिलेगा, इसकी जानकारी नहीं है। शासन से बजट मिलने के बाद फिर से काम शुरू कराया जाएगा।

- आरके सिंह, डिप्टी प्रोजेक्ट मैनेजर उप्र सेतु निगम, झांसी।
29 फरवरी के बाद करीब पांच करोड़ रुपये बजट मिलने की उम्मीद है। इससे मार्च में ओवरब्रिज का काम शुरू हो जाएगा। किस्तों में बजट मिलने के कारण दिक्कत आ रही है।
- रामरतन कुशवाहा, सदर विधायक
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