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Lakhimpur Kheri News: आईटीआई में प्रशिक्षण लेकर युवा बना रहे भविष्य की राह
Sun, 28 Sep 2025 04:01 AM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
Updated Sun, 28 Sep 2025 04:01 AM IST
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प्रशिक्षण लेते युवा-संवाद
लखीमपुर खीरी।
तकनीकी शिक्षा के लिए आईटीआई में जहां विभिन्न ट्रेडों में प्रशिक्षण दिया जा रहा है। वहीं, आडिटोरियम में युवा प्रशिक्षण लेकर भविष्य की राह बना रहे हैं। यहीं युवा आगे चलकर किसी बड़ी कंपनी में काम करके अपना भविष्य सुनिश्चित करेंगे। शनिवार को टाटा की ओर से लगाई गई मशीनों पर प्रशिक्षण के दौरान युवा आपस में चर्चा करते मिले।
शहर के राजकीय शिक्षण एवं प्रशिक्षण संस्थान (आईटीआई) राजापुर के टाटा प्रशिक्षण हॉल में शनिवार को क्लासेस का माहौल पढ़ाई के साथ-साथ कैरियर की तैयारियों से सराबोर नजर आया। यहां मशीनों के पास प्रशिक्षण ले रहे छात्र-छात्राएं न सिर्फ प्रैक्टिकल सीख रहे थे, बल्कि आपस में अपने भविष्य को लेकर गंभीर चर्चाएं भी कर रहे थे।
मशीन पर काम करते हुए छात्र अक्षत ने सहपाठी शर्मिष्ठा राज से कहा कि कोर्स पूरा होने के बाद मैं किसी बड़ी कंपनी में नौकरी करना चाहता हूं, लेकिन साथ ही प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी भी जारी रखूंगा। इस पर छात्रा प्रिया ने मुस्कुराते हुए जवाब दिया, मेरी योजना है कि पहले ट्रेनिंग से अनुभव लूं और फिर किसी मल्टीनेशनल कंपनी में ट्राई करूं। आजकल स्किल्ड स्टूडेंट्स की मांग ज्यादा है।
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पास ही खड़ी स्वाति और तनु मिश्रा भी बातचीत में शामिल हो गए। स्वाति ने कहा, आईटीआई के बाद अप्रेंटिसशिप करना बेहतर रहेगा, इससे हमें मौके भी मिलेंगे और अनुभव भी। तनु ने सहमति जताते हुए कहा, हां, अनुभव ही हमें आगे बढ़ाएगा। हमें क्लास में सीखी चीजों को प्रैक्टिकल जीवन में उतारना होगा। छात्र-छात्राओं की इस सकारात्मक चर्चा ने पूरे एक दूसरे को भी बहुत कुछ सीखने को मिला।
तीन ट्रेडों में दिया जा रहा प्रशिक्षण
टाटा की ओर से इस सत्र में तीन ट्रेडों में प्रशिक्षण दिया जा रहा है। जानकारी देते हुए प्रशिक्षण देने वाले राज श्रीवास्तव ने बताया कि यहां पर मैनूफैक्चरिंग प्रोसेस कंट्रोल एंड आटोमेशन, मैकेनिक इलेक्ट्रिक व्हैकिल के साथ ही आर्टीशन यूजिंग एंडवांस टूल का प्रशिक्षण दिया जा रहा है। इस ट्रेडों में एमईवी का प्रशिक्षण दो सालों तक हाेगा वहीं अन्य दोनों ट्रेडों के प्रशिक्षण एक साल के लिए होगा।
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तकनीकी शिक्षा के लिए आईटीआई में जहां विभिन्न ट्रेडों में प्रशिक्षण दिया जा रहा है। वहीं, आडिटोरियम में युवा प्रशिक्षण लेकर भविष्य की राह बना रहे हैं। यहीं युवा आगे चलकर किसी बड़ी कंपनी में काम करके अपना भविष्य सुनिश्चित करेंगे। शनिवार को टाटा की ओर से लगाई गई मशीनों पर प्रशिक्षण के दौरान युवा आपस में चर्चा करते मिले।
शहर के राजकीय शिक्षण एवं प्रशिक्षण संस्थान (आईटीआई) राजापुर के टाटा प्रशिक्षण हॉल में शनिवार को क्लासेस का माहौल पढ़ाई के साथ-साथ कैरियर की तैयारियों से सराबोर नजर आया। यहां मशीनों के पास प्रशिक्षण ले रहे छात्र-छात्राएं न सिर्फ प्रैक्टिकल सीख रहे थे, बल्कि आपस में अपने भविष्य को लेकर गंभीर चर्चाएं भी कर रहे थे।
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मशीन पर काम करते हुए छात्र अक्षत ने सहपाठी शर्मिष्ठा राज से कहा कि कोर्स पूरा होने के बाद मैं किसी बड़ी कंपनी में नौकरी करना चाहता हूं, लेकिन साथ ही प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी भी जारी रखूंगा। इस पर छात्रा प्रिया ने मुस्कुराते हुए जवाब दिया, मेरी योजना है कि पहले ट्रेनिंग से अनुभव लूं और फिर किसी मल्टीनेशनल कंपनी में ट्राई करूं। आजकल स्किल्ड स्टूडेंट्स की मांग ज्यादा है।
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पास ही खड़ी स्वाति और तनु मिश्रा भी बातचीत में शामिल हो गए। स्वाति ने कहा, आईटीआई के बाद अप्रेंटिसशिप करना बेहतर रहेगा, इससे हमें मौके भी मिलेंगे और अनुभव भी। तनु ने सहमति जताते हुए कहा, हां, अनुभव ही हमें आगे बढ़ाएगा। हमें क्लास में सीखी चीजों को प्रैक्टिकल जीवन में उतारना होगा। छात्र-छात्राओं की इस सकारात्मक चर्चा ने पूरे एक दूसरे को भी बहुत कुछ सीखने को मिला।
तीन ट्रेडों में दिया जा रहा प्रशिक्षण
टाटा की ओर से इस सत्र में तीन ट्रेडों में प्रशिक्षण दिया जा रहा है। जानकारी देते हुए प्रशिक्षण देने वाले राज श्रीवास्तव ने बताया कि यहां पर मैनूफैक्चरिंग प्रोसेस कंट्रोल एंड आटोमेशन, मैकेनिक इलेक्ट्रिक व्हैकिल के साथ ही आर्टीशन यूजिंग एंडवांस टूल का प्रशिक्षण दिया जा रहा है। इस ट्रेडों में एमईवी का प्रशिक्षण दो सालों तक हाेगा वहीं अन्य दोनों ट्रेडों के प्रशिक्षण एक साल के लिए होगा।