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तेंदुए के हमले में बालक जख्मी
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धौरहरा/ईसानगर (लखीमपुर खीरी)। खेत में पिता को खाना देने गए किशोर पर तेंदुए ने हमला कर दिया। चीखपुकार सुन खेत मे मौजूद ग्रामीणों के शोर मचाने पर वह जंगल में भाग गया। गंभीर हालत में बच्चे को पीएचसी ईसानगर में भर्ती कराया गया है।
ईसानगर थाना क्षेत्र के गांव बंशीबेली निवासी 13 वर्षीय सोनू गुरुवार को दोपहर में अपने पिता मिश्रीलाल व मां मीना देवी को खेत में खाना देने गया था। सोनू खाना देकर खेत में ही बैठ गया। इसी दौरान गेहूं के खेत मे छिपे तेंदुए ने उस पर हमला कर दिया, चीखें सुनकर पिता मिश्रीलाल और मां मीना देवी शोर मचाने लगे। आवाजें सुनकर आस पास खेतों में गेहूं की कटाई कर रहे ग्रामीण लाठी-डंडे लेकर तेंदुए की ओर दौड़ पड़े। हमलावर तेंदुआ सोनू को जख्मी हालत में छोड़कर भाग गया। तेंदुए ने सोनू के चेहरे, पैर और पेट में गहरे जख्म कर दिए। बच्चे की गंभीर हालत को देखते हुए उसे प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ईसानगर में भर्ती कराया गया, जहां उसका इलाज चल रहा है। ग्रामीणों में दहशत है।
बेटे को बचाने के लिए तेंदुए से भिड़ गए माता-पिता
अपने बेटे को मौत के मुंह में जाता देख सोनू के माता-पिता तेंदुए से भिड़ गए। मौके पर मौजूद खेत में काम कर रहे ग्रामीणों ने बताया जब उन्होंने चिल्लाने की आवाज सुनी तो उसकी तरफ दौड़े। जब वहां का नजारा देखा तो उन लोगो के होश उड़ गए। तेंदुआ सोनू को अपनी तरफ खींच रहा था और सोनू के माता पिता उसे अपनी तरफ खींच रहे थे। मां-बाप के साहस ने ही आज उनके बेटे की जान बच सकी।
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तेंदुए के हमले में कई लोगों की जा चुकी है जान
गनापुर बीट के आसपास के गांवों में तेंदुए की आमद से लोग दहशत में हैं। इससे पहले तेंदुआ कई मवेशियों सहित एक बच्ची को मार चुका है। लोगों ने वन विभाग से तेंदुए के आतंक से निजात दिलाने की मांग की है।
सूचना मिलते ही बीट के आरक्षियों को मौके पर भेजा गया है। तेंदुआ है या कोई हिंसक पशु इसकी जानकारी के लिए पगमार्क की पहचान कराई जा रही है।
-अनिल शाह, वन क्षेत्राधिकारी, धौरहरा
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ईसानगर थाना क्षेत्र के गांव बंशीबेली निवासी 13 वर्षीय सोनू गुरुवार को दोपहर में अपने पिता मिश्रीलाल व मां मीना देवी को खेत में खाना देने गया था। सोनू खाना देकर खेत में ही बैठ गया। इसी दौरान गेहूं के खेत मे छिपे तेंदुए ने उस पर हमला कर दिया, चीखें सुनकर पिता मिश्रीलाल और मां मीना देवी शोर मचाने लगे। आवाजें सुनकर आस पास खेतों में गेहूं की कटाई कर रहे ग्रामीण लाठी-डंडे लेकर तेंदुए की ओर दौड़ पड़े। हमलावर तेंदुआ सोनू को जख्मी हालत में छोड़कर भाग गया। तेंदुए ने सोनू के चेहरे, पैर और पेट में गहरे जख्म कर दिए। बच्चे की गंभीर हालत को देखते हुए उसे प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ईसानगर में भर्ती कराया गया, जहां उसका इलाज चल रहा है। ग्रामीणों में दहशत है।
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बेटे को बचाने के लिए तेंदुए से भिड़ गए माता-पिता
अपने बेटे को मौत के मुंह में जाता देख सोनू के माता-पिता तेंदुए से भिड़ गए। मौके पर मौजूद खेत में काम कर रहे ग्रामीणों ने बताया जब उन्होंने चिल्लाने की आवाज सुनी तो उसकी तरफ दौड़े। जब वहां का नजारा देखा तो उन लोगो के होश उड़ गए। तेंदुआ सोनू को अपनी तरफ खींच रहा था और सोनू के माता पिता उसे अपनी तरफ खींच रहे थे। मां-बाप के साहस ने ही आज उनके बेटे की जान बच सकी।
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तेंदुए के हमले में कई लोगों की जा चुकी है जान
गनापुर बीट के आसपास के गांवों में तेंदुए की आमद से लोग दहशत में हैं। इससे पहले तेंदुआ कई मवेशियों सहित एक बच्ची को मार चुका है। लोगों ने वन विभाग से तेंदुए के आतंक से निजात दिलाने की मांग की है।
सूचना मिलते ही बीट के आरक्षियों को मौके पर भेजा गया है। तेंदुआ है या कोई हिंसक पशु इसकी जानकारी के लिए पगमार्क की पहचान कराई जा रही है।
-अनिल शाह, वन क्षेत्राधिकारी, धौरहरा