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बाढ़ पीड़ितों ने जताई जल समाधि लेने की इच्छा
अमर उजाला ब्यूरो निघासन (लखीमपुर खीरी)।
Updated Wed, 20 Jul 2016 11:34 PM IST
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बाढ़ पीड़ित
- फोटो : अमर उजाला
- मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन एसडीएम को सौंपा
रानीगंज बंधा फटने से बर्बाद हुए बाढ़ पीड़ितों ने मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन एसडीएम को सौंपकर गुरुवार को जल समाधि लेने की इच्छा जताई है। उधर, एसडीएम ने सभी को आश्वस्त किया है कि प्रशासन उनकी मदद करने को तैयार है। इसके अलावा उनकी समस्याओं को उच्चाधिकारियों तक पहुंचाया जा रहा है।
हर साल तबाही का दंश झेल रहे बाढ़ पीड़ितों को जब सरकारी इमदाद नहीं मिली तो बर्बादी से निजात पाने के लिए ग्राम पंचायत लुधौरी और आसपास के बाढ़ पीड़ितों ने श्रमदान कर रानीगंज के घाघी नाले पर कच्चा बांध बनाकर तैयार किया था। साथ ही प्रशासनिक अधिकारियों, सिंचाई विभाग और बाढ़ खंड अधिकारियों को तैयार कराए गए बंधे को मजबूत कराने की मांग की थी, लेकिन बाढ़ पीड़ितों के इस दर्द को किसी अधिकारी और जनप्रतिनिधि ने नहीं समझा, नतीजतन शारदा नदी के उफनाने से जब घाघी नाले पर पानी का दबाव बना तो मंगलवार की सुबह बंधा टूट गया, जिससे सैकड़ों गांव जलमग्न हो गए। खून पसीने से तैयार की जा रही गेहूं, धान, मक्का और गन्ने की सैकड़ों एकड़ फसल बर्बाद हो गई। साल भर की कमाई और आशियाना पल भर में नष्ट हो गया। हर साल इस विभीषिका का दंश झेल रहे बाढ़ पीड़ितों का धैर्य जवाब दे गया और प्रशासन से भी उनकी उम्मीद टूट गई है। वजह है कि मंगलवार को जब बंधा टूटा तो मौके पर पहुंचे एसडीएम रामप्रकाश ने तत्काल बंधे को बांधने के निर्देश बाढ़ खंड शारदानगर और सिंचाई विभाग के अधिकारियों को दिए थे, लेकिन 24 घंटे के बाद भी बंधे पर कार्य चालू नहीं किया गया। इससे आहत बाढ़ पीड़ितों ने सामूहिक रूप से जलसमाधि लेने का निर्णय लिया है। बाढ़ पीड़ित अमित सिंह, राजेश, सतनाम सिंह, प्रकाश, हरजिंदर, नरायन, बलविंदर सिंह, कश्मीर सिंह, सतनाम सिंह, सुरजीत सिंह, राजू समेत तमाम बाढ़ पीड़ित तहसील मुख्यालय पहुंचे और मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन एसडीएम रामप्रकाश को सौंपा और उन्हें गुरुवार की सुबह 10 बजे से जलसमाधि के लिए गए निर्णय की जानकारी दी। इससे तहसील प्रशासन में खलबली मच गई है।
इस पुल से बंधे में कूदकर लेंगे समाधि
बाढ़ पीड़ित हीरालाल, विजयपाल, करतार सिंह, सुरजीत सिंह, जगीर सिंह, सतपाल सिंह, बूटा सिंह, भजन सिंह, सुनील आदि ने बताया कि वह अन्य बाढ़ पीड़ितों के साथ लुधौरी-खमरिया मार्ग पर स्थित रानीगंज पुल पर एकत्र होंगे और वहीं से पुल से बंधे में कूदकर एक साथ जलसमाधि लेंगे।
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बाढ़ पीड़ितों ने ज्ञापन दिया है, जिससे डीएम को अवगत करा दिया गया है। ज्ञापन को मुख्यमंत्री जी को भेज रहे हैं। जलसमाधि को रोकने के लिए उचित कार्रवाई की जा रही है।
- रामप्रकाश, एसडीएम-निघासन
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रानीगंज बंधा फटने से बर्बाद हुए बाढ़ पीड़ितों ने मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन एसडीएम को सौंपकर गुरुवार को जल समाधि लेने की इच्छा जताई है। उधर, एसडीएम ने सभी को आश्वस्त किया है कि प्रशासन उनकी मदद करने को तैयार है। इसके अलावा उनकी समस्याओं को उच्चाधिकारियों तक पहुंचाया जा रहा है।
हर साल तबाही का दंश झेल रहे बाढ़ पीड़ितों को जब सरकारी इमदाद नहीं मिली तो बर्बादी से निजात पाने के लिए ग्राम पंचायत लुधौरी और आसपास के बाढ़ पीड़ितों ने श्रमदान कर रानीगंज के घाघी नाले पर कच्चा बांध बनाकर तैयार किया था। साथ ही प्रशासनिक अधिकारियों, सिंचाई विभाग और बाढ़ खंड अधिकारियों को तैयार कराए गए बंधे को मजबूत कराने की मांग की थी, लेकिन बाढ़ पीड़ितों के इस दर्द को किसी अधिकारी और जनप्रतिनिधि ने नहीं समझा, नतीजतन शारदा नदी के उफनाने से जब घाघी नाले पर पानी का दबाव बना तो मंगलवार की सुबह बंधा टूट गया, जिससे सैकड़ों गांव जलमग्न हो गए। खून पसीने से तैयार की जा रही गेहूं, धान, मक्का और गन्ने की सैकड़ों एकड़ फसल बर्बाद हो गई। साल भर की कमाई और आशियाना पल भर में नष्ट हो गया। हर साल इस विभीषिका का दंश झेल रहे बाढ़ पीड़ितों का धैर्य जवाब दे गया और प्रशासन से भी उनकी उम्मीद टूट गई है। वजह है कि मंगलवार को जब बंधा टूटा तो मौके पर पहुंचे एसडीएम रामप्रकाश ने तत्काल बंधे को बांधने के निर्देश बाढ़ खंड शारदानगर और सिंचाई विभाग के अधिकारियों को दिए थे, लेकिन 24 घंटे के बाद भी बंधे पर कार्य चालू नहीं किया गया। इससे आहत बाढ़ पीड़ितों ने सामूहिक रूप से जलसमाधि लेने का निर्णय लिया है। बाढ़ पीड़ित अमित सिंह, राजेश, सतनाम सिंह, प्रकाश, हरजिंदर, नरायन, बलविंदर सिंह, कश्मीर सिंह, सतनाम सिंह, सुरजीत सिंह, राजू समेत तमाम बाढ़ पीड़ित तहसील मुख्यालय पहुंचे और मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन एसडीएम रामप्रकाश को सौंपा और उन्हें गुरुवार की सुबह 10 बजे से जलसमाधि के लिए गए निर्णय की जानकारी दी। इससे तहसील प्रशासन में खलबली मच गई है।
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इस पुल से बंधे में कूदकर लेंगे समाधि
बाढ़ पीड़ित हीरालाल, विजयपाल, करतार सिंह, सुरजीत सिंह, जगीर सिंह, सतपाल सिंह, बूटा सिंह, भजन सिंह, सुनील आदि ने बताया कि वह अन्य बाढ़ पीड़ितों के साथ लुधौरी-खमरिया मार्ग पर स्थित रानीगंज पुल पर एकत्र होंगे और वहीं से पुल से बंधे में कूदकर एक साथ जलसमाधि लेंगे।
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बाढ़ पीड़ितों ने ज्ञापन दिया है, जिससे डीएम को अवगत करा दिया गया है। ज्ञापन को मुख्यमंत्री जी को भेज रहे हैं। जलसमाधि को रोकने के लिए उचित कार्रवाई की जा रही है।
- रामप्रकाश, एसडीएम-निघासन