{"_id":"660717fc52af2c479c042306","slug":"usha-verma-holds-the-record-of-winning-with-maximum-70-percent-votes-lakhimpur-news-c-120-1-lkh1001-116876-2024-03-30","type":"story","status":"publish","title_hn":"Lakhimpur Kheri News: सर्वाधिक 70 फीसदी वोटों से जीतने का रिकॉर्ड ऊषा वर्मा के नाम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Lakhimpur Kheri News: सर्वाधिक 70 फीसदी वोटों से जीतने का रिकॉर्ड ऊषा वर्मा के नाम
विज्ञापन
लखीमपुर खीरी। खीरी लोकसभा सीट से एक मात्र महिला सांसद रहीं ऊषा वर्मा के नाम पर कई रिकॉर्ड दर्ज हैं। ऊषा वर्मा ने लगातार तीन बार सांसद बनकर हैट्रिक लगाई थी। उनके नाम सर्वाधिक 70 फीसदी वोटों से चुनाव जीतने का भी रिकॉर्ड है। वहीं, अब तक सबसे कम फीसदी वोटों से जीतने वाले भाजपा सांसद गेंदनलाल कनौजिया रहे हैं, जो 1996 में मात्र 25.7 फीसदी वोट पाकर जीते थे।
ऊषा वर्मा के पति बालगोविंद वर्मा भी खीरी सीट से तीन बार सांसद रहे थे। 1980 में चुनाव जीते थे, लेकिन शपथ ग्रहण से पहले उनका देहांत हो गया था। इसके बाद 1880 में ही उपचुनाव हुए थे, जिसमें ऊषा वर्मा चुनाव मैदान में उतरीं और 47.8 फीसदी वोट पाकर इस सीट की पहली महिला सांसद बनीं। वर्ष 1984 के चुनाव में अब तक के सर्वाधिक 70.4 फीसदी वोट से चुनाव जीता। वर्ष 1989 में 37.7 फीसदी वोट पाकर सांसद बनी थी। इसके बाद 1991 में भारतीय जनता पार्टी के गेंदनलाल कनौजिया ने इनको हरा दिया था।
-- -- -- -- -
वर्ष- सांसद का नाम- मतदान फीसदी
1952-रामेश्वर प्रसाद नेवटिया- 26.3
1957-खुशवक्त राय- 45.2
1962- बाल गोविंद वर्मा- 44.9
1967.बाल गोविंद वर्मा- 32.2
1971- बाल गोविंद वर्मा- 67.2
1977- एसबी सिंह- 59.0
1980- बाल गोविंद वर्मा- 47.8 (शपथ ग्रहण से पहले देहांत हो गया था)
1980- ऊषा वर्मा- 47.8 (उप चुनाव)
1984- ऊषा वर्मा- 70.4
1989- ऊषा वर्मा- 37.4
1991- गेंदनलाल कनौजिया-31.7
1996- गेंदनलाल कनौजिया- 25.7
1998- रवि प्रकाश वर्मा- 36.2
1999-रवि प्रकाश वर्मा- 28.2
2004- रवि प्रकाश वर्मा- 31.8
2009- जफर अली नकवी- 26.1
2014- अजय मिश्र टेनी- 37.0
2019- अजय मिश्र टेनी- 53.6
-- -- -- -- -- -- -- -- -
खीरी-शाहजहांपुर सीट के पहले सांसद बने थे रामेश्वर प्रसाद
खीरी-शाहजहांपुर लोकसभा सीट पर सांसद का पहला चुनाव 1952 में हुआ था। पहले सांसद रामेश्वर प्रसाद चुने गए थे। उस दौरान इस सीट का 59.9 फीसदी मतदान हुआ था।
विज्ञापन
विज्ञापन
ऊषा वर्मा के पति बालगोविंद वर्मा भी खीरी सीट से तीन बार सांसद रहे थे। 1980 में चुनाव जीते थे, लेकिन शपथ ग्रहण से पहले उनका देहांत हो गया था। इसके बाद 1880 में ही उपचुनाव हुए थे, जिसमें ऊषा वर्मा चुनाव मैदान में उतरीं और 47.8 फीसदी वोट पाकर इस सीट की पहली महिला सांसद बनीं। वर्ष 1984 के चुनाव में अब तक के सर्वाधिक 70.4 फीसदी वोट से चुनाव जीता। वर्ष 1989 में 37.7 फीसदी वोट पाकर सांसद बनी थी। इसके बाद 1991 में भारतीय जनता पार्टी के गेंदनलाल कनौजिया ने इनको हरा दिया था।
विज्ञापन
वर्ष- सांसद का नाम- मतदान फीसदी
1952-रामेश्वर प्रसाद नेवटिया- 26.3
1957-खुशवक्त राय- 45.2
1962- बाल गोविंद वर्मा- 44.9
1967.बाल गोविंद वर्मा- 32.2
1971- बाल गोविंद वर्मा- 67.2
1977- एसबी सिंह- 59.0
1980- बाल गोविंद वर्मा- 47.8 (शपथ ग्रहण से पहले देहांत हो गया था)
1980- ऊषा वर्मा- 47.8 (उप चुनाव)
1984- ऊषा वर्मा- 70.4
1989- ऊषा वर्मा- 37.4
1991- गेंदनलाल कनौजिया-31.7
1996- गेंदनलाल कनौजिया- 25.7
1998- रवि प्रकाश वर्मा- 36.2
1999-रवि प्रकाश वर्मा- 28.2
2004- रवि प्रकाश वर्मा- 31.8
2009- जफर अली नकवी- 26.1
2014- अजय मिश्र टेनी- 37.0
2019- अजय मिश्र टेनी- 53.6
खीरी-शाहजहांपुर सीट के पहले सांसद बने थे रामेश्वर प्रसाद
खीरी-शाहजहांपुर लोकसभा सीट पर सांसद का पहला चुनाव 1952 में हुआ था। पहले सांसद रामेश्वर प्रसाद चुने गए थे। उस दौरान इस सीट का 59.9 फीसदी मतदान हुआ था।
विज्ञापन