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अमेठी में बाघ दिखने से ग्रामीणों में दहशत
अमर उजाला ब्यूरो सिकंद्रबाद खीरी।
Updated Tue, 13 Dec 2016 11:07 PM IST
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बाघ
- फोटो : अमर उजाला
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सूचना पर पहुंची वन विभाग की टीम
ग्रामीणों के साथ टीम ने की कांबिग
थाना नीमगांव क्षेत्र के गांव अमेठी में सोमवार की शाम गन्ने के खेतों में बाघ को देखे जाने से दहशत व्याप्त हो गई। भयभीत ग्रामीणों ने इसकी सूचना मैगलगंज वन विभाग को सूचना दी। सूचना पर पहुंची टीम ने बाघ के पग मार्क देखे। टीम ने ग्रामीणों के साथ कांबिंग शुरू कर दी है।
सोमवार की शाम गांव अमेठी के कुछ किसान खेतों से काम निपटाकर घर वापस लौट रहे थे। इसी बीच गांव निवासी वसीम बेग के खेत में बाघ दिखाई दिया। इससे किसानों में दहशत व्याप्त हो गई। किसानों ने गांव पहुंचकर बाघ की मौजूदगी की जानकारी शहाब प्रधान को दी। जिस पर शहाब प्रधान कई लोगों के साथ मौके पर पहुंचे और पग मार्क देखने के बाद इसकी सूचना वनविभाग को दी। मंगलवार को मैगलगंज के वनरक्षक उमेश वर्मा, रविकांत वर्मा अपनी टीम के साथ गांव पहुंचे। पग चिह्नों का निरीक्षण कर उनके फोटोग्राफ लेकर विशेषज्ञों को भेजा है। टीम ने ग्रामीणों के साथ कांबिंग शुरू कर दी है। वनरक्षक उमेश वर्मा ने बताया कि बाघ है या तेंदुआ, इसकी पुष्टि के लिए पगमार्क विशेषज्ञों को भेजे गए हैं। फिलहाल ग्रामीणों के साथ कांबिग की जा रही है। उन्होंने बताया कि ग्रामीणों को खेतों की तरफ शौच करने और पशुओं को न ले जाने की हिदायत दी गई है।
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ग्रामीणों के साथ टीम ने की कांबिग
थाना नीमगांव क्षेत्र के गांव अमेठी में सोमवार की शाम गन्ने के खेतों में बाघ को देखे जाने से दहशत व्याप्त हो गई। भयभीत ग्रामीणों ने इसकी सूचना मैगलगंज वन विभाग को सूचना दी। सूचना पर पहुंची टीम ने बाघ के पग मार्क देखे। टीम ने ग्रामीणों के साथ कांबिंग शुरू कर दी है।
सोमवार की शाम गांव अमेठी के कुछ किसान खेतों से काम निपटाकर घर वापस लौट रहे थे। इसी बीच गांव निवासी वसीम बेग के खेत में बाघ दिखाई दिया। इससे किसानों में दहशत व्याप्त हो गई। किसानों ने गांव पहुंचकर बाघ की मौजूदगी की जानकारी शहाब प्रधान को दी। जिस पर शहाब प्रधान कई लोगों के साथ मौके पर पहुंचे और पग मार्क देखने के बाद इसकी सूचना वनविभाग को दी। मंगलवार को मैगलगंज के वनरक्षक उमेश वर्मा, रविकांत वर्मा अपनी टीम के साथ गांव पहुंचे। पग चिह्नों का निरीक्षण कर उनके फोटोग्राफ लेकर विशेषज्ञों को भेजा है। टीम ने ग्रामीणों के साथ कांबिंग शुरू कर दी है। वनरक्षक उमेश वर्मा ने बताया कि बाघ है या तेंदुआ, इसकी पुष्टि के लिए पगमार्क विशेषज्ञों को भेजे गए हैं। फिलहाल ग्रामीणों के साथ कांबिग की जा रही है। उन्होंने बताया कि ग्रामीणों को खेतों की तरफ शौच करने और पशुओं को न ले जाने की हिदायत दी गई है।
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