फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lakhimpur Kheri News ›   The number of vultures started increasing in the Terai

तराई में बढ़ने लगी गिद्धों की संख्या

Wed, 29 Dec 2021 01:43 AM IST
Bareily Bureau बरेली ब्यूरो
Updated Wed, 29 Dec 2021 01:43 AM IST
विज्ञापन
The number of vultures started increasing in the Terai
दुधवा के जंगल में बैठा गिद्धों का झुंड।
बरसों बाद दुधवा में एक साथ दिखा करीब 250 गिद्धों का झुंड
विज्ञापन

बांकेगंज। करीब 20 साल पहले तराई की धरती से उजड़ चुकी गिद्धों की दुनिया एक बार फिर आबाद होने लगी है। रविवार को दुधवा टाइगर रिजर्व जंगल से सटी आबादी से सटे इलाके में एक साथ करीब 250 गिद्धों का झुंड दिखने से वनाधिकारियों और पक्षी प्रेमियों में खुशी की लहर दौड़ गई।
दुधवा नेशनल पार्क के पशु चिकित्सक डॉ. दया शंकर को रविवार की सुबह पलिया के पास बंशीनगर क्षेत्र में एक साथ करीब 250 गिद्धों का झुंड बैठा दिखा। काफी समय बाद एक साथ इतनी बड़ी संख्या में दिखे गिद्धों के झुंड की तस्वीर उन्होंने अपने कैमरे में कैद कर ली। उन्होंने बताया कि बंशीनगर के पास दिखाई दिए गिद्धों में से कुछ हिमालयन बल्चर तो कुछ व्हाइट रंप बल्चर प्रजाति के हैं।
विज्ञापन

डॉ. दया ने बताया कि हालांकि दुधवा के जंगलों के आसपास इससे पहले भी गिद्ध दिखाई पड़े, लेकिन इतनी बड़ी संख्या में गिद्धों का झुंड काफी अरसे के बाद देखने को मिला। उन्होंने बताया कि गिद्धों की गतिविधियों का अध्ययन करने पर सभी स्वस्थ दिखे।
विज्ञापन
विज्ञापन

तराई की धरती पर प्रकृति के सफाई कर्मी कहे जाने वाले गिद्धों की संख्या वर्ष 2000 से घटती चली गई। इसका प्रमुख कारण पशुओं की बीमारी में इस्तेमाल की जाने वाली डाइकलोफिनक नामक दवा रही। डाइकलोफेनिक दवा के इस्तेमाल के बाद मृत हुए पशुओं का मांस खाने से इसका दुष्प्रभाव गिद्धों की प्रजनन दर पर पड़ा और उनकी संख्या में तेजी से गिरावट दर्ज हुई। नजीजतन धीरे-धीरे गिद्ध प्रजाति विलुप्त होने लगी। इसे देखते हुए इंटरनेशनल यूनियन फॉर कंजरवेशन ऑफ नेचर रिर्सोसेज (आईयूसीन ) ने वर्ष 2002 में गिद्धों को विलुप्त प्राय श्रेणी में शामिल कर पशुओं की बीमारी में प्रयोग की जाने वाली डाइक्लोफेनिक नामक दवा पर प्रतिबंध लगा दिया और पूरे तराई क्षेत्र को डाइक्लोफेनिक फ्री जोन घोषित कर दिया। हालांकि इस बीच जंगल के आसपास दस- बीस की संख्या में गिद्ध दिखाई तो दिए लेकिन इतनी बड़ी संख्या में गिद्धों का दिखना इनकी संख्या में बढ़ोतरी का संकेत है।

दुधवा में एक साथ करीब 250 गिद्धों का झुंड दिखने की सूचना मिली है। गिद्घ संरक्षण की दिशा में यह अच्छा संकेत है। वन कर्मियों की टीम गठित कर गिद्धों की निगरानी और उनकी गतिविधियों पर नजर बनाए रखने के निर्देश दिए गए हैं।
- संजय पाठक, मुख्य वन संरक्षक / फील्ड निदेशक, दुधवा टाइगर रिजर्व
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed