PM Kisan Samman Nidhi: योजना का लाभ लेने वाले 1.19 लाख किसान 'लापता', खीरी में हुआ बड़ा फर्जीवाड़ा
प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के लिए 1.58 लाख किसानों ने जब ई-केवाईसी नहीं कराई, तो उनके डाटा के आधार पर जांच कराई गई। जांच में पता चला कि 39 हजार किसान मृतक/अपात्र हो गए हैं, जबकि 1.19 लाख किसानों का पता नहीं चल रहा है।
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लखीमपुर खीरी जिले में प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के लाभार्थियों की ई-केवाईसी प्रक्रिया जारी है, लेकिन इस बीच चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। 1.19 लाख किसानों ने कई माह बाद भी ई-केवाईसी नहीं कराई है। आशंका है कि योजना की शुरुआत में किसान सम्मान निधि में फर्जीवाड़ा कर अपात्रों के नाम बड़े पैमाने पर शामिल कर दिए गए थे। इस कारण अब वह ई-केवाईसी नहीं करा रहे हैं।
केंद्र सरकार ने वर्ष 2019 में किसानों के लिए प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि की शुरुआत की थी। प्रत्येक किसान को प्रति वर्ष छह हजार रुपये (दो-दो हजार की तीन किस्तों में) दिए जाते हैं। इस योजना में जनपद के कुल 6.45 लाख किसानों का पंजीकरण किया गया था, जिन्हें करीब तीन वर्ष तक लाभान्वित किया गया। कोरोना काल (2020-21) में भी हजारों की संख्या में नए किसानों को योजना के तहत पंजीकृत किया गया था।
अब तक 4.87 लाभार्थी वैध पाए गए
पिछले वर्ष 2022 (जून-जुलाई) में सरकार ने पीएम किसान सम्मान निधि प्राप्त कर रहे किसानों की ई-केवाईसी प्रक्रिया प्रारंभ की थी, जिसके बाद से अब तक 4.87 लाख किसान वैध पाए गए हैं। इसमें से 55 हजार किसानों की अभी ई-केवाईसी होना शेष है, जिसके लिए कृषि विभाग द्वारा प्रचार-प्रसार कराया जा रहा है।
वहीं 1.58 लाख किसानों ने जब ई-केवाईसी नहीं कराई, तो उनके डाटा के आधार पर जांच कराई गई। जांच में पता चला कि 39 हजार किसान मृतक/अपात्र हो गए हैं, जबकि 1.19 लाख किसानों का पता नहीं चल रहा है। इनके पते पर इनका निवास नहीं मिला है और जमीन की गाटा संख्या भी फर्जी पाई गई है।
सम्मान निधि की रिकवरी करने में आएंगी अड़चनें
पीएम किसान सम्मान निधि में अपात्र पाए गए किसानों से धनराशि की वसूली किए जाने का प्रावधान है, जिसके आधार पर कई किसानों से धनराशि वापस भी कराई जा चुकी है। जबकि कृषि विभाग के रडार से गायब हुए 1.19 लाख किसानों से धनराशि की वसूली के मामले में विभाग के सामने अड़चनें आ सकती हैं, क्योंकि इनके नाम-पते गड़बड़ पाए गए हैं और न ही जमीन ट्रेस हो पाई है।
ई-केवाईसी कराने वाले किसानों को ही मिलेगी 13वीं किस्त
पीएम किसान सम्मान निधि की 13वीं किस्त किसानों को इसी महीने फरवरी में भेजी जाएगी। इससे कृषि विभाग ने अभी तक ई-केवाईसी न कराने वाले किसानों से शीघ्र ई-केवाईसी कराने के लिए कहा है। कृषि विभाग के मुताबिक 6.45 लाख के सापेक्ष 4.87 लाख किसान वैध मिले हैं, जिसमें से करीब 55 हजार किसानों की ई-केवाईसी होनी है। ई-केवाईसी कराने वाले किसानों के खातों में ही 13वीं किस्त भेजी जाएगी।
ऐसे कराएं ई-केवाईसी
उप कृषि निदेशक अरविंद मोहन मिश्रा ने बताया कि मामले की रिपोर्ट शासन को भेजी गई है। वैध मिले 4.87 लाख किसानों में से 55 हजार किसानों की ई-केवाईसी होना शेष है, जिसके लिए किसानों में प्रचार प्रसार कराया जा रहा है। कॉमन सर्विस सेंटर, लोकवाणी केंद्र या डाकघर के माध्यम से भी किसान ई-केवाईसी करा सकते हैं।