UP: 'जितने दिन डेडबॉडी रखना है रख लो...', लखीमपुर में मृतक के परिजनों पर भड़के सीओ; अखिलेश ने भाजपा को घेरा
लखीमपुर खीरी में गैंगस्टर के आरोपी रामचंद्र की संदिग्ध हालात में मौत हुई थी। परिजनों ने पुलिस पर पिटाई का आरोप लगाया। आरोपी पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई और मुआवजे की मांग को लेकर अंतिम संस्कार करने से इनकार कर दिया। पुलिस अफसर समझाने पहुंचे। इस दौरान सीओ धौरहरा आपा खो बैठे।
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लखीमपुर खीरी के मझगईं थाना क्षेत्र के हुलासीपुरवा गांव निवासी गैंगस्टर रामचंद्र की मौत के मामले ने तूल पकड़ लिया है। सोमवार को रामचंद्र की संदिग्ध हालात में मौत हुई थी। परिजनों ने पुलिस पर पिटाई करने का आरोप लगाया। पोस्टमॉर्टम के बाद शव घर पहुंचा तो नाराज परिजनों व ग्रामीणों ने मंगलवार को पलिया मार्ग पर बाइक और ट्रैक्टर-ट्रॉली खड़ी कर जाम लगाने का प्रयास किया। शव का अंतिम संस्कार करने से इनकार कर दिया। इस पर पुलिस अफसरों और परिजनों के बीच तीखी नोकझोंक हुई।
सीओ धौरहरा पीपी सिंह अपना आपा खो बैठे। उन्होंने मृतक के परिजन से कहा कि न मझगईं थानाध्यक्ष सस्पेंड होगा और न निघासन.. न ही 30 लाख रुपये मुआवजा देंगे। सीओ ने आगे कहा कि जितने दिन रखना है डेड बॉडी को रख लो। हम यहां से जा रहे हैं, जो करना है कर लेना। इसके बाद सीओ समेत सभी पुलिसकर्मी वहां से चले गए। इसका वीडियो वायरल हो रहा है। सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने इस वीडियो को एक्स पर साझा करते हुए भाजपा पर निशाना साधा। सपा मुखिया ने भाजपा को हृदयहीन पार्टी बताया।
पुलिस पर पिटाई का लगाया था आरोप
हुलासीपुरवा गांव निवासी दिनेश कुमार ने आरोप लगया था कि मझगईं थाने और निघासन कोतवाली के पुलिसकर्मी उसके भाई रामचंद्र और उसके एक साथी को थाने ले गए, जहां रामचंद्र को बुरी तरह पीटा। हालत बिगड़ने पर पुलिसकर्मी उसे निघासन सीएचसी में छोड़कर चले गए, जहां मौत हो गई। पोस्टमॉर्टम के बाद बम्हनपुर से शव लेकर हुलासीपुरवा गांव पहुंचे वाहन को ग्रामीणों ने घेर लिया। अधिकारियों के समझाने के बावजूद परिवार वाले अंतिम संस्कार को राजी नहीं थे।
सीओ से पहले इंस्पेक्टर भड़के थे
पहले प्रभारी निरीक्षक मझगईं दयाशंकर द्विवेदी से बहस हुई। इंस्पेक्टर ने कहा था कि पूरे गांव पर हत्या के प्रयास का मुकदमा लिखकर जेल भेजूंगा। इनका वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हुआ। प्रभारी निरीक्षक खुद पर ट्रैक्टर चढ़ाने का आरोप लगाते हुए चालक पर गैंगस्टर की कार्रवाई करने की बात कहते दिखे। रात में परिजनों को समझाने के दौरान सीओ धौरहरा पीपी सिंह भड़क गए। सीओ यह कहते हुए वहां से उठकर चले कि न मुआवजा देंगे और न कोई सस्पेंड होगा। जितने डेड बॉडी करना है रख लो। पूरे घटनाक्रम का वीडियो वायरल हो रहा है।