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तहसीलों की राजस्व अदालतों में बढ़ता जा रहा मुकदमों का बोझ, अफसर काट रहे मौज
सार
राजस्व और चकबंदी विभाग की अदालतों में मुकदमों का अंबार लगा है।संजय कुमार सिंह, एडीएम राजस्व मुकदमों के शीघ्र निस्तारण के लिए मितौली और गोला में एसडीएम न्यायिक की तैनाती की गई है।एडीएम न्यायिक भी वादों की सुनवाई कर निस्तारण कर रहे हैं।
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विस्तार
लखीमपुर खीरी। राजस्व और चकबंदी विभाग की अदालतों में मुकदमों का अंबार लगा है। 30 हजार से अधिक मुकदमे सालों से सुने जा रहे हैं, लेकिन निर्णय नहीं हो पा रहा है। तारीख पर तारीख मिलने के कारण वादी परेशान हो रहे हैं।
राजस्व विभाग में 32593 मुकदमे अगस्त माह के प्रारंभ में लंबित थे, जबकि 2752 मामले पांच साल से अधिक समय से लंबित हैं। अगस्त में ही 2611 नए मुकदमे दायर किए गए हैं। इसमें से 4562 मुकदमे निस्तारित किए गए। चकबंदी विभाग की अदालत में अगस्त माह के प्रारंभ में 4404 वाद लंबित थे, जिसके बाद 620 नए मुकदमे दायर हुए। इस प्रकार दोनों विभागों की अदालतों में कुन 37617 मुकदमे लंबित थे, जिसके सापेक्ष कुल 5056 मुकदमे निस्तारित किए जाने की रिपोर्ट विभाग ने शासन को भेजी है। जबकि सितंबर के प्रारंभ तक कुल 30,026 मुकदमे लंबित बताए गए हैं। इसके अलावा 2837 मुकदमे ऐसे हैं, जो पांच वर्ष से भी अधिक समय से लंबित हैं।
फर्जी-कूटरचित बैनामों के मामले अधिक
राजस्व अदालतों में जमीन से संबंधित मुकदमे दायर किए जाते हैं। सुनवाई डीएम, एडीएम, एसडीएम व तहसीलदार करते हैं। जनपद में जमीनों की खरीद-फरोख्त में फर्जीवाड़े के अधिक मामले पाए गए हैं। फर्जी व कूटरचित अभिलेखों से तैयार बैनामों के सैकड़ों मामलों की सुनवाई चल रही है।
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वकील हड़ताल पर, मुकदमे निस्तारित हो गए
राजस्व विभाग के मुकदमों के निस्तारण की गति बहुत ही धीमी है, जिससे लंबित वादों की लंबी फेहरिस्त है। इसके बावजूद विभाग द्वारा शासन को भेजी जाने वाली रिपोर्ट में मासांत तक निस्तारित वादों की संख्या 30178 दशाई गई है। वहीं चकबंदी विभाग ने भी 3029 वादों के निस्तारण की रिपोर्ट दी है। इस प्रकार दोनों विभागों ने कॉलम सात व आठ में 33207 वादों का निस्तारण कर डाला, जबकि अगस्त माह में वकीलों की हड़ताल के चलते वादों की सुनवाई ही नहीं हुई। हालांकि अगले कॉलम नौ में बताया गया है कि राजस्व विभाग में 28031 और चकबंदी विभाग में 1995 यानी कुल 30026 वाद लंबित है।
अगस्त में वकीलों की हड़ताल के चलते कोर्ट में सुनवाई नहीं हो सकी थी, लेकिन बिना प्रतिरोध वाले मुकदमों का निस्तारण किया गया है। उन्होंने बताया कि दाखिल खारिज जैसे मामले निपटाए गए हैं।
संजय कुमार सिंह, एडीएम
राजस्व मुकदमों के शीघ्र निस्तारण के लिए मितौली और गोला में एसडीएम न्यायिक की तैनाती की गई है। एडीएम न्यायिक भी वादों की सुनवाई कर निस्तारण कर रहे हैं। अभी पांच तहसीलों में एसडीएम न्यायिक तैनात नहीं हैं। फिर भी मुकदमों की सुनवाई कर शीघ्र मामलों का निस्तारण करने के निर्देश दिए गए हैं।
- महेंद्र बहादुर सिंह, डीएम
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राजस्व विभाग में 32593 मुकदमे अगस्त माह के प्रारंभ में लंबित थे, जबकि 2752 मामले पांच साल से अधिक समय से लंबित हैं। अगस्त में ही 2611 नए मुकदमे दायर किए गए हैं। इसमें से 4562 मुकदमे निस्तारित किए गए। चकबंदी विभाग की अदालत में अगस्त माह के प्रारंभ में 4404 वाद लंबित थे, जिसके बाद 620 नए मुकदमे दायर हुए। इस प्रकार दोनों विभागों की अदालतों में कुन 37617 मुकदमे लंबित थे, जिसके सापेक्ष कुल 5056 मुकदमे निस्तारित किए जाने की रिपोर्ट विभाग ने शासन को भेजी है। जबकि सितंबर के प्रारंभ तक कुल 30,026 मुकदमे लंबित बताए गए हैं। इसके अलावा 2837 मुकदमे ऐसे हैं, जो पांच वर्ष से भी अधिक समय से लंबित हैं।
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फर्जी-कूटरचित बैनामों के मामले अधिक
राजस्व अदालतों में जमीन से संबंधित मुकदमे दायर किए जाते हैं। सुनवाई डीएम, एडीएम, एसडीएम व तहसीलदार करते हैं। जनपद में जमीनों की खरीद-फरोख्त में फर्जीवाड़े के अधिक मामले पाए गए हैं। फर्जी व कूटरचित अभिलेखों से तैयार बैनामों के सैकड़ों मामलों की सुनवाई चल रही है।
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वकील हड़ताल पर, मुकदमे निस्तारित हो गए
राजस्व विभाग के मुकदमों के निस्तारण की गति बहुत ही धीमी है, जिससे लंबित वादों की लंबी फेहरिस्त है। इसके बावजूद विभाग द्वारा शासन को भेजी जाने वाली रिपोर्ट में मासांत तक निस्तारित वादों की संख्या 30178 दशाई गई है। वहीं चकबंदी विभाग ने भी 3029 वादों के निस्तारण की रिपोर्ट दी है। इस प्रकार दोनों विभागों ने कॉलम सात व आठ में 33207 वादों का निस्तारण कर डाला, जबकि अगस्त माह में वकीलों की हड़ताल के चलते वादों की सुनवाई ही नहीं हुई। हालांकि अगले कॉलम नौ में बताया गया है कि राजस्व विभाग में 28031 और चकबंदी विभाग में 1995 यानी कुल 30026 वाद लंबित है।
अगस्त में वकीलों की हड़ताल के चलते कोर्ट में सुनवाई नहीं हो सकी थी, लेकिन बिना प्रतिरोध वाले मुकदमों का निस्तारण किया गया है। उन्होंने बताया कि दाखिल खारिज जैसे मामले निपटाए गए हैं।
संजय कुमार सिंह, एडीएम
राजस्व मुकदमों के शीघ्र निस्तारण के लिए मितौली और गोला में एसडीएम न्यायिक की तैनाती की गई है। एडीएम न्यायिक भी वादों की सुनवाई कर निस्तारण कर रहे हैं। अभी पांच तहसीलों में एसडीएम न्यायिक तैनात नहीं हैं। फिर भी मुकदमों की सुनवाई कर शीघ्र मामलों का निस्तारण करने के निर्देश दिए गए हैं।
- महेंद्र बहादुर सिंह, डीएम