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Lakhimpur Kheri News: आईसीयू में ताला... मरीज को इधर-उधर भेजते रहे, हो गई मौत
Tue, 21 Oct 2025 11:20 PM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
Updated Tue, 21 Oct 2025 11:20 PM IST
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लखीमपुर खीरी। मेडिकल कॉलेज के अधीन जिला अस्पताल में रविवार को इलाज न मिलने से मरीज कैलाश की मौत हो गई। वायरल वीडियो के जरिये यह बताने की कोशिश की गई है कि वेंटिलेटर के अभाव में मरीज ने दम तोड़ दिया। वीडियो के मुताबिक जिला अस्पताल के आईसीयू में ताला पड़ा था। इस कारण परिजन मरीज को लेकर भटकते रहे और उसकी जान चली गई।
नीमगांव क्षेत्र के गांव उमरपुर निवासी कृपाली का बेटा कैलाश चंद्र हादसे में घायल हो गए थे। वीडियो के मुताबिक रविवार शाम करीब साढ़े सात बजे परिजन कैलाश को लेकर लेकर जिला अस्पताल पहुंचे। बताया जा रहा है कि वहां ऑक्सीजन की कमी के चलते डाॅक्टरों ने उन्हें आईसीयू में शिफ्ट करने को कहा। परिजन जैसे ही मरीज को लेकर आईसीयू पहुंचे, मगर वहां ताला पड़ा था। जानकारी की तो पता चला कि मरीज न होने के चलते आईसीयू में ताला लगा दिया गया है, जिसके चलते कैलाश को फिर इमरजेंसी में शिफ्ट करने के लिए वापस लाया गया। वहां कुछ ही मिनटों में उसकी मौत हो गई।
कैलाश नौ अक्टूबर को सड़क हादसे में गंभीर रूप से घायल हो गया था। उसे जिला अस्पताल से लखनऊ रेफर कर दिया गया था। लखनऊ में इलाज के बाद चिकित्सकों ने उसे छुट्टी दे दी थी। परिजन कैलाश को घर ले आए थे। अब फिर उसकी हालत खराब हुई तो परिजन उन्हें लेकर जिला अस्पताल पहुंचे थे।
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वर्जन
ऐसी किसी घटना की कोई जानकारी नहीं है। आईसीयू में मरीज को शिफ्ट करने की भी कोई फाइल नहीं आई। बाकी इमरजेंसी में दो वेंटिलेंटर हैं, इसलिए आईसीयू की जरूरत ही नहीं पड़ती। - डॉ. आरके कोली, सीएमएस, जिला अस्पताल
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नीमगांव क्षेत्र के गांव उमरपुर निवासी कृपाली का बेटा कैलाश चंद्र हादसे में घायल हो गए थे। वीडियो के मुताबिक रविवार शाम करीब साढ़े सात बजे परिजन कैलाश को लेकर लेकर जिला अस्पताल पहुंचे। बताया जा रहा है कि वहां ऑक्सीजन की कमी के चलते डाॅक्टरों ने उन्हें आईसीयू में शिफ्ट करने को कहा। परिजन जैसे ही मरीज को लेकर आईसीयू पहुंचे, मगर वहां ताला पड़ा था। जानकारी की तो पता चला कि मरीज न होने के चलते आईसीयू में ताला लगा दिया गया है, जिसके चलते कैलाश को फिर इमरजेंसी में शिफ्ट करने के लिए वापस लाया गया। वहां कुछ ही मिनटों में उसकी मौत हो गई।
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कैलाश नौ अक्टूबर को सड़क हादसे में गंभीर रूप से घायल हो गया था। उसे जिला अस्पताल से लखनऊ रेफर कर दिया गया था। लखनऊ में इलाज के बाद चिकित्सकों ने उसे छुट्टी दे दी थी। परिजन कैलाश को घर ले आए थे। अब फिर उसकी हालत खराब हुई तो परिजन उन्हें लेकर जिला अस्पताल पहुंचे थे।
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ऐसी किसी घटना की कोई जानकारी नहीं है। आईसीयू में मरीज को शिफ्ट करने की भी कोई फाइल नहीं आई। बाकी इमरजेंसी में दो वेंटिलेंटर हैं, इसलिए आईसीयू की जरूरत ही नहीं पड़ती। - डॉ. आरके कोली, सीएमएस, जिला अस्पताल