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अब किशनपुर सेंक्च्युरी में सैलानियों के लिए जिप्सी
बांकेगंज।
Updated Mon, 23 Mar 2015 07:05 PM IST
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किशनपुर सेंक्च्युरी में भी अब सैलानी अपनी गाड़ी से जंगल में भ्रमण नहीं कर सकेंगे। अब यहां पर्यटकों को जंगल और वन्यजीवों का दीदार कराने को दुधवा नेशनल पार्क की ओर से जिप्सी उपलब्ध रहेगी। इनका किराया पर्यटकों को भरना होगा। दुधवा नेशनल पार्क में यह व्यवस्था पहले से ही लागू है।
दुधवा नेशनल पार्क के बाद अब किशनपुर सेंक्च्युरी में भी सैलानियों के लिए अपने वाहनों से जंगल भ्रमण पर प्रतिबंध लगा दिया गया है। ऐसा वन्य जीवों के प्राकृतिक आवास में खलल को कम करने के लिए किया गया है। रेंजर वीसी तिवारी ने बताया कि किशनपुर सेंक्च्युरी के कटैया प्रवेशद्वार पर पांच टैक्सी पर्यटकों के लिए हर समय उपलब्ध रहेंगी। इसके एक चक्कर के लिए सैलानियों को 1200 सौ रुपया अदा करने होंगे। इसके अलावा व्यवसायिक कैमरा इस्तेमाल करने के लिए प्रति भ्रमण पांच हजार रुपया अदा करना होगा। पर्यटकों के लिए किशनपुर सेंक्च्युरी को और अधिक आकर्षक एवं सुविधा संपन्न बनाया गया है।
बता दें कि दुधवा नेशनल की तरह किशनपुर सेंक्च्युरी में बड़ी संख्या में बारहसिंघा, चीतल, पाढ़ा, काकड़ आदि पाए जाते है। इनके अलावा बाघ, तेंदुआ, भालू भी यहां देखने को मिल जाते हैं। सर्दियों के मौसम में झादीताल में बड़ी संख्या में रंग-बिरंगे प्रवासी पक्षी भी आते है इसलिए पर्यटकों का आकर्षण किशनपुर सेंक्च्युरी की तरफ बढ़ा है।
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दुधवा नेशनल पार्क के बाद अब किशनपुर सेंक्च्युरी में भी सैलानियों के लिए अपने वाहनों से जंगल भ्रमण पर प्रतिबंध लगा दिया गया है। ऐसा वन्य जीवों के प्राकृतिक आवास में खलल को कम करने के लिए किया गया है। रेंजर वीसी तिवारी ने बताया कि किशनपुर सेंक्च्युरी के कटैया प्रवेशद्वार पर पांच टैक्सी पर्यटकों के लिए हर समय उपलब्ध रहेंगी। इसके एक चक्कर के लिए सैलानियों को 1200 सौ रुपया अदा करने होंगे। इसके अलावा व्यवसायिक कैमरा इस्तेमाल करने के लिए प्रति भ्रमण पांच हजार रुपया अदा करना होगा। पर्यटकों के लिए किशनपुर सेंक्च्युरी को और अधिक आकर्षक एवं सुविधा संपन्न बनाया गया है।
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बता दें कि दुधवा नेशनल की तरह किशनपुर सेंक्च्युरी में बड़ी संख्या में बारहसिंघा, चीतल, पाढ़ा, काकड़ आदि पाए जाते है। इनके अलावा बाघ, तेंदुआ, भालू भी यहां देखने को मिल जाते हैं। सर्दियों के मौसम में झादीताल में बड़ी संख्या में रंग-बिरंगे प्रवासी पक्षी भी आते है इसलिए पर्यटकों का आकर्षण किशनपुर सेंक्च्युरी की तरफ बढ़ा है।
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