फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lakhimpur Kheri News ›   Four houses fell due to erosion of Sharda river in lakhimpur kheri

शारदा का कहर: लखीमपुर खीरी के गांव नयापुरवा में चार मकान नदी में समाए, कई परिवारों के सामने संकट

Thu, 03 Aug 2023 06:52 PM IST
मुकेश कुमार संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी Published by: मुकेश कुमार Updated Thu, 03 Aug 2023 06:52 PM IST
सार

कटान से बेघर हुए पीड़ित परिवार खुले आसमान के नीचे रहने को मजबूर हैं। इन लोगों का जो थोड़ा बहुत सामान बचा है उसे लेकर धूप और बरसात में गुजारा कर रहे हैं। 

विज्ञापन
Four houses fell due to erosion of Sharda river in lakhimpur kheri
शारदा नदी में समाए कई घर - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

लखीमपुर खीरी में तहसील गोला और ब्लाक बिजुआ की ग्राम पंचायत करसौर के मजरा नयापुरवा में उफनाई शारदा नदी का तांडव जारी है। बुधवार शाम से लेकर बृहस्पतिवार दोपहर तक चार और मकान कटान की भेंट चढ़ गए। कटान पीड़ितों को अभी तक प्रशासन से कोई भी राहत नहीं दी गई है। 

विज्ञापन


कटान से बेघर हुए पीड़ित परिवार खुले आसमान के नीचे रहने को मजबूर हैं। इन लोगों का जो थोड़ा बहुत सामान बचा है उसे लेकर धूप और बरसात में गुजारा कर रहे हैं। सामान की चोरी होने की भी आशंका भी उन्हें सता रही है। उनके पास बनाने खाने के लिए राशन और ईंधन भी नहीं बचा है। 
विज्ञापन


ये भी पढ़ें- युवती पर बनाया धर्मांतरण का दबाव: शादी के बाद भी हरकतों से बाज नहीं आया शोहदा, सरेराह की ये करतूत
विज्ञापन
विज्ञापन


प्रशासन सिर्फ राहत पहुंचाने का आश्वासन दे रहा है। हल्का लेखपाल अविनाश मिश्रा ने बताया कि जया भादुरी पत्नी राम सागर, बबलू पुत्र राम सागर, ओम प्रकाश पुत्र मुरली, रामपाल पुत्र छोटेलाल के मकान शारदी नदी में कट गए हैं। इन लोगों की सूची बनाकर प्रशासन को भेज दी गई है।

बझेड़ा में तटबंध मरम्मत का काम जारी

ब्लॉक बिजुआ की ग्राम पंचायत कुंवरपुर कलां के मजरा बझेड़ा में पिछले दिनों हुए कटान को देखते हुए तटबंध मरम्मत का कार्य लगातार चल रहा है। जहां मरम्मत का कार्य हुआ है, वहां नई मिट्टी होने के कारण धंस गई है। मजदूर तटबंध मजबूत करने में लगे हैं। 950 मीटर तटबंध की निगरानी जारी है। जहां से भी बांध कमजोर होने की आशंका दिखाई देती है, वहां पर सामग्री लगाकर बांध को मजबूत किया जा रहा है। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed