{"_id":"6133b7df8ebc3e7a24043816","slug":"district-hospital-lakhimpur-news-bly458540469","type":"story","status":"publish","title_hn":"रहें सावधान, मौसमी बीमारियां पसार रहीं पांव","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
रहें सावधान, मौसमी बीमारियां पसार रहीं पांव
विज्ञापन
जिला अस्पताल की ओपीडी में दिखाने को लगी भीड़। संवाद
- फोटो : LAKHIMPUR
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
लखीमपुर खीरी। मौसम में बदलाव होने से बीमारियों ने पांव पसारना शुरू कर दिया है। इससे जिला अस्पताल में दिन पर दिन मरीजों की संख्या बढ़ रही है। शनिवार को 1190 नए पर्चे बने। जबकि इतनी ही संख्या में पुराने पर्चो पर मरीज देखे गए।
सुबह पर्चा बनवाने से लेकर दोपहर दो बजे तक डॉक्टरों को दिखाकर दवा लेने तक मारामारी मची रही। अस्पताल में दवा लेने आए मरीजों में सबसे ज्यादा लोग सर्दी, जुकाम और बुखार से पीड़ित थे।
बरसात का मौसम बीमारियों का घर है, क्योंकि इस दौरान बारिश होने से जलभराव होता है और दिन में कई कई बार मौसम भी बदलता है। कभी तेज धूप होती है तो कभी बारिश। ऐसे में मौसम भी ठंडा और गर्म रहता है। जो बीमारियों का कारण बनता है। डॉक्टरों का कहना है कि मौसम का बदलाव ही बीमारियों की जड़ है। जरा सी लापरवाही बीमार कर सकती है। इस कारण अस्पताल में पिछले कुछ दिनों से निरंतर भीड़ बढ़ रही है।
विज्ञापन
-
बदलते मौसम में रहें सावधान
यह मौसम बेहद सावधानी बरतने का है। घर के आस पास पानी न एकत्र होने दें। रात में मच्छरदानी का प्रयोग करें। एसी का परहेज करें। जब भी धूप से घर पहुंचे तो तत्काल पानी न पियें। बदलते मौसम के कारण वायरल फीवर व डेंगू चल रहा है। अगर थोड़ी सी लापरवाही बरती तो बीमार हो सकते हैं। बुखार आने पर तत्काल चिकित्सक को दिखाकर इलाज कराएं। अगर पांच दिन बाद भी बुखार नहीं जाता है तो डेंगू की जांच कराएं।
- डॉ. आरएस मधौरिया, फिजीशियन, जिला अस्पताल
.............
मौसम का बदलाव बीमारियों का कारण बन रहा है। इससे पिछले कुछ दिनों से अस्पताल में मरीज काफी संख्या में आ रहे हैं। मौसमी बीमारियों से निपटने के लिए अस्पताल में चिकित्सक पूरी तरह से सतर्क है।
- डॉ. सीएस सिंह, प्रभारी सीएमएस, जिला अस्पताल
विज्ञापन
सुबह पर्चा बनवाने से लेकर दोपहर दो बजे तक डॉक्टरों को दिखाकर दवा लेने तक मारामारी मची रही। अस्पताल में दवा लेने आए मरीजों में सबसे ज्यादा लोग सर्दी, जुकाम और बुखार से पीड़ित थे।
विज्ञापन
बरसात का मौसम बीमारियों का घर है, क्योंकि इस दौरान बारिश होने से जलभराव होता है और दिन में कई कई बार मौसम भी बदलता है। कभी तेज धूप होती है तो कभी बारिश। ऐसे में मौसम भी ठंडा और गर्म रहता है। जो बीमारियों का कारण बनता है। डॉक्टरों का कहना है कि मौसम का बदलाव ही बीमारियों की जड़ है। जरा सी लापरवाही बीमार कर सकती है। इस कारण अस्पताल में पिछले कुछ दिनों से निरंतर भीड़ बढ़ रही है।
विज्ञापन
-
बदलते मौसम में रहें सावधान
यह मौसम बेहद सावधानी बरतने का है। घर के आस पास पानी न एकत्र होने दें। रात में मच्छरदानी का प्रयोग करें। एसी का परहेज करें। जब भी धूप से घर पहुंचे तो तत्काल पानी न पियें। बदलते मौसम के कारण वायरल फीवर व डेंगू चल रहा है। अगर थोड़ी सी लापरवाही बरती तो बीमार हो सकते हैं। बुखार आने पर तत्काल चिकित्सक को दिखाकर इलाज कराएं। अगर पांच दिन बाद भी बुखार नहीं जाता है तो डेंगू की जांच कराएं।
- डॉ. आरएस मधौरिया, फिजीशियन, जिला अस्पताल
.............
मौसम का बदलाव बीमारियों का कारण बन रहा है। इससे पिछले कुछ दिनों से अस्पताल में मरीज काफी संख्या में आ रहे हैं। मौसमी बीमारियों से निपटने के लिए अस्पताल में चिकित्सक पूरी तरह से सतर्क है।
- डॉ. सीएस सिंह, प्रभारी सीएमएस, जिला अस्पताल