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निरीक्षण के दौरान डीआईओएस बने शिक्षक, परखा शिक्षण कार्य
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लखीमपुर खीरी। मिशन पहचान के तहत डीआईओएस ने मंगलवार को जिला पंचायत इंटर कॉलेज निघासन, राजकीय हाईस्कूल नौरंगाबाद एवं राजकीय हाईस्कूल नौबना का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान डीआईओएस ने शिक्षक बनकर विद्यार्थियों को रटने के बजाय समझने के लिए प्रेरित किया।
डीआईओएस ओपी त्रिपाठी सबसे पहले जिला पंचायत इंटर कॉलेज निघासन पहुंचे। 2550 में 486 छात्र उपस्थिति मिले। इस पर नाराजगी जताकर छात्र संख्या बढ़ाने के निर्देश दिए। क्लास में जाकर छात्रों से अंग्रेजी शब्दों को लेकर सवाल किए। कक्षा 12 में नागरिक शास्त्र की क्लास में छात्रों से शिक्षा का अधिकार कानून संविधान के किस अनुच्छेद में है, का सवाल किया। मगर, छात्र जवाब नहीं दे पाए। इसके बाद मिशन पहचान परीक्षा के मूल्यांकन कार्य का निरीक्षण किया। इसमें ओएमआर शीट में गलती मिलने पर शिक्षक को कठोर चेतावनी दी। राजकीय हाईस्कूल नौरंगाबाद में उपस्थिति पंजिका में एक और तीन जनवरी को एक छात्र की उपस्थिति नहीं मिली। स्टाफ की ओर से अघोषित अवकाश मिलने पर विद्यालय स्टाफ पर कार्रवाई करने को कहा।
राजकीय हाईस्कूल नौबना में नामांकित 120 में 51 बच्चे उपस्थित मिले। डीआईओएस ने शिक्षिकाओं को बच्चों विषयों की जानकारी देने के निर्देश दिए। डीआईओएस ने विद्यालय स्टाफ संग बैठक कर कहा कि रटाने के बजाय छात्रों में समझने की प्रवृत्ति विकसित करें, जिससे बच्चे सीखने की प्रक्रिया में अपने को सहभागी समझे। डीआईओएस ओपी त्रिपाठी ने बताया कि औचक निरीक्षण में एक विद्यालय में छात्र संख्या कम मिली तो वहीं दूसरी जगह अघोषित अवकाश मिला। इस पर प्रधानाचार्यों से स्पष्टीकरण तलब किया गया है।
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डीआईओएस ओपी त्रिपाठी सबसे पहले जिला पंचायत इंटर कॉलेज निघासन पहुंचे। 2550 में 486 छात्र उपस्थिति मिले। इस पर नाराजगी जताकर छात्र संख्या बढ़ाने के निर्देश दिए। क्लास में जाकर छात्रों से अंग्रेजी शब्दों को लेकर सवाल किए। कक्षा 12 में नागरिक शास्त्र की क्लास में छात्रों से शिक्षा का अधिकार कानून संविधान के किस अनुच्छेद में है, का सवाल किया। मगर, छात्र जवाब नहीं दे पाए। इसके बाद मिशन पहचान परीक्षा के मूल्यांकन कार्य का निरीक्षण किया। इसमें ओएमआर शीट में गलती मिलने पर शिक्षक को कठोर चेतावनी दी। राजकीय हाईस्कूल नौरंगाबाद में उपस्थिति पंजिका में एक और तीन जनवरी को एक छात्र की उपस्थिति नहीं मिली। स्टाफ की ओर से अघोषित अवकाश मिलने पर विद्यालय स्टाफ पर कार्रवाई करने को कहा।
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राजकीय हाईस्कूल नौबना में नामांकित 120 में 51 बच्चे उपस्थित मिले। डीआईओएस ने शिक्षिकाओं को बच्चों विषयों की जानकारी देने के निर्देश दिए। डीआईओएस ने विद्यालय स्टाफ संग बैठक कर कहा कि रटाने के बजाय छात्रों में समझने की प्रवृत्ति विकसित करें, जिससे बच्चे सीखने की प्रक्रिया में अपने को सहभागी समझे। डीआईओएस ओपी त्रिपाठी ने बताया कि औचक निरीक्षण में एक विद्यालय में छात्र संख्या कम मिली तो वहीं दूसरी जगह अघोषित अवकाश मिला। इस पर प्रधानाचार्यों से स्पष्टीकरण तलब किया गया है।
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