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चारपाई के नीचे मगरमच्छ... ऊपर ग्रामीण: रात में हुई अजीब हलचल तो घर में मच गई चीख-पुकार, लोगों की उड़ी नींद

Sun, 03 Sep 2023 06:18 PM IST
मुकेश कुमार संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी Published by: मुकेश कुमार Updated Sun, 03 Sep 2023 06:18 PM IST
सार

पिछले दिनों बिजुआ क्षेत्र के एक गांव में मगरमच्छ रात भर चारपाई के नीचे बैठा रहा। इस बार मजरा मुराउनपुरवा के एक घर में मगरमच्छ घुसकर चारपाई के नीचे पहुंच गया, जिसे देख परिवार में चीख-पुकार मच गई। 

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Crocodile reached under the cot inside the house in lakhimpur kheri
ग्रामीण के घर में मगरमच्छ - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

लखीमपुर खीरी में जंगल से सटे इलाकों में बाघ और तेंदुआ ही नहीं मगरमच्छ भी ग्रामीणों के लिए मुसीबत बने हुए हैं। मगरमच्छ आबादी के करीब तालाबों में पहुंच रहे हैं और तालाबों से निकल घरों तक। थाना खमरिया क्षेत्र की ग्राम पंचायत मूसेपुर के मजरा मुराउनपुरवा में तालाब से निकलकर एक मगरमच्छ शनिवार रात करीब 10 बजे ग्रामीण के घर में चारपाई के नीचे पहुंच गया, जिससे ग्रामीणों की नींद उड़ गई। 

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ग्रामीण पुत्तीलाल रात में चारपाई पर लेटा हुआ था। तभी उसे अजीब हलचल महसूस हुई। उसने चारपाई के नीचे देखा कि विशालकाय मगरमच्छ चारपाई के नीचे था। पुत्तीलाल डर कर घर से भाग खड़ा हुआ। घर में चीख-पुकार मच गई। ग्रामीण इकट्ठा हो गए। रेंजर धौरहरा को फोन पर जानकारी दी। जानकारी मिलने पर वन क्षेत्राधिकारी नृपेंद्र चतुर्वेदी ने टीम को भेज कर ग्रामीणों की मदद से मगरमच्छ को रेस्क्यू कर लिया। वन विभाग की टीम मगरमच्छ को पकड़ कर ले गई। लेकिन ग्रामीणों में दहशत बनी हुई है। 

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यहां रातभर चारपाई के नीचे रहा मगरमच्छ 

अगस्त माह के पहले सप्ताह में बिजुआ ब्लॉक के एक गांव में मगरमच्छ गांव के अंदर घुस आया था। मगरमच्छ रातभर युवक की चारपाई के नीचे बैठा रहा। सुबह जब वह जागा तो चारपाई के नीचे मगरमच्छ को देख उसके होश फाख्ता हो गए। वन विभाग की टीम ने मगरमच्छ को पकड़कर जंगल में छोड़ा था। 

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सबसे ज्यादा निघासन प्रभावित

जिले में मगरमच्छ के हमलों में ग्रामीणों की जान भी जा चुकी है। मगरमच्छ के हमले में सबसे ज्यादा मौतें निघासन तहसील क्षेत्र में हुई हैं। यहां पिछले पांच साल में छह लोगों की मौत हो चुकी है। कई पशु भी मगरमच्छ का निवाला बने हैं।

1. वर्ष 2017-मसुरहा निवासी जगदीश को मगरमच्छ ने निवाला बनाया।
2. वर्ष 2018- सिन्हौना गांव निवासी जगमोहन को जौरहा नदी में मगरमच्छ ने बनाया निवाला।
3. वर्ष 2021- बैलहा निवासी रामतीरथ को मगरमच्छ ने नाले में मार डाला।
4. वर्ष 2021-मसुरहा निवासी संदीप को मगरमच्छ ने सरयू नदी में निवाला बनाया।
5. अगस्त 2023-मसुरहा निवासी 60 वर्षीय लालजी को सरयू नदी में मगरमच्छ ने निवाला बनाया।
6. अगस्त 2023-नौरंगाबाद फार्म निवासी 45 वर्षीय राम विलास की मगरमच्छ हमले में मौत

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