{"_id":"613e3e008ebc3eae394dd3aa","slug":"could-not-nominate-block-chief-now-eyes-on-the-assembly-lakhimpur-news-bly459359443","type":"story","status":"publish","title_hn":"ब्लॉक प्रमुख का नामांकन न कर सकीं...अब निगाहें विधानसभा पर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
ब्लॉक प्रमुख का नामांकन न कर सकीं...अब निगाहें विधानसभा पर
सार
पसगवां कांड की पीड़ित रितु सिंह के सपा से कांग्रेस में जाने पर राजनीतिक सरगर्मियां तेज
विज्ञापन
प्रहलाद पटेल ने रितु सिंह के घर पहुंचकर उन्हे सम्मानित किया।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, बरेली
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
कांग्रेस की टीम ने घर पहुंचकर किया स्वागत
विज्ञापन
लखीमपुर खीरी। पसगवां में राजनीतिक हिंसा की शिकार सपा प्रत्याशी रितु सिंह ब्लाक प्रमुख पद के लिए नामांकन तो न कर सकीं। अब कांग्रेस में शामिल होते ही उनकी निगाह विधायकी पर है। उन्होंने मोहम्मदी विधानसभा क्षेत्र से चुनाव लड़ने की इच्छा जताई है।
तीन-चार महीने पहले तक रितु सिंह कोई ऐसा नाम नहीं था, जिसकी राजनीति में कोई खास चर्चा हो। लेकिन चुनावी संघर्ष में डटकर मुकाबला करने के कारण आज वह सुर्खियों में हैं। महिला सम्मान की लड़ाई में पहले सपा ने उन्हें अपना चेहरा बनाया। अब कांग्रेस के नेता उन्हें हाथोंहाथ लिए हैं। रविवार को कांग्रेस जिलाध्यक्ष प्रहलाद पटेल ने सेमराजानीपुर गांव स्थित रितु सिंह के घर पर फूल मालाओं से उनका स्वागत किया और कांग्रेस की तरफ से उनका केस लड़ने की बात कही। ब्लॉक अध्यक्ष पसगवां सुशील शुक्ला ने रितु सिंह को कांग्रेस पार्टी का झंडा भेंट किया। इस दौरान इस दौरान जिला उपाध्यक्ष सहजेंद्र दीक्षित ,जिला अध्यक्ष पिछड़ा वर्ग रामकुमार वर्मा , नीतीश खन्ना,जिला महासचिव प्रेम कुमार वर्मा, ब्लॉक अध्यक्ष मोहम्मदी सत्य बंधु गौड, यतीश चंद्र शुक्ला, श्रीमती शिप्रा खरे ,अनिल कुमार गुप्ता आदि मौजूद रहे।
रितु सिंह के कांग्रेस में जाते ही जिले में राजनीतिक सरगर्मियां तेज हो गईं हैं। कांग्रेसी इसे अपना बढ़ता प्रभाव मान रहे हैं। वहीं सपा अपना बचाव करती घूम रही है। क्योंकि पसगवां कांड में आरोपियों की गिरफ्तारी के लिये सपा ने हर तहसील में जोरदार प्रदर्शन किया था। बावजूद इसके उनकी कार्यकर्ता ने कांग्रेस का दामन थाम लिया। इस मुद्दे पर रितु सिंह का कहना है कि समाजवादी पार्टी उनके सम्मान की लड़ाई बेहतर नहीं लड़ पाई। न तो उनका लूटा गया जेवर बरामद करवा पाई और न ही सभी आरोपियों को गिरफ्तार करवा पाई।
विज्ञापन
आरोप यह भी लगाया कि भाजपा के बड़े नेताओं से मामला जुड़ा होने के नाते स्थानीय स्तर पर इसे मैनेज कर लिया गया।
तीन-चार महीने पहले तक रितु सिंह कोई ऐसा नाम नहीं था, जिसकी राजनीति में कोई खास चर्चा हो। लेकिन चुनावी संघर्ष में डटकर मुकाबला करने के कारण आज वह सुर्खियों में हैं। महिला सम्मान की लड़ाई में पहले सपा ने उन्हें अपना चेहरा बनाया। अब कांग्रेस के नेता उन्हें हाथोंहाथ लिए हैं। रविवार को कांग्रेस जिलाध्यक्ष प्रहलाद पटेल ने सेमराजानीपुर गांव स्थित रितु सिंह के घर पर फूल मालाओं से उनका स्वागत किया और कांग्रेस की तरफ से उनका केस लड़ने की बात कही। ब्लॉक अध्यक्ष पसगवां सुशील शुक्ला ने रितु सिंह को कांग्रेस पार्टी का झंडा भेंट किया। इस दौरान इस दौरान जिला उपाध्यक्ष सहजेंद्र दीक्षित ,जिला अध्यक्ष पिछड़ा वर्ग रामकुमार वर्मा , नीतीश खन्ना,जिला महासचिव प्रेम कुमार वर्मा, ब्लॉक अध्यक्ष मोहम्मदी सत्य बंधु गौड, यतीश चंद्र शुक्ला, श्रीमती शिप्रा खरे ,अनिल कुमार गुप्ता आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
रितु सिंह के कांग्रेस में जाते ही जिले में राजनीतिक सरगर्मियां तेज हो गईं हैं। कांग्रेसी इसे अपना बढ़ता प्रभाव मान रहे हैं। वहीं सपा अपना बचाव करती घूम रही है। क्योंकि पसगवां कांड में आरोपियों की गिरफ्तारी के लिये सपा ने हर तहसील में जोरदार प्रदर्शन किया था। बावजूद इसके उनकी कार्यकर्ता ने कांग्रेस का दामन थाम लिया। इस मुद्दे पर रितु सिंह का कहना है कि समाजवादी पार्टी उनके सम्मान की लड़ाई बेहतर नहीं लड़ पाई। न तो उनका लूटा गया जेवर बरामद करवा पाई और न ही सभी आरोपियों को गिरफ्तार करवा पाई।
विज्ञापन
आरोप यह भी लगाया कि भाजपा के बड़े नेताओं से मामला जुड़ा होने के नाते स्थानीय स्तर पर इसे मैनेज कर लिया गया।