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तीन चीनी मिलें कर रहीं गन्ने की पेराई, छह बंद
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लखीमपुर खीरी। गन्ना पेराई सत्र 2020-21 समापन की ओर बढ़ चला है। जनपद की नौ चीनी मिलों में से छह मिलें गोला, पलिया, खंभारखेड़ा, कुंभी, संपूर्णानगर और ऐरा मिल बंद हो चुकी हैं। अब केवल तीन मिलें गुलरिया, अजबापुर और बेलरायां ही गन्ने की पेराई कर रही हैं, लेकिन यह भी इसी महीने के आखिरी सप्ताह तक बंद हो जाएंगी।
बजाज ग्रुप की तीन मिलें गोला, पलिया और खंभारखेड़ा किसानों को गन्ना मूल्य का भुगतान करने के मामले में अपने पुराने ढर्रे पर कायम हैं, जिससे इन मिलों ने किसानों को अब तक पांच प्रतिशत भी भुगतान नहीं दिया है।
इस बार गन्ने का उत्पादन कम होने से कई चीनी मिलें मार्च 2021 में ही बंद हो गईं थी, जिसके बाद कुछ मिलें अप्रैल में बंद हुईं। पंचायत चुनाव में प्रशासन के व्यस्त होने से चीनी मिलें गन्ना मूल्य का भुगतान करने में हीला-हवाली कर रहीं हैं। बजाज ग्रुप की गोला मिल ने अभी तक 3.59 प्रतिशत गन्ना मूल्य भुगतान किया है, जबकि इस पर चार अरब 91 करोड़ 78 लाख रुपये बकाया हैं।
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इसी ग्रुप की पलिया मिल ने 4.91 प्रतिशत भुगतान किया है, जबकि किसानों का तीन अरब 67 करोड़ 97 लाख रुपये बकाया है। खंभारखेड़ा मिल ने चार प्रतिशत भुगतान किया है, जबकि तीन अरब 15 करोड़ 31 लाख रुपये बकाया है। गोविंद शुगर मिल ऐरा ने 29.51 प्रतिशत भुगतान किया है, जबकि दो अरब 52 करोड़ 57 लाख रुपये बकाया है। ऐसे ही सहकारी क्षेत्र की बेलरायां और संपूर्णानगर मिल भी भुगतान करने में फिसड्डी बनी हुई हैं, जिसमें बेलरायां ने 33.61 प्रतिशत और संपूूर्णानगर ने 26.94 प्रतिशत भुगतान किया है। भुगतान न मिलने से किसानों को आर्थिक संकट का सामना करना पड़ रहा है, जबकि चीनी मिलें और अधिकारी मस्त हैं।
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अजबापुर मिल भुगतान में अव्वल
किसानों को गन्ना मूल्य भुगतान करने के मामले में अजबापुर मिल 98.48 प्रतिशत भुगतान कर सबसे अव्वल बनी हुई है। कुंभी मिल ने 89.35 प्रतिशत और गुलरिया मिल ने 95.19 प्रतिशत गन्ना मूल्य भुगतान किया है।
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भुगतान में देरी से मिलों पर करोड़ों रुपये ब्याज की हुई देनदारी
गन्ना एक्ट के मुताबिक 14 दिन के अंदर किसानों को गन्ना मूल्य भुगतान न करने के चलते चीनी मिलों पर करोड़ों रुपये ब्याज की देनदारी भी हो गई है। गोला मिल पर 12.93 करोड़, पलिया पर 8.71 करोड़, खंभारखेड़ा पर 8.02 करोड़, ऐरा पर 2.39 करोड़, अजबापुर पर 1.53 करोड़, बेलरायां पर 3.11 करोड़, संपूर्णानगर पर 1.09 करोड़, कुंभी पर 45.91 लाख और गुलरिया मिल पर 32.50 लाख रुपये ब्याज का भुगतान किसानों को गन्ना मूल्य के साथ करना होगा।
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बजाज ग्रुप की तीन मिलें गोला, पलिया, खंभारखेड़ा भुगतान में हीला-हवाली कर रहीं हैं, जिसके लिए उन्हें जल्द ही नोटिस जारी की जाएगी। किसानों को भुगतान कराने के लिए तीनों मिलों की चीनी बिक्री की निगरानी की जा रही है। सहकारी क्षेत्र की मिलों को भी जल्द भुगतान करने के निर्देश दिए गए हैं।
-ब्रजेश कुमार पटेल, जिला गन्ना अधिकारी
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बजाज ग्रुप की तीन मिलें गोला, पलिया और खंभारखेड़ा किसानों को गन्ना मूल्य का भुगतान करने के मामले में अपने पुराने ढर्रे पर कायम हैं, जिससे इन मिलों ने किसानों को अब तक पांच प्रतिशत भी भुगतान नहीं दिया है।
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इस बार गन्ने का उत्पादन कम होने से कई चीनी मिलें मार्च 2021 में ही बंद हो गईं थी, जिसके बाद कुछ मिलें अप्रैल में बंद हुईं। पंचायत चुनाव में प्रशासन के व्यस्त होने से चीनी मिलें गन्ना मूल्य का भुगतान करने में हीला-हवाली कर रहीं हैं। बजाज ग्रुप की गोला मिल ने अभी तक 3.59 प्रतिशत गन्ना मूल्य भुगतान किया है, जबकि इस पर चार अरब 91 करोड़ 78 लाख रुपये बकाया हैं।
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इसी ग्रुप की पलिया मिल ने 4.91 प्रतिशत भुगतान किया है, जबकि किसानों का तीन अरब 67 करोड़ 97 लाख रुपये बकाया है। खंभारखेड़ा मिल ने चार प्रतिशत भुगतान किया है, जबकि तीन अरब 15 करोड़ 31 लाख रुपये बकाया है। गोविंद शुगर मिल ऐरा ने 29.51 प्रतिशत भुगतान किया है, जबकि दो अरब 52 करोड़ 57 लाख रुपये बकाया है। ऐसे ही सहकारी क्षेत्र की बेलरायां और संपूर्णानगर मिल भी भुगतान करने में फिसड्डी बनी हुई हैं, जिसमें बेलरायां ने 33.61 प्रतिशत और संपूूर्णानगर ने 26.94 प्रतिशत भुगतान किया है। भुगतान न मिलने से किसानों को आर्थिक संकट का सामना करना पड़ रहा है, जबकि चीनी मिलें और अधिकारी मस्त हैं।
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अजबापुर मिल भुगतान में अव्वल
किसानों को गन्ना मूल्य भुगतान करने के मामले में अजबापुर मिल 98.48 प्रतिशत भुगतान कर सबसे अव्वल बनी हुई है। कुंभी मिल ने 89.35 प्रतिशत और गुलरिया मिल ने 95.19 प्रतिशत गन्ना मूल्य भुगतान किया है।
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भुगतान में देरी से मिलों पर करोड़ों रुपये ब्याज की हुई देनदारी
गन्ना एक्ट के मुताबिक 14 दिन के अंदर किसानों को गन्ना मूल्य भुगतान न करने के चलते चीनी मिलों पर करोड़ों रुपये ब्याज की देनदारी भी हो गई है। गोला मिल पर 12.93 करोड़, पलिया पर 8.71 करोड़, खंभारखेड़ा पर 8.02 करोड़, ऐरा पर 2.39 करोड़, अजबापुर पर 1.53 करोड़, बेलरायां पर 3.11 करोड़, संपूर्णानगर पर 1.09 करोड़, कुंभी पर 45.91 लाख और गुलरिया मिल पर 32.50 लाख रुपये ब्याज का भुगतान किसानों को गन्ना मूल्य के साथ करना होगा।
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बजाज ग्रुप की तीन मिलें गोला, पलिया, खंभारखेड़ा भुगतान में हीला-हवाली कर रहीं हैं, जिसके लिए उन्हें जल्द ही नोटिस जारी की जाएगी। किसानों को भुगतान कराने के लिए तीनों मिलों की चीनी बिक्री की निगरानी की जा रही है। सहकारी क्षेत्र की मिलों को भी जल्द भुगतान करने के निर्देश दिए गए हैं।
-ब्रजेश कुमार पटेल, जिला गन्ना अधिकारी