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Lakhimpur Kheri News: चार गांवों को कृषि विभाग बनाएगा मॉडल
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उपकृषि निदेशक कार्यालय में बैठक करते अफसर। संवाद
लखीमपुर खीरी। जिले के चार गांवों को गोद लिया गया है। कृषि, पशु, सहकारिता, गन्ना, रेशम, उद्यान आदि कृषि से संबंधित सभी विभाग मिलकर इन गांवों के किसानों को विभिन्न योजनाओं और तकनीकी मदद से उनकी आय बढ़ाने का काम करेंगे। उपकृषि निदेशक कार्यालय सभागार में बुधवार को संबंधित विभागों के अफसरों ने बैठक कर रणनीति तैयार की।
डीडी कृषि अरविंद मोहन मिश्रा ने बताया कि कृषि विज्ञान केंद्र मंझरा क्षेत्र में नकहा ब्लाॅक के पनगी कलां, बेहजम का भोपतपुर, गोला जमुनाबाद कृषि विज्ञान केंद्र के बिजुआ ब्लाॅक के भदेड़ और बांकेगंज के एक अन्य गांव को चुना गया है। इन गांवों में फसलों की बोआई से पहले, बोआई के समय और फसल कटाई से पहले किसानों के अध्ययन भ्रमण, गोष्ठी व कृषि वैज्ञानिकों से संवाद होंगे।
कृषि मेला, प्रदर्शनी आयोजित की जाएंगी। कृषि, पशुपालन व उद्यान विभाग की गतिविधियों व कृषि आधारित उद्यमों के संबंध में तैयार तकनीक किसानों को बताई जाएंगी। एफपीओ के व्यावसायिक गतिविधियों को बढ़ावा देने का काम किया जाएगा। कृषि विज्ञान केंद्रों की ओर से किसानों तक नई तकनीक पहुंचाने, उनके उपयोग के लिए क्षमता संवर्धन और प्रशिक्षण करते हुए प्रगतिशील किसानों को कृषि प्रसार से जोड़ने पर जोर दिया जाएगा।
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डीडी कृषि अरविंद मोहन मिश्रा ने बताया कि कृषि विज्ञान केंद्र मंझरा क्षेत्र में नकहा ब्लाॅक के पनगी कलां, बेहजम का भोपतपुर, गोला जमुनाबाद कृषि विज्ञान केंद्र के बिजुआ ब्लाॅक के भदेड़ और बांकेगंज के एक अन्य गांव को चुना गया है। इन गांवों में फसलों की बोआई से पहले, बोआई के समय और फसल कटाई से पहले किसानों के अध्ययन भ्रमण, गोष्ठी व कृषि वैज्ञानिकों से संवाद होंगे।
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कृषि मेला, प्रदर्शनी आयोजित की जाएंगी। कृषि, पशुपालन व उद्यान विभाग की गतिविधियों व कृषि आधारित उद्यमों के संबंध में तैयार तकनीक किसानों को बताई जाएंगी। एफपीओ के व्यावसायिक गतिविधियों को बढ़ावा देने का काम किया जाएगा। कृषि विज्ञान केंद्रों की ओर से किसानों तक नई तकनीक पहुंचाने, उनके उपयोग के लिए क्षमता संवर्धन और प्रशिक्षण करते हुए प्रगतिशील किसानों को कृषि प्रसार से जोड़ने पर जोर दिया जाएगा।
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