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बाघ ने किया गाय का शिकार, अधखाया शव खेत में मिला
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बाघ ने गाय को बनाया निवाला, अधखाया शव खेत में मिला
मझगईं। गंगापुरवा गांव में बाघ ने गाय को निवाला बना लिया। अधखाया शव मिलने पर किसानों में दहशत फैल गई। सूचना पर वनकर्मियों ने बाघ होने की पुष्टि की है। ग्रामीणों के मुताबिक बाघ अभी भी गन्ने के खेत में ही छिपा है। वन कर्मियों ने ग्रामीणों को खेत की तरफ जाने से मना किया है।
चौकी क्षेत्र के गांव गंगापुरवा निवासी कामता व उसकी पत्नी सुशीला देवी गांव के उत्तर में अपने खेत में दोपहर गन्ना छील रहे थे। तभी उनकी नजर पड़ोसी नेमचंद के गन्ने के खेत में अधखाई गाय पर पड़ी। दंपति के अनुसार उन्हें बाघ भी दिखा, जिस पर शोर मचाकर दोनों भागे। शोर सुन वहां लोगों का हुजूम उमड़ पड़ा। इसकी सूचना लोगों ने वनकर्मियों को दी, सूचना पाकर मझगईं व गुलरा पार्क चौकी से वनकर्मियों ने मौका मुआयना किया। ग्रामीणों ने वनकर्मियों को बताया कि बाघ अभी गन्ने के खेत में ही छिपा है। दरोगा चंद्र प्रकाश ने बताया कि बाघ ने नेमचंद के लाही के खेत में खड़े शीशम के पेड़ के नीचे गाय को मारा फिर वहां से करीब सौ मीटर घसीट कर उसी खेत में गाय को खाया। बताया कि बाघ के गन्ने के खेत में छिपे होने से इंकार नहीं किया जा सकता है, लोगों को उधर जाने से मना किया है और बाघ की लोकेशन पता की जा रही है। घटना की जानकारी उच्चाधिकारियों को दे दी गई है। उधर बाघ की दस्तक से ग्रामीणों में दहशत है।
मझगईं। गंगापुरवा गांव में बाघ ने गाय को निवाला बना लिया। अधखाया शव मिलने पर किसानों में दहशत फैल गई। सूचना पर वनकर्मियों ने बाघ होने की पुष्टि की है। ग्रामीणों के मुताबिक बाघ अभी भी गन्ने के खेत में ही छिपा है। वन कर्मियों ने ग्रामीणों को खेत की तरफ जाने से मना किया है।
चौकी क्षेत्र के गांव गंगापुरवा निवासी कामता व उसकी पत्नी सुशीला देवी गांव के उत्तर में अपने खेत में दोपहर गन्ना छील रहे थे। तभी उनकी नजर पड़ोसी नेमचंद के गन्ने के खेत में अधखाई गाय पर पड़ी। दंपति के अनुसार उन्हें बाघ भी दिखा, जिस पर शोर मचाकर दोनों भागे। शोर सुन वहां लोगों का हुजूम उमड़ पड़ा। इसकी सूचना लोगों ने वनकर्मियों को दी, सूचना पाकर मझगईं व गुलरा पार्क चौकी से वनकर्मियों ने मौका मुआयना किया। ग्रामीणों ने वनकर्मियों को बताया कि बाघ अभी गन्ने के खेत में ही छिपा है। दरोगा चंद्र प्रकाश ने बताया कि बाघ ने नेमचंद के लाही के खेत में खड़े शीशम के पेड़ के नीचे गाय को मारा फिर वहां से करीब सौ मीटर घसीट कर उसी खेत में गाय को खाया। बताया कि बाघ के गन्ने के खेत में छिपे होने से इंकार नहीं किया जा सकता है, लोगों को उधर जाने से मना किया है और बाघ की लोकेशन पता की जा रही है। घटना की जानकारी उच्चाधिकारियों को दे दी गई है। उधर बाघ की दस्तक से ग्रामीणों में दहशत है।
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