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विद्यांजलि कार्यक्रम से बदलेगी परिषदीय स्कूलों की सूरत
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विद्यांजलि कार्यक्रम से बदलेगी परिषदीय स्कूलों की सूरत
सरकार ने विद्यालयों में संसाधन जुटाने के लिए शुरू किया कार्यक्रम
पडरौना। बेसिक शिक्षा विभाग की तरफ से संचालित परिषदीय विद्यालयों को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से केंद्र सरकार ने विद्यांजलि-2 कार्यक्रम शुरू किया गया है। इसके तहत सामुदायिक व निजी क्षेत्र की भगीदारी के माध्यम से विद्यालयों की सूरत बदलने की तैयारी की है।
जिले में 2464 परिषदीय विद्यालय संचालित हैं। कायाकल्प योजना के तहत इन विद्यालयों में 18 पैरामीटर पर निर्माण कार्य कराया जा रहा है, लेकिन विद्यालयों में अत्याधुनिक संसाधन मुहैया करने और स्तर सुधार के लिए सरकार प्रयास कर रही है। अब केंद्र सरकार इन विद्यालयों को सुदृढ़ करने और अत्याधुनिक संसाधन जुटाने के लिए विद्यांजलि-2 कार्यक्रम शुरू किया है। विद्याजंलि-2 के तहत विद्यालयों को प्रवासी भारतीयों, स्वयं सेवकों, विद्यालय के पूर्व छात्र व शिक्षक, सरकारी अधिकारियों समेत अन्य लोगों को जोड़ा जाएगा।
विद्याजंलि-2 कार्यक्रम के लिए दो कार्य क्षेत्र रहेंगे। एक क्षेत्र में विद्यालयों की सेवा व गतिविधियों में भाग ले सकेंगे। दूसरे क्षेत्र में संपत्ति सामग्री आदि उपकरण के माध्यम से स्वयं सेवक विद्यालयों को सुदृढ़ करने का कार्य करेंगे। विद्यालय से जुड़ने वाले स्वयं सेवक समेत अन्य लोगों को विद्याजंलि-2 की वेबसाइट पर पंजीकरण कराया जाएगा। बेसिक शिक्षा विभाग के सामुदायिक सहभागिता के जिला समन्वयक सत्येंद्र मौर्या ने बताया कि इस कार्यक्रम के अनुपालन के लिए सभी बीईओ और प्रधानाध्यापकों को पत्र जारी कर दिया गया है। इससे विद्यालयों की तस्वीर बदलने में मदद मिलेगी।
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सरकार ने विद्यालयों में संसाधन जुटाने के लिए शुरू किया कार्यक्रम
पडरौना। बेसिक शिक्षा विभाग की तरफ से संचालित परिषदीय विद्यालयों को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से केंद्र सरकार ने विद्यांजलि-2 कार्यक्रम शुरू किया गया है। इसके तहत सामुदायिक व निजी क्षेत्र की भगीदारी के माध्यम से विद्यालयों की सूरत बदलने की तैयारी की है।
जिले में 2464 परिषदीय विद्यालय संचालित हैं। कायाकल्प योजना के तहत इन विद्यालयों में 18 पैरामीटर पर निर्माण कार्य कराया जा रहा है, लेकिन विद्यालयों में अत्याधुनिक संसाधन मुहैया करने और स्तर सुधार के लिए सरकार प्रयास कर रही है। अब केंद्र सरकार इन विद्यालयों को सुदृढ़ करने और अत्याधुनिक संसाधन जुटाने के लिए विद्यांजलि-2 कार्यक्रम शुरू किया है। विद्याजंलि-2 के तहत विद्यालयों को प्रवासी भारतीयों, स्वयं सेवकों, विद्यालय के पूर्व छात्र व शिक्षक, सरकारी अधिकारियों समेत अन्य लोगों को जोड़ा जाएगा।
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विद्याजंलि-2 कार्यक्रम के लिए दो कार्य क्षेत्र रहेंगे। एक क्षेत्र में विद्यालयों की सेवा व गतिविधियों में भाग ले सकेंगे। दूसरे क्षेत्र में संपत्ति सामग्री आदि उपकरण के माध्यम से स्वयं सेवक विद्यालयों को सुदृढ़ करने का कार्य करेंगे। विद्यालय से जुड़ने वाले स्वयं सेवक समेत अन्य लोगों को विद्याजंलि-2 की वेबसाइट पर पंजीकरण कराया जाएगा। बेसिक शिक्षा विभाग के सामुदायिक सहभागिता के जिला समन्वयक सत्येंद्र मौर्या ने बताया कि इस कार्यक्रम के अनुपालन के लिए सभी बीईओ और प्रधानाध्यापकों को पत्र जारी कर दिया गया है। इससे विद्यालयों की तस्वीर बदलने में मदद मिलेगी।
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