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बगैर बंटे ही खत्म हो गया राशन
कुश्ाीनगर (ब्यूरो)
Updated Fri, 12 Jan 2018 12:29 AM IST
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हंगामा
- फोटो : कुश्ाीनगर ब्यूरो
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हाटा। कुश्ाीनगर के हाटा तहसील क्षेत्र के भलुही गांव में पात्रों को बांटे बगैर ही सरकारी राशन समाप्त हो गया। इसे लेकर बृहस्पतिवार को गांव के लोगों और कोटेदार में बहस हुई। कोटेदार राशन समाप्त होने की बात कह कर लोगों को वापस कर रहा था, जबकि लोगों का कहना है कि आवंटन पूरा मिलने के बाद भी राशन कम कैसे हो गया। गांव के लोगों ने आपूर्ति निरीक्षक से इसकी शिकायत की तो उन्होंने जांच कर कार्रवाई का आश्वासन दिया।
भलुही गांव के में बृहस्पतिवार को कोटेदार के यहां राशन का वितरण हो रहा था। गांव के लोग कोटेदार की दुकान पर राशन लेने के लिए लाइन में लगे हुए थे। अभी आधे से अधिक लोग राशन के लिए लाइन में बचे हुए थे तभी कोटेदार ने राशन समाप्त होने की बात कह कर सभी को वापस लौटाना शुरू कर दिया। इस पर लोगों ने एतराज जताते हुए कोटेदार से कारण पूछा तो वह कोई संतोषजनक जवाब नहीं दे पाया। कोटेदार की दुकान में लगे स्टाक बोर्ड पर कुछ भी लिखा हुआ नहीं था। इससे लोगों को दुकान को आवंटित राशन के विषय में जानकारी नहीं हो पा रही थी। गांव के लोगों और कोटेदार में काफी देर तक बहस हुई, लेकिन कोटेदार बार-बार राशन समाप्त होने की बात कहता रहा।
अंत में सुरेश, हरिश्चन्द्र, सोमारी, अलगू, छबिलाल आदि बगैर राशन लिए ही वापस लौट गए। इस संबंध में पूर्ति निरिक्षक मोतीचक सीपी राव ने बताया कि सभी कोटेदारों को आवंटन के अनुसार पूरा राशन मिला है। अगर सूची में दर्ज लोगों को राशन नहीं मिलता है तो यह गंभीर मामला है। इसकी जांच कर दोषी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
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भलुही गांव के में बृहस्पतिवार को कोटेदार के यहां राशन का वितरण हो रहा था। गांव के लोग कोटेदार की दुकान पर राशन लेने के लिए लाइन में लगे हुए थे। अभी आधे से अधिक लोग राशन के लिए लाइन में बचे हुए थे तभी कोटेदार ने राशन समाप्त होने की बात कह कर सभी को वापस लौटाना शुरू कर दिया। इस पर लोगों ने एतराज जताते हुए कोटेदार से कारण पूछा तो वह कोई संतोषजनक जवाब नहीं दे पाया। कोटेदार की दुकान में लगे स्टाक बोर्ड पर कुछ भी लिखा हुआ नहीं था। इससे लोगों को दुकान को आवंटित राशन के विषय में जानकारी नहीं हो पा रही थी। गांव के लोगों और कोटेदार में काफी देर तक बहस हुई, लेकिन कोटेदार बार-बार राशन समाप्त होने की बात कहता रहा।
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अंत में सुरेश, हरिश्चन्द्र, सोमारी, अलगू, छबिलाल आदि बगैर राशन लिए ही वापस लौट गए। इस संबंध में पूर्ति निरिक्षक मोतीचक सीपी राव ने बताया कि सभी कोटेदारों को आवंटन के अनुसार पूरा राशन मिला है। अगर सूची में दर्ज लोगों को राशन नहीं मिलता है तो यह गंभीर मामला है। इसकी जांच कर दोषी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
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