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नाबालिग से दुष्कर्म के दोषी 14 साल की सजा
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नाबालिग से दुष्कर्म के दोषी 14 साल की सजा
अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश व विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट कोर्ट में चल रहा था मुकदमा
कुशीनगर। करीब आठ साल पहले हुए दुष्कर्म के एक मामले में सोमवार को अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश/विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट कोर्ट नंबर-एक ने फैसला सुना दिया। दुष्कर्म के दोषी को 14 साल के सश्रम कारावास और 20 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई गई है।
विशेष शासकीय अधिवक्ता फूलबदन प्रसाद ने बताया कि 18 फरवरी 2014 को कप्तानगंज थाना क्षेत्र के एक गांव की किशोरी को उसी के गांव का एक युवक शादी का झांसा देकर शारीरिक शोषण करता था। जब वह गर्भवती हो गई तो गर्भपात करा दिया। इस मामले में कप्तानगंज थाने की पुलिस ने तहरीर मिलने पर तीन लोगों के खिलाफ दुष्कर्म एवं पॉक्सो एक्ट सहित विभिन्न आरोपों में मुकदमा दर्ज कर न्यायालय में आरोपपत्र दाखिल किया था। सोमवार को इस मुकदमे की सुनवाई हुई। अन्य आरोपी को साक्ष्य के अभाव में दोषमुक्त करार दे दिए गए, लेकिन मुख्य दोषी को 14 साल के सश्रम कारावास एवं 20 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई गई।
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अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश व विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट कोर्ट में चल रहा था मुकदमा
कुशीनगर। करीब आठ साल पहले हुए दुष्कर्म के एक मामले में सोमवार को अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश/विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट कोर्ट नंबर-एक ने फैसला सुना दिया। दुष्कर्म के दोषी को 14 साल के सश्रम कारावास और 20 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई गई है।
विशेष शासकीय अधिवक्ता फूलबदन प्रसाद ने बताया कि 18 फरवरी 2014 को कप्तानगंज थाना क्षेत्र के एक गांव की किशोरी को उसी के गांव का एक युवक शादी का झांसा देकर शारीरिक शोषण करता था। जब वह गर्भवती हो गई तो गर्भपात करा दिया। इस मामले में कप्तानगंज थाने की पुलिस ने तहरीर मिलने पर तीन लोगों के खिलाफ दुष्कर्म एवं पॉक्सो एक्ट सहित विभिन्न आरोपों में मुकदमा दर्ज कर न्यायालय में आरोपपत्र दाखिल किया था। सोमवार को इस मुकदमे की सुनवाई हुई। अन्य आरोपी को साक्ष्य के अभाव में दोषमुक्त करार दे दिए गए, लेकिन मुख्य दोषी को 14 साल के सश्रम कारावास एवं 20 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई गई।
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