फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Kushinagar News ›   Preparations for a rocket launch intensify in the Narayani riverine area; stringent security arrangements will be in place.

Kushinagar News: नारायणी के दियारे में रॉकेट लॉन्चिंग की तैयारी तेज, सुरक्षा के होंगे कड़े इंतजाम

Fri, 30 Oct 2026 02:34 AM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Fri, 30 Oct 2026 02:34 AM IST
विज्ञापन
Preparations for a rocket launch intensify in the Narayani riverine area; stringent security arrangements will be in place.
-नारायणी के दियारा में जर्मन हैंगर लगाने का काम तेज, लॉन्चिंग के समय गांव में रहेगा नो-मेंस लैंड
विज्ञापन

- लोगों को आगाह करने के लिए बजेगा वार्निंग अलार्म,युवा वैज्ञानिकों को ठहरने के लिए होटल बुक
गुरवलिया बाजार/तमकुहीराज। नारायणी नदी के दियारे में 30 अक्तूबर से प्रस्तावित राष्ट्रीय विद्यार्थी रॉकेट प्रतियोगिता की तैयारियां तेज हो गई हैं। आयोजन स्थल पर जर्मन हैंगर लगाया जा रहा है। रॉकेट प्रक्षेपण के दौरान गांव के संबंधित हिस्से को खाली रखा जाएगा। ग्रामीणों को आगाह करने के लिए वार्निंग अलार्म बजेगा और सुरक्षा के लिए पुलिस व अग्निशमन दल तैनात रहेंगे।
मिशन कंट्रोल सेंटर की स्क्रीन पर प्रक्षेपण स्थल की गतिविधियां लाइव दिखाई जाएंगी। यहां इन-स्पेस के निदेशक, वरिष्ठ वैज्ञानिक और जूरी सदस्य मौजूद रहेंगे। तमकुहीराज क्षेत्र के रकबा जंगलीपट्टी स्थित नारायणी प्रक्षेपण स्थल पर 30 अक्तूबर से चार नवंबर तक राष्ट्रीय मॉडल रॉकेट्री-कैनसैट इंडिया विद्यार्थी प्रतियोगिता प्रस्तावित है। इसमें देशभर की छात्र टीमें हिस्सा लेंगी। आयोजन में करीब 600 विद्यार्थियों और 120 वरिष्ठ वैज्ञानिकों व मेंटर्स के शामिल होने की जानकारी है।
विज्ञापन


प्रतियोगिता के दौरान प्रतिदिन 10 रॉकेट प्रक्षेपित करने की योजना है। हालांकि, प्रक्षेपण का क्रम मौसम और तकनीकी परिस्थितियों पर निर्भर करेगा। पिछले वर्ष आयोजन के दौरान खराब मौसम और नेटवर्क की समस्या के कारण लॉन्चिंग प्रभावित हुई थी। वर्ष 2025 में 71 कैनसैट रॉकेट प्रक्षेपित करने का लक्ष्य रखा गया था, लेकिन चार दिनों में केवल 37 रॉकेट ही प्रक्षेपित हो सके थे। अंतिम दिन खराब मौसम के कारण 10 रॉकेट उड़ान भर पाए थे।
विज्ञापन
विज्ञापन


पिछले अनुभव को देखते हुए इस बार मौसम, नेटवर्क और तकनीकी बाधाओं से निपटने की तैयारी की जा रही है। मिशन कंट्रोल सेंटर के जरिये प्रक्षेपण की निगरानी और संबंधित टीमों के बीच समन्वय बनाए रखने पर जोर रहेगा।

लॉन्चिंग के समय गांव का हिस्सा रहेगा खाली

रॉकेट प्रक्षेपण के दौरान सुरक्षा के विशेष इंतजाम किए जाएंगे। निर्धारित समय में गांव के संबंधित हिस्से को नो-मेंस लैंड के रूप में खाली रखा जाएगा, ताकि आम लोगों की आवाजाही नियंत्रित रहे। किसी अप्रिय घटना से बचाव के लिए अग्निशमन दल और पुलिस की टीम जरूरी संसाधनों के साथ तैनात रहेगी। ग्रामीणों को पहले से आगाह करने के लिए वार्निंग अलार्म बजाने की व्यवस्था भी की जाएगी।

तकनीकी खराबी पर नियमों के अनुसार मिलेगा दूसरा मौका

प्रक्षेपण स्थल पर मजिस्ट्रेट के साथ इन-स्पेस और इसरो के वैज्ञानिकों की तकनीकी टीम मौजूद रहेगी। टीम लॉन्चिंग की प्रक्रिया के दौरान सुरक्षा और तकनीकी मानकों की निगरानी करेगी। प्रतियोगिता में शामिल होने वाली टीमों के लिए तकनीकी तैयारी और निर्धारित प्रक्रिया का पालन करना जरूरी होगा। बैठक में सामने आई जानकारी के अनुसार, यदि तकनीकी बाधा के कारण रॉकेट प्रक्षेपित नहीं हो पाता है तो परिस्थितियों और निर्धारित नियमों के आधार पर संबंधित टीम को दोबारा अवसर देने पर विचार किया जाएगा। अन्य परिस्थितियों में अतिरिक्त अवसर नहीं मिलेगा। प्रत्येक टीम के साथ फैकल्टी सदस्य की मौजूदगी भी अनिवार्य होगी।

आयोजन में शामिल होने वाले युवा वैज्ञानिकों के ठहरने के लिए होटलों की बुकिंग भी की जा रही है। आयोजन से जुड़ी व्यवस्थाओं को समय से पूरा करने के लिए संबंधित टीमें जुटी हुई हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed