{"_id":"60d1d6938ebc3ea3804db62e","slug":"one-died-in-road-accident-kushinagar-news-gkp39901190","type":"story","status":"publish","title_hn":"टेंपो के नीचे दबकर चालक की मौत, बघपरना गांव के निकट पलटी टेंपो","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
टेंपो के नीचे दबकर चालक की मौत, बघपरना गांव के निकट पलटी टेंपो
विज्ञापन
टेंपो के नीचे दबकर चालक की मौत, बघपरना गांव के निकट पलटी टेंपो
संवाद न्यूज एजेंसी
जटहां बाजार। नेबुआ नौरंगिया थाना क्षेत्र के बघपरना गांव के निकट मुख्य पश्चिमी गंडक नहर पर मंगलवार को एक टेंपो पलट गई। उसके नीचे दब जाने से चालक की मौत हो गई। इसकी जानकारी होने पर पहुंचे लोगों ने शव को बाहर निकाला।
नेबुआ नौरंगिया थाना क्षेत्र के कोहरगड्डी गांव के निवासी मुर्तुजा के 28 वर्षीय पुत्र जहरुद्दीन मंगलवार को सुबह नौ बजे टेंपो लेकर अपने घर से निकले। वह मुख्य पश्चिमी गंडक नहर के रास्ते पडरौना जा रहे थे। बघपरना गांव के निकट टेंपो पलट गया, जिसके नीचे दब जाने से चालक जहरुद्दीन की मौत हो गई। उधर से गुजर रहे लोगों ने शव को टेंपो से बाहर निकाला। चालक के सिर में गंभीर चोट लगी थी।
किसी ने चालक के मोबाइल से उसके घरवालों और पुलिस को घटना की जानकारी दी। परिजन घटनास्थल पर पहुंचे और शव को घर लेकर चले गए। जहरुद्दीन तीन भाइयों में सबसे बड़ा और परिवार का इकलौता कमाऊ सदस्य था। जहरूद्दीन की मौत से परिवार पर संकट छा गया है। उसके तीन बेटे हैं, जो अभी बहुत छोटे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
जटहां बाजार। नेबुआ नौरंगिया थाना क्षेत्र के बघपरना गांव के निकट मुख्य पश्चिमी गंडक नहर पर मंगलवार को एक टेंपो पलट गई। उसके नीचे दब जाने से चालक की मौत हो गई। इसकी जानकारी होने पर पहुंचे लोगों ने शव को बाहर निकाला।
नेबुआ नौरंगिया थाना क्षेत्र के कोहरगड्डी गांव के निवासी मुर्तुजा के 28 वर्षीय पुत्र जहरुद्दीन मंगलवार को सुबह नौ बजे टेंपो लेकर अपने घर से निकले। वह मुख्य पश्चिमी गंडक नहर के रास्ते पडरौना जा रहे थे। बघपरना गांव के निकट टेंपो पलट गया, जिसके नीचे दब जाने से चालक जहरुद्दीन की मौत हो गई। उधर से गुजर रहे लोगों ने शव को टेंपो से बाहर निकाला। चालक के सिर में गंभीर चोट लगी थी।
विज्ञापन
किसी ने चालक के मोबाइल से उसके घरवालों और पुलिस को घटना की जानकारी दी। परिजन घटनास्थल पर पहुंचे और शव को घर लेकर चले गए। जहरुद्दीन तीन भाइयों में सबसे बड़ा और परिवार का इकलौता कमाऊ सदस्य था। जहरूद्दीन की मौत से परिवार पर संकट छा गया है। उसके तीन बेटे हैं, जो अभी बहुत छोटे हैं।
विज्ञापन