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Kushinagar News: कांच ही बांस के बहंगिया...बहंगी लचकत जाए

Tue, 28 Oct 2025 01:21 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर Updated Tue, 28 Oct 2025 01:21 AM IST
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Glass is like bamboo flutter...the flutter should sway
हाटा नगर के काशी विश्वनाथ मंदिर छठ घाट।संवाद
पडरौना। कांच ही बांस के बहंगिया, बहंगी लचकत जाए... सुबह से ही छठ घाटों पर यह भक्तिगीत बजना शुरू हो गया। सूर्योपासना के सबसे बड़े पर्व छठ पूजा को लेकर सुबह से ही लोग तैयारी में जुटे रहे। घरों में पूड़ी, ठेकुआ सरीखे अन्य पकवान बनाने के बाद व्रती महिलाएं तैयार होकर डाला लिए छठघाट पहुंचीं, जहां छठ माता (सूर्यषष्ठी) और अस्ताचलगामी भगवान भाष्कर को अर्घ्य देकर अपनी संतानों की लंबी उम्र और परिवार की सुख-समृद्धि की कामना कीं। छठघाटों पर मेला लगा रहा। अनेक परिवारों में देर रात तक कोशी भराई की गई।
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संतान प्राप्ति और उनकी लंबी उम्र के लिए मनाए जाने वाले छठ पर्व को लेकर इस वर्ष भी लोगों में जबरदस्त उत्साह रहा। महिलाओं ने निर्जला उपवास किया था। डाला छठ की सामग्री जुटाने, पकवान बनाने से लेकर सभी प्रकार की तैयारी शाम चार बजे तक पूरी कर लीं। उसके बाद महिलाएं सिर पर डाला लिए छठ घाट पहुंचीं, जहां छठ माता की पूजा की और अंत में अस्ताचलगामी भगवान सूर्य को अर्घ्य देकर आशीर्वाद मांगा। पडरौना नगर के छावनी मोहल्ला स्थित शिवसागर पोखरा के दोनों छठघाट, नौका टोला स्थित सुराजी पोखरा, रामधाम पोखरा, बावली चौक के छठ घाट सहित अन्य छोटे-बड़े छठघाटों पर श्रद्धालुओं ने पहुंचकर छठ माता और अस्ताचलगामी भगवान सूर्य की आराधना की। बच्चे खिलौने, पटाखे, मिठाइयां और अन्य सामान खरीदने में मगन रहे। दिन ढलने के बाद लोग अपने घरों को पहुंचे। रात में कई घरों में कोशी भराई की गई। इस दौरान पुलिस के जवान भी मुस्तैद रहे। विभिन्न संगठनों की ओर से छठघाटों पर व्रती महिलाओं के साथ आने वाले लोगों के लिए चाय-नाश्ते का इंतजाम किया गया है। अहिरौली बाजार प्रतिनिधि के अनुसार सोमवार को क्षेत्र के सेन्दुआर, बगरादेउर, छपिया, नवापार, हरपुर सुक्खड़, घोड़ादेउर, लक्षीराय, मुजहना, जगदीशपुर, बरडीहा, महुअवा, सखौली, कुशुम्हा आदि गांव के छठ घाटों पर ब्रति महिलाओं ने डूबते सूर्य को अर्घ्य दीं। तमकुहीरोड प्रतिनिधि के अनुसार सोमवार को क्षेत्र की सेवरही शिवाघाट, महाबीर नगर, कतौरा, दमकला घाट, गोलाघाट, मलाही घाट, पिपराघाट आदि गांव की व्रती महिलाएं डाला लेकर छठ घाटों पर पहुंची और नदी के जल में मौसमी फल व पूजन सामग्री से वेदियों पर छठ माता की पूजा अर्चना कर नदी के पानी में खड़े होकर डूबते सूर्य को अर्घ्य दीं।
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मथौली प्रतिनिधि के अनुसार कस्बा के वार्डों में स्थित पोखरों और छोटी गंडक नदी के घाटों को छठ महापर्व को लेकर साफ-सफाई कर आकर्षक रूप से सजाया गया था। वहां पहुंची व्रति महिलाओं ने छठ वेदी की पूजा कर डूबते सूर्य को अर्घ्य दीं।
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पहली बार महिलाओं ने रखा व्रत : नेबुआ नौरंगिया संवाद के अनुसार क्षेत्र के एकडंगा की सीमा सिंह, गुलहरिया की रीमा सिंह, भजन छपरा की ममता पाल और पडरी मेहदिया की चंदा यादव ने इस वर्ष पहली छठ व्रत रखा।
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