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Kushinagar News: फर्जीवाड़े पर लगेगी रोक, एप से होगी वाहनों के प्रदूषण की जांच
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पडरौना। अब एप के जरिए सभी तरह के वाहनों के प्रदूषण की जांच होगी। एनआईसी को प्रदूषण जांच के पोर्टल को अपग्रेड करने के निर्देश दिए गए हैं। इससे वाहनों के प्रदूषण जांच में फर्जीवाड़े पर रोक लगेगी। इसके लिए पॉल्यूशन अंडर कंट्रोल सर्टिफिकेट पोर्टल को अपग्रेड कर पीयूसीसी वर्जन 2.0 पोर्टल तैयार किया गया है। एआरटीओ मोहम्मद ने बताया कि प्रदूषण की जांच के समय वाहनों की भौतिक उपस्थिति अनिवार्य रूप से हो और फेक एपीआई के प्रयोग पर रोक लगाने के लिए यह पहल की गई है। इसके लिए पॉल्यूशन अंडर कंट्रोल सर्टिफिकेट पोर्टल को अपग्रेड कर पीयूसीसी वर्जन 2.0 पोर्टल तैयार किया गया है। उन्होंने बताया कि पोर्टल का उपयोग करने के लिए सभी प्रदूषण जांच केंद्रों के स्वामी व ऑपरेटरों को पीयूसीसी सेंटर एप का प्रयोग करना होगा। एप पर लॉग इन करने के बाद जांच केंद्र स्वामी को अपनी लॉग इन से सेंटर की लोकेशन डालनी होगी। एक सेंटर के लिए तीन मोबाइल एप का इस्तेमाल किया जा सकेगा, लेकिन एक समय में एक ही मोबाइल लॉग इन होगा। एप का प्रयोग स्थायी प्रदूषण जांच केंद्र की 30 मीटर की परिधि में ही हो सकेगा।
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ऐसे करनी होगी जांच
प्रदूषण जांच केंद्र के ऑपरेटरों को वाहनों की जांच करते हुए एप के जरिए वाहन की फ्रंट, साइड और रियर साइड की फोटो लेनी होगी। वाहन की उपस्थिति दिखाने के लिए एक वीडियो भी रिकॉर्ड करनी होगी। एप के माध्यम से क्लिक की गई तस्वीरों में से एक प्रदूषण जांच प्रमाणपत्र पर दिखेगी। यह वाहन स्वामी को भेजनी होगी। -आरडी प्रसाद वर्मा, आरआई, कुशीनगर।
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ऐसे करनी होगी जांच
प्रदूषण जांच केंद्र के ऑपरेटरों को वाहनों की जांच करते हुए एप के जरिए वाहन की फ्रंट, साइड और रियर साइड की फोटो लेनी होगी। वाहन की उपस्थिति दिखाने के लिए एक वीडियो भी रिकॉर्ड करनी होगी। एप के माध्यम से क्लिक की गई तस्वीरों में से एक प्रदूषण जांच प्रमाणपत्र पर दिखेगी। यह वाहन स्वामी को भेजनी होगी। -आरडी प्रसाद वर्मा, आरआई, कुशीनगर।
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