{"_id":"61a7b40332fe4873a56e4275","slug":"found-dav-not-measerment-kushinagar-news-gkp4183270107","type":"story","status":"publish","title_hn":"कोहरवलिया और खन्हवार समितियों पर स्टॉक से कम मिली खाद","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कोहरवलिया और खन्हवार समितियों पर स्टॉक से कम मिली खाद
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कोहरवलिया और खन्हवार समितियों पर स्टॉक से कम मिली खाद
- उप कृषि निदेशक एवं अपर जिला कृषि अधिकारी ने किया निरीक्षण
संवाद न्यूज एजेंसी
कुबेरस्थान। उर्वरक संकट पर संज्ञान लेते हुए बुधवार को उप कृषि निदेशक व अपर जिला कृषि अधिकारी ने संयुक्त रूप से क्षेत्र की दो समितियों का निरीक्षण किया। दोनों जगह स्टॉक का भौतिक सत्यापन किया गया। जिसमें खाद कम पाई गई। एक जगह अधिक मूल्य लेने की शिकायत भी हुई। दोनों सचिवों को फटकार लगाते हुए स्पष्टीकरण मांगा गया।
क्षेत्र में खाद समस्या को अमर उजाला लगातार प्रमुखता से प्रकाशित करता रहा है। बीते 13 नवंबर को ‘यूरिया भरपूर अन्य उर्वरकों की किल्लत’ शीर्षक से एक खबर प्रकाशित हुई थी। जिसका संज्ञान लेते हुए बुधवार को उप कृषि निदेशक डॉ. बीआर मौर्य तथा अपर जिला कृषि अधिकारी राकेश पांडेय ने कोहरवालिया एवं खन्हवार के किसान सेवा सहकारी समितियों का औचक निरीक्षण किया। किसान सेवा सहकारी समिति कोहरवलिया की जांच में पीओएस मशीन और स्टॉक में पंद्रह बोरी एनपीके (एस 20-20-0-13) कम पाई गई। एक किसान से यूरिया की बोरी पर निर्धारित मूल्य से 18 रुपये अधिक लेने की शिकायत सामने आई। अधिकारियों ने सचिव को फटकार लगाते हुए किसान से अधिक लिए गए रुपये उसे वापस कराया। किसानों को पीओएस मशीन से बिक्री की पर्ची नहीं दिए जाने की शिकायत पर भी सचिव को फटकार लगी। समिति के नियमित नहीं खुलने की शिकायत पर उप कृषि निदेशक ने बताया कि सचिव को तीन अन्य समितियों का भी कार्यभार संभालना पड़ता है, जिसके चलते ये समस्या उत्पन्न हो रही है। इस समिति पर स्थायी विक्रेता की नियुक्ति के लिए एआर के पास प्रस्ताव भेजा गया है। अनुमति मिलते ही यहां भी स्थाई विक्रेता की नियुक्ति कर दी जाएगी।
इसके बाद अधिकारियों ने किसान सेवा सहकारी समिति खन्हवार का निरीक्षण किया। यहां भी पीओएस मशीन के अनुसार स्टॉक से 35 बोरी डीएपी कम पाई गई। जिस पर अपर जिला कृषि अधिकारी ने सचिव को फटकार लगाते हुए स्पष्टीकरण मांगा और कार्यशैली में सुधार लाने की चेतावनी दी।
विज्ञापन
विज्ञापन
- उप कृषि निदेशक एवं अपर जिला कृषि अधिकारी ने किया निरीक्षण
संवाद न्यूज एजेंसी
कुबेरस्थान। उर्वरक संकट पर संज्ञान लेते हुए बुधवार को उप कृषि निदेशक व अपर जिला कृषि अधिकारी ने संयुक्त रूप से क्षेत्र की दो समितियों का निरीक्षण किया। दोनों जगह स्टॉक का भौतिक सत्यापन किया गया। जिसमें खाद कम पाई गई। एक जगह अधिक मूल्य लेने की शिकायत भी हुई। दोनों सचिवों को फटकार लगाते हुए स्पष्टीकरण मांगा गया।
क्षेत्र में खाद समस्या को अमर उजाला लगातार प्रमुखता से प्रकाशित करता रहा है। बीते 13 नवंबर को ‘यूरिया भरपूर अन्य उर्वरकों की किल्लत’ शीर्षक से एक खबर प्रकाशित हुई थी। जिसका संज्ञान लेते हुए बुधवार को उप कृषि निदेशक डॉ. बीआर मौर्य तथा अपर जिला कृषि अधिकारी राकेश पांडेय ने कोहरवालिया एवं खन्हवार के किसान सेवा सहकारी समितियों का औचक निरीक्षण किया। किसान सेवा सहकारी समिति कोहरवलिया की जांच में पीओएस मशीन और स्टॉक में पंद्रह बोरी एनपीके (एस 20-20-0-13) कम पाई गई। एक किसान से यूरिया की बोरी पर निर्धारित मूल्य से 18 रुपये अधिक लेने की शिकायत सामने आई। अधिकारियों ने सचिव को फटकार लगाते हुए किसान से अधिक लिए गए रुपये उसे वापस कराया। किसानों को पीओएस मशीन से बिक्री की पर्ची नहीं दिए जाने की शिकायत पर भी सचिव को फटकार लगी। समिति के नियमित नहीं खुलने की शिकायत पर उप कृषि निदेशक ने बताया कि सचिव को तीन अन्य समितियों का भी कार्यभार संभालना पड़ता है, जिसके चलते ये समस्या उत्पन्न हो रही है। इस समिति पर स्थायी विक्रेता की नियुक्ति के लिए एआर के पास प्रस्ताव भेजा गया है। अनुमति मिलते ही यहां भी स्थाई विक्रेता की नियुक्ति कर दी जाएगी।
विज्ञापन
इसके बाद अधिकारियों ने किसान सेवा सहकारी समिति खन्हवार का निरीक्षण किया। यहां भी पीओएस मशीन के अनुसार स्टॉक से 35 बोरी डीएपी कम पाई गई। जिस पर अपर जिला कृषि अधिकारी ने सचिव को फटकार लगाते हुए स्पष्टीकरण मांगा और कार्यशैली में सुधार लाने की चेतावनी दी।
विज्ञापन