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पांच दिन बीते, कोई नकलची नहीं मिला
कुशीनगर (ब्यूरो)
Updated Tue, 21 Mar 2017 11:57 PM IST
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परीक्षा
- फोटो : अमर उजाला
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पडरौना। यूपी बोर्ड की हाईस्कूल व इंटरमीडिएट परीक्षा के पांच दिन बीत जाने के बाद भी जिले के किसी केंद्र से एक भी नकलची नहीं पकड़ा गया। जोनल, सेक्टर व स्टेटिक मजिस्ट्रेटों की निरीक्षण आख्या के अनुसार हर जगह शांतिपूर्ण माहौल में परीक्षा संपन्न हो रही है। वहीं क्षेत्र में इस बात की चर्चाएं तेज हैं कि केंद्रों पर खुलेआम नकल कराई जा रही है और इसके एवज में परीक्षार्थियों से सुविधा शुल्क भी वसूला जा रहा है।
जनपद में 16 राजकीय व 55 अनुदानित सहित कुल 286 माध्यमिक विद्यालयों में से इस बार 198 विद्यालयों को बोर्ड परीक्षा के लिए केंद्र बनाया गया है। इन केंद्रों पर हाईस्कूल और इंटरमीडिएट के 53505 बालिका सहित कुल 111324 परीक्षार्थी परीक्षा दे रहे हैं। परीक्षा को नकल विहिन बनाने के लिए छह सचल दल, 18 सेक्टर मजिस्ट्रेट लगाए गए हैं। सभी एसडीएम अपने तहसील क्षेत्र के जोनल मजिस्ट्रेट हैं। इसके अलावा जनपद के 21 परीक्षा केंद्रों को संवेदनशील और अतिसंवेदनशील की सूची में रखते हुए इन सभी पर अलग से एक-एक स्टेटिक मजिस्ट्रेट तैनात किए गए हैं। इसके अलावा डीएम ने अपने स्तर से भी प्रत्येक केंद्र पर एक-एक कर्मचारी को तैनात किया गया है।
यह भारी भरकम तैयारी नकल रोकने के लिए की गई है, लेकिन आश्चर्य की बात यह है कि पांच दिन की परीक्षा बीत जाने के बाद भी किसी केंद्र पर नकलची नहीं पकड़ा गया है। यहां तक कि हाईस्कूल की गणित और इंटरमीडिएट के भौतिक विज्ञान जैसे कठिन विषयों में भी नकलची हाथ नहीं लगे। इसके विपरीत क्षेत्र में इस बात की चर्चा आम है कि परीक्षार्थियों से प्रश्न पत्र हल कराने के लिए दो से पांच हजार रुपये तक वसूले जा रहे हैं। कुछ परीक्षा केंद्रों पर कॉपी लिखवाने तक की चर्चाएं हो रही हैं। इस संबंध में डीआईओएस उदय प्रकाश मिश्र का कहना है कि बोर्ड की परीक्षा पूरी तरह शांतिपूर्ण व नियम संगत तरीके से चल रही है। सभी संवेदनशील और अतिसंवेदनशील केंद्रों पर निगरानी हो रही है। कड़ाई के चलते तमाम परीक्षार्थी परीक्षा छोड़ चुके हैं। उत्तर पुस्तिकाएं भी परीक्षा खत्म होने के डेढ़ घंटे के भीतर ही उप संकलन केंद्रों पर जमा करा दी जा रही हैं।
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जनपद में 16 राजकीय व 55 अनुदानित सहित कुल 286 माध्यमिक विद्यालयों में से इस बार 198 विद्यालयों को बोर्ड परीक्षा के लिए केंद्र बनाया गया है। इन केंद्रों पर हाईस्कूल और इंटरमीडिएट के 53505 बालिका सहित कुल 111324 परीक्षार्थी परीक्षा दे रहे हैं। परीक्षा को नकल विहिन बनाने के लिए छह सचल दल, 18 सेक्टर मजिस्ट्रेट लगाए गए हैं। सभी एसडीएम अपने तहसील क्षेत्र के जोनल मजिस्ट्रेट हैं। इसके अलावा जनपद के 21 परीक्षा केंद्रों को संवेदनशील और अतिसंवेदनशील की सूची में रखते हुए इन सभी पर अलग से एक-एक स्टेटिक मजिस्ट्रेट तैनात किए गए हैं। इसके अलावा डीएम ने अपने स्तर से भी प्रत्येक केंद्र पर एक-एक कर्मचारी को तैनात किया गया है।
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यह भारी भरकम तैयारी नकल रोकने के लिए की गई है, लेकिन आश्चर्य की बात यह है कि पांच दिन की परीक्षा बीत जाने के बाद भी किसी केंद्र पर नकलची नहीं पकड़ा गया है। यहां तक कि हाईस्कूल की गणित और इंटरमीडिएट के भौतिक विज्ञान जैसे कठिन विषयों में भी नकलची हाथ नहीं लगे। इसके विपरीत क्षेत्र में इस बात की चर्चा आम है कि परीक्षार्थियों से प्रश्न पत्र हल कराने के लिए दो से पांच हजार रुपये तक वसूले जा रहे हैं। कुछ परीक्षा केंद्रों पर कॉपी लिखवाने तक की चर्चाएं हो रही हैं। इस संबंध में डीआईओएस उदय प्रकाश मिश्र का कहना है कि बोर्ड की परीक्षा पूरी तरह शांतिपूर्ण व नियम संगत तरीके से चल रही है। सभी संवेदनशील और अतिसंवेदनशील केंद्रों पर निगरानी हो रही है। कड़ाई के चलते तमाम परीक्षार्थी परीक्षा छोड़ चुके हैं। उत्तर पुस्तिकाएं भी परीक्षा खत्म होने के डेढ़ घंटे के भीतर ही उप संकलन केंद्रों पर जमा करा दी जा रही हैं।
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