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पकड़ी बुजुग्र गांव के धूस टोला का निवासी था
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अपने घर के आगे अचेत पड़े युवक की मौत
- रीढ़ और गले की हड्डी टूटने की बात डॉक्टर ने बताई
अमर उजाला ब्यूरो
जानकीनगर। अपने घर के आगे कुछ दूरी पर अचेत पड़े पडरौना कोतवाली क्षेत्र के पकड़ी बुजुर्ग गांव के धूस टोला निवासी युवक की देर रात मौत हो गई। पुलिस ने उसके शव का पोस्टमार्टम कराने के बाद घरवालों को सौंप दिया। युवक के भाई ने हत्या की आशंका जताते हुए पुलिस को तहरीर दी है।
इस गांव के 35 वर्षीय दशरथ पुत्र स्व. जीउत सोमवार की रात करीब 11 बजे अपने घर के आगे करीब दस मीटर की दूरी पर अचेत हाल में पड़े थे। उनके बड़े भाई नंदू यादव घर से बाहर निकले तो उन्हें उस हाल में देखकर गांववालों की मदद से जिला अस्पताल ले गए। वहां दशरथ की हालत चिंताजनक बताते हुए डॉक्टर ने मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया। वहां डॉक्टर ने उनके रीढ़ और गले की हड्डी टूटने की बात बताते हुए प्राथमिक उपचार के बाद पीजीआई रेफर कर दिया। लेकिन परिवार की माली हालत ठीक न होने के कारण नंदू उन्हें लेकर घर आ रहे थे कि कसया के निकट उनकी मौत हो गई।
नंदू ने बताया कि दशरथ का विवाह चार बर्ष पूर्व हुआ था। उनकी दो वर्ष की एक बेटी भी है। पति-पत्नी में अक्सर तकरार होती रहती थी, जिससे उसकी पत्नी बेटी को लेकर मायके में रहती थी। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराने के बाद घरवालों को सौंप दिया। दशरथ के भाई ने हत्या की आशंका जताते हुए रवींद्रनगर चौकी की पुलिस को तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की है।
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- रीढ़ और गले की हड्डी टूटने की बात डॉक्टर ने बताई
अमर उजाला ब्यूरो
जानकीनगर। अपने घर के आगे कुछ दूरी पर अचेत पड़े पडरौना कोतवाली क्षेत्र के पकड़ी बुजुर्ग गांव के धूस टोला निवासी युवक की देर रात मौत हो गई। पुलिस ने उसके शव का पोस्टमार्टम कराने के बाद घरवालों को सौंप दिया। युवक के भाई ने हत्या की आशंका जताते हुए पुलिस को तहरीर दी है।
इस गांव के 35 वर्षीय दशरथ पुत्र स्व. जीउत सोमवार की रात करीब 11 बजे अपने घर के आगे करीब दस मीटर की दूरी पर अचेत हाल में पड़े थे। उनके बड़े भाई नंदू यादव घर से बाहर निकले तो उन्हें उस हाल में देखकर गांववालों की मदद से जिला अस्पताल ले गए। वहां दशरथ की हालत चिंताजनक बताते हुए डॉक्टर ने मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया। वहां डॉक्टर ने उनके रीढ़ और गले की हड्डी टूटने की बात बताते हुए प्राथमिक उपचार के बाद पीजीआई रेफर कर दिया। लेकिन परिवार की माली हालत ठीक न होने के कारण नंदू उन्हें लेकर घर आ रहे थे कि कसया के निकट उनकी मौत हो गई।
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नंदू ने बताया कि दशरथ का विवाह चार बर्ष पूर्व हुआ था। उनकी दो वर्ष की एक बेटी भी है। पति-पत्नी में अक्सर तकरार होती रहती थी, जिससे उसकी पत्नी बेटी को लेकर मायके में रहती थी। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराने के बाद घरवालों को सौंप दिया। दशरथ के भाई ने हत्या की आशंका जताते हुए रवींद्रनगर चौकी की पुलिस को तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की है।
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