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दुखद हादसा: कसया में दीवार गिरने से 7 साल के मासूम की मौत, बहन घायल; 1 महीने से दीवार में थी दरार
Sat, 13 Jun 2026 02:10 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
Updated Sat, 13 Jun 2026 02:10 AM IST
सार
परिजन और ग्रामीणों ने दोनों को बाहर निकाला और कसया के एक निजी अस्पताल ले गए। वहां चिकित्सक ने सत्यम को मृत घोषित कर दिया। घायल आरुषि का इलाज चल रहा है। आरुषि अपने नाना नित्यानंद के घर रहकर पढ़ाई करती है। हादसे के बाद सत्यम की मां संजू देवी, दादा गजेंद्र और दादी इंद्रावती देवी बदहवास हो गए। चार वर्षीय बहन परी अपने भाई की मौत से अनजान होकर उसके घर लौटने का इंतजार कर रही है। उसे देखकर मौजूद लोगों की आंखें नम हो गईं।
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तुर्कवालिया दरियाव सिंह में मासूम की मौत पर परिजनों से वार्ता करते नायब तहसीलदार संदीप कुमार।
विस्तार
तुर्कवलिया दरियाव सिंह गांव के गुनई छपरा टोले में शुक्रवार सुबह झूला झूल रहे सात वर्षीय मासूम की दीवार गिरने से मौत हो गई, जबकि आठ वर्षीय बच्ची गंभीर रूप से घायल हो गई। हादसे के बाद चीख-पुकार मच गई। सूचना पर पहुंची पुलिस और राजस्व विभाग की टीम ने जांच शुरू कर दी है। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
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शुक्रवार को गांव की महिलाएं घरेलू कामकाज में व्यस्त थीं। इसी दौरान नित्यानंद पटेल के दरवाजे पर बनी दीवार में लगे कुंडे से रस्सी बांधकर सात वर्षीय सत्यम पुत्र पुनीत गोंड और आठ वर्षीय आरुषि झूला झूल रहे थे। इसी बीच पुरानी दीवार भरभराकर गिर गई और दोनों बच्चे उसके नीचे दब गए।
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परिजन और ग्रामीणों ने दोनों को बाहर निकाला और कसया के एक निजी अस्पताल ले गए। वहां चिकित्सक ने सत्यम को मृत घोषित कर दिया। घायल आरुषि का इलाज चल रहा है। आरुषि अपने नाना नित्यानंद के घर रहकर पढ़ाई करती है।
हादसे के बाद सत्यम की मां संजू देवी, दादा गजेंद्र और दादी इंद्रावती देवी बदहवास हो गए। चार वर्षीय बहन परी अपने भाई की मौत से अनजान होकर उसके घर लौटने का इंतजार कर रही है। उसे देखकर मौजूद लोगों की आंखें नम हो गईं।
हादसे के बाद सत्यम की मां संजू देवी, दादा गजेंद्र और दादी इंद्रावती देवी बदहवास हो गए। चार वर्षीय बहन परी अपने भाई की मौत से अनजान होकर उसके घर लौटने का इंतजार कर रही है। उसे देखकर मौजूद लोगों की आंखें नम हो गईं।
घटना की सूचना पर हलका दरोगा उज्ज्वल गोंड, नायब तहसीलदार संदीप कुमार, राजस्व निरीक्षक कृष्ण मुरारी लाल और हलका लेखपाल संध्या शाह मौके पर पहुंचे और घटना की जांच की। ए
सएचओ आशुतोष सिंह ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजकर विधिक कार्रवाई की जा रही है।
सएचओ आशुतोष सिंह ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजकर विधिक कार्रवाई की जा रही है।
नीम का पेड़ गिरने से दीवार में पड़ गई थी दरार : ग्रामीणों के अनुसार, नित्यानंद पटेल और उनके सगे भाई मानिक चंद के बीच करीब आठ वर्ष पहले घर का बंटवारा हुआ था। उसी समय दोनों के हिस्से के बीच करीब छह फीट ऊंची दीवार बनाई गई थी।
दीवार में लगे कुंडे का इस्तेमाल कपड़े सुखाने के लिए किया जाता था। बताया जा रहा है कि करीब एक माह पहले नीम का पेड़ गिरने से दीवार में दरार पड़ गई थी, लेकिन उसकी मरम्मत नहीं कराई गई। ग्रामीणों का कहना है कि यदि समय रहते दीवार को ठीक करा दिया गया होता तो शायद यह हादसा बच सकता था।
दीवार में लगे कुंडे का इस्तेमाल कपड़े सुखाने के लिए किया जाता था। बताया जा रहा है कि करीब एक माह पहले नीम का पेड़ गिरने से दीवार में दरार पड़ गई थी, लेकिन उसकी मरम्मत नहीं कराई गई। ग्रामीणों का कहना है कि यदि समय रहते दीवार को ठीक करा दिया गया होता तो शायद यह हादसा बच सकता था।