{"_id":"4f3c2be22ec857ce96a3a1fc1b65b339","slug":"vows-to-continue-fighting-until-stage-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"मुकाम मिलने तक संघर्ष जारी रखने की हुंकार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मुकाम मिलने तक संघर्ष जारी रखने की हुंकार
ब्यूरो/ अमर उजाला, कौशाम्बी
Updated Thu, 11 Dec 2014 12:48 AM IST
विज्ञापन
विज्ञापन
मंझनपुर। सत्रह महीने से मानदेय नहीं मिलने से आक्रोशित प्रेरकों का बुधवार को पांचवें दिन भी धरना जारी रहा। इस दौरान प्रेरकों ने मुकाम मिलने तक संघर्ष करते रहने का ऐलान किया। साथ ही चेताया कि यदि 15 दिसंबर तक उनकी मांगें पूरी नहीं हुई, तो वे चक्काजाम, भूख हड़ताल करने को बाध्य होंगे।
बता दें कि साक्षर भारत मिशन के तहत कौशाम्बी की सभी 440 ग्राम पंचायतों में लोक शिक्षा केंद्र खोले गए हैं। इन केंद्रों पर निरक्षरों को साक्षर बनाने के लिए प्रेरकों की नियुक्ति की गई है। जुलाई 2013 से नियुक्ति इन प्रेरकों की मानें तो अब तक उन्हें मानदेय नहीं दिया जा रहा है।
साथ ही अप्रैल 2014 के बाद से उनका नवीनीकरण भी नहीं किया गया है, जबकि सभी प्रेरकों के नवीनीकरण का शासनादेश है। मानदेय नहीं मिलने और नवीनीकरण नहीं होने से परेशान प्रेरकों का गुस्सा शुक्रवार को फूट पड़ा। मानदेय भुगतान की मांग को लेकर प्रेरक पांच दिनों से डायट मैदान मंझनपुर में धरना दे रहे हैं। बुधवार को पांचवें दिन भी प्रेरक धरने पर बैठकर हुंकार भरते रहे।
विज्ञापन
इस दौरान प्रेरकों ने लोक शिक्षा समिति के जिला सचिव डायट प्राचार्य पर मनमानी करने का आरोप भी लगाया। ऐलान किया कि दोनों मांगे पूरी होने तक वे अपना यह संघर्ष जारी रखेंगे। साथ ही चेताया कि यदि 15 दिसंबर तक उनकी मांगें पूरी नहीं हुई, तो मंझनपुर चौराहे पर चक्काजाम किया जाएगा।
साथ ही प्रेरक भूख हड़ताल करने को भी बाध्य होंगे। इस मौके पर दीपक मिश्र, नसीम अहमद, शिवबरन सिंह, सतीश सिंह, चंद्रभान सिंह, मंजीत कुमार, अवधेश सिंह, आफरीन बानो, सुषमा यादव, सादमा बानो, मनीषा सिंह, रचना श्रीवास्तव, रेनू देवी, नम्रता सिंह, जुगेंद्र कुमार, समर सिंह, लालती देवी, सुघर सिंह आदि मौजूद रहे।
बता दें कि साक्षर भारत मिशन के तहत कौशाम्बी की सभी 440 ग्राम पंचायतों में लोक शिक्षा केंद्र खोले गए हैं। इन केंद्रों पर निरक्षरों को साक्षर बनाने के लिए प्रेरकों की नियुक्ति की गई है। जुलाई 2013 से नियुक्ति इन प्रेरकों की मानें तो अब तक उन्हें मानदेय नहीं दिया जा रहा है।
विज्ञापन
साथ ही अप्रैल 2014 के बाद से उनका नवीनीकरण भी नहीं किया गया है, जबकि सभी प्रेरकों के नवीनीकरण का शासनादेश है। मानदेय नहीं मिलने और नवीनीकरण नहीं होने से परेशान प्रेरकों का गुस्सा शुक्रवार को फूट पड़ा। मानदेय भुगतान की मांग को लेकर प्रेरक पांच दिनों से डायट मैदान मंझनपुर में धरना दे रहे हैं। बुधवार को पांचवें दिन भी प्रेरक धरने पर बैठकर हुंकार भरते रहे।
विज्ञापन
इस दौरान प्रेरकों ने लोक शिक्षा समिति के जिला सचिव डायट प्राचार्य पर मनमानी करने का आरोप भी लगाया। ऐलान किया कि दोनों मांगे पूरी होने तक वे अपना यह संघर्ष जारी रखेंगे। साथ ही चेताया कि यदि 15 दिसंबर तक उनकी मांगें पूरी नहीं हुई, तो मंझनपुर चौराहे पर चक्काजाम किया जाएगा।
साथ ही प्रेरक भूख हड़ताल करने को भी बाध्य होंगे। इस मौके पर दीपक मिश्र, नसीम अहमद, शिवबरन सिंह, सतीश सिंह, चंद्रभान सिंह, मंजीत कुमार, अवधेश सिंह, आफरीन बानो, सुषमा यादव, सादमा बानो, मनीषा सिंह, रचना श्रीवास्तव, रेनू देवी, नम्रता सिंह, जुगेंद्र कुमार, समर सिंह, लालती देवी, सुघर सिंह आदि मौजूद रहे।