उमेश पाल हत्याकांड : पिता बोले- निर्दोष था अरबाज, पीएम सीएम से लगाएंगे इंसाफ की गुहार
उमेश पाल हत्याकांड के बाद मुठभेड़ में मारे गए अरबाज के पिता का कहना है कि पुलिस ने फर्जी एनकाउंटर किया है। उन्होंने पुलिस कार्रवाई के खिलाफ प्रधानमंत्री व मुख्यमंत्री से मुलाकात कर इंसाफ मांगने की बात कही है।
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उमेश पाल हत्याकांड के बाद मुठभेड़ में मारे गए अरबाज के पिता का कहना है कि पुलिस ने फर्जी एनकाउंटर किया है। उन्होंने पुलिस कार्रवाई के खिलाफ प्रधानमंत्री व मुख्यमंत्री से मुलाकात कर इंसाफ मांगने की बात कही है।पूरामुफ्ती कोतवाली के सल्लाहपुर निवासी अफाक उर्फ मिंगा ने बताया कि उनके चार बेटे व चार बेटियों में अरबाज दूसरे नंबर का था। वह प्रयागराज के सेंट जोसेफ कॉलेज में गाड़ी चला कर परिवार के भरण पोषण में सहयोग करता था। दो दिन पहले अरबाज बांदा के नरैनी स्थित अपने ननिहाल दोस्त मुजीब के बुलाने पर चला गया था। यहीं से पुलिस ने उसे पकड़ लिया और नेहरू पार्क में ले जाकर फर्जी तरीके से उसका एनकाउंटर कर दिया।
सोमवार की दोपहर मोबाइल पर चल रहे मैसेज और वीडियो से अरबाज के मुठभेड़ में मारे जाने की जानकारी मिली तो पूरे परिवार के पैरों तले जमीन खिसक गई। मां सकीना सहित चार बहनों ने बताया कि उन्हें कोई यकीन नहीं था कि पुलिस उनके बेटे के साथ ऐसा सलूक करेगी।
परिजनों ने आरोप लगाया कि पुलिस ने सरकार की वाहवाही लूटने के लिए उनके भाई का फर्जी एनकाउंटर किया है। अब उन्हें भाई की मौत के लिए इंसाफ चाहिए। इसके लिए पूरे परिवार को चाहे कुछ भी करना पड़े। पिता आफाक उर्फ मिंगा ने बताया कि वह बेटे की मौत को लेकर इंसाफ मांगने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मुलाकात करेंगे।
या अल्लाह ! अब हमें इंसाफ दो
चायल। भाई अरबाज के एनकाउंटर होने पर बहनें सुगुप्ता, रवीना और तसलीमा की रो-रो कर हालत खराब है। रोते हुए बहनों ने बताया कि उनका भाई परिवार के भरण पोषण में सहारा था। अब परिजनों के सामने अल्लाह ही एक सहारा है। हम सभी अल्लाह से अपने परिवार की सुरक्षा और भाई की मौत का इंसाफ मांगेंगे।
साहब ! पूरे परिवार पर एक भी मुकदमा नहीं है, फिर भी ऐसी सजा क्यों?
बेटे अरबाज के एनकाउंटर को लेकर खफा पिता आफाक उर्फ मांगा ने बताया कि 20 साल पहले वह माफिया अतीक अहमद की गाड़ी चलाते थे। राजूपाल हत्याकांड के बाद वह घर आकर रहने लगे। पिता ने आरोप लगाया कि बेटे अरबाज ही नहीं बल्कि घर के किसी भी सदस्य के खिलाफ कोई मुकदमा नहीं है। फिर भी पुलिस ने बेटे को मार कर इतनी कड़ी सजा क्यों दी?। पिता ने रोते हुए बताया कि उसका बेटा और पूरा परिवार निर्दोष है। यदि पुलिस के रिकार्ड में कोई भी मुकदमा मेरे परिवार के खिलाफ मिल जाते तो सजा मुझे मंजूर थी। लेकिन पुलिस का यह कार्रवाई मंजूर नहीं है।