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Kaushambi News: बारिश में गिर कर उतराने लगी धान की फसल
Fri, 26 Sep 2025 03:46 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कौशांबी
संवाद न्यूज एजेंसी, कौशांबी
Updated Fri, 26 Sep 2025 03:46 AM IST
सार
चायल तहसील क्षेत्र के कई गांवों में बुधवार रात तेज बारिश और हवाओं से धान, केला, कद्दू व मिर्च की फसलें बर्बाद हो गईं। किसानों को लाखों रुपये का नुकसान हुआ है। प्रशासन ने सर्वे और मुआवजे की प्रक्रिया शुरू करने की बात कही है।
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रिंकू सिंह, दरहा
- फोटो : mathura
विस्तार
क्षेत्र में बुधवार रात हुई झमाझम बारिश और तेज हवाओं के झोंकों ने किसानों की मेहनत पर पानी फेर दिया। खेतों में पक कर तैयार हुई धान की फसल बारिश में गिरकर पानी में उतराने लगी। वहीं केला, सफेद कद्दू और मिर्च के खेतों में पानी भर जाने से लाखों रुपये का नुकसान हुआ है। किसानों ने नुकसान का आकलन कराते हुए मुआवजा दिए जाने की मांग की है।
चायल तहसील क्षेत्र के जलालपुर जवाहरगंज, चंदूपुर, दरहा, सुरसेनी, मोहिद्दीनपुर बहुंगरी, पूरे घासीराम, हसनपुर, गोविंदपुर समेत कई गांवों में धान, केला और सब्जियों की खेती बड़े पैमाने पर होती है। पहले ही बेसहारा पशुओं ने फसलों का बड़ा हिस्सा बर्बाद कर दिया था, अब बारिश और तेज हवाओं ने बची-खुची उम्मीद भी खत्म कर दी।
गांव के किसान नंदलाल साहू व मनोज कुमार ने बताया कि पांच बीघा धान की फसल गिरकर खेत में भरे पानी में डूब गई है। किसान फतेबहादुर सिंह बोले कि तेज हवा के झोंकों से केले के पेड़ उखड़कर जमीन पर आ गिरे। मिर्च और कद्दू के खेतों में पानी भरने से 50 से 60 फीसदी तक फसल ब्रबाद हो गई है।
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अभी और बारिश की संभावना
बुधवार रात में हुई बारिश के बाद सुबह होते ही जगतपाल, होरीलाल और गंगाराम आदि किसान परेशान हाल में खेतों में फसल बचाने में जुटे रहे। उन्होंने कहा कि यह बारिश फायदे से ज्यादा नुकसान लेकर आई है। वहीं कृषि वैज्ञानिक डॉ. मनोज कुमार सिंह ने बताया कि आने वाले दो दिनों में और बारिश की संभावना है। किसान जल निकासी की व्यवस्था कर लें तो बेहतर होगा, नहीं तो और नुकसान होने की संभावना है।
फसल तैयार करने में बड़ी मेहनत की है। पहले डीएमपी के लिए लाइन लगाई और उसके खाद खाद मिली। अब फसल तैयार हुई तो बारिश मुसीबत बन रही है।
- रिंकू सिंह, दरहा
किसानों ने बड़ी मेहनत के साथ फसल तैयार की है। अब फसल पकने को है तो बारिश के साथ हवा के तेज झोकों ने फसल गिरा दी। पहले इसी पानी के लिए परेशान थे। अब पानी किसानों की तैयार फसल खराब कर रहा है।
- नरेंद्र पांडेय जिला अध्यक्ष भाकियू, अंबावत गुट
फिलहाल नुकसान की कोई रिपोर्ट नहीं मिली है। प्रभावित क्षेत्रों का सर्वे कराया जाएगा। रिपोर्ट आने के बाद कृषि विभाग को भेज दी जाएगी। जो भी नियमानुसार मदद मिलती है वह दिलाई जाएगी।
- आकाश सिंह, एसडीएम चायल
रात में हुई बारिश को लेकर संबंधित तहसील के जिम्मेदारों से सर्वे कर रिपोर्ट मांगी जाएगी। जो नुकसान हुआ होगा उसके आकलन के बाद ही आगे की कार्रवाई की जाएगी।
- सुरुचि विश्वकर्मा, जिला कृषि अधिकारी
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चायल तहसील क्षेत्र के जलालपुर जवाहरगंज, चंदूपुर, दरहा, सुरसेनी, मोहिद्दीनपुर बहुंगरी, पूरे घासीराम, हसनपुर, गोविंदपुर समेत कई गांवों में धान, केला और सब्जियों की खेती बड़े पैमाने पर होती है। पहले ही बेसहारा पशुओं ने फसलों का बड़ा हिस्सा बर्बाद कर दिया था, अब बारिश और तेज हवाओं ने बची-खुची उम्मीद भी खत्म कर दी।
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गांव के किसान नंदलाल साहू व मनोज कुमार ने बताया कि पांच बीघा धान की फसल गिरकर खेत में भरे पानी में डूब गई है। किसान फतेबहादुर सिंह बोले कि तेज हवा के झोंकों से केले के पेड़ उखड़कर जमीन पर आ गिरे। मिर्च और कद्दू के खेतों में पानी भरने से 50 से 60 फीसदी तक फसल ब्रबाद हो गई है।
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अभी और बारिश की संभावना
बुधवार रात में हुई बारिश के बाद सुबह होते ही जगतपाल, होरीलाल और गंगाराम आदि किसान परेशान हाल में खेतों में फसल बचाने में जुटे रहे। उन्होंने कहा कि यह बारिश फायदे से ज्यादा नुकसान लेकर आई है। वहीं कृषि वैज्ञानिक डॉ. मनोज कुमार सिंह ने बताया कि आने वाले दो दिनों में और बारिश की संभावना है। किसान जल निकासी की व्यवस्था कर लें तो बेहतर होगा, नहीं तो और नुकसान होने की संभावना है।
फसल तैयार करने में बड़ी मेहनत की है। पहले डीएमपी के लिए लाइन लगाई और उसके खाद खाद मिली। अब फसल तैयार हुई तो बारिश मुसीबत बन रही है।
- रिंकू सिंह, दरहा
किसानों ने बड़ी मेहनत के साथ फसल तैयार की है। अब फसल पकने को है तो बारिश के साथ हवा के तेज झोकों ने फसल गिरा दी। पहले इसी पानी के लिए परेशान थे। अब पानी किसानों की तैयार फसल खराब कर रहा है।
- नरेंद्र पांडेय जिला अध्यक्ष भाकियू, अंबावत गुट
फिलहाल नुकसान की कोई रिपोर्ट नहीं मिली है। प्रभावित क्षेत्रों का सर्वे कराया जाएगा। रिपोर्ट आने के बाद कृषि विभाग को भेज दी जाएगी। जो भी नियमानुसार मदद मिलती है वह दिलाई जाएगी।
- आकाश सिंह, एसडीएम चायल
रात में हुई बारिश को लेकर संबंधित तहसील के जिम्मेदारों से सर्वे कर रिपोर्ट मांगी जाएगी। जो नुकसान हुआ होगा उसके आकलन के बाद ही आगे की कार्रवाई की जाएगी।
- सुरुचि विश्वकर्मा, जिला कृषि अधिकारी

रिंकू सिंह, दरहा- फोटो : mathura