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Kaushambi News: जयमाल और पगड़ी के साथ ही वैवाहिक सामग्री से सजीं दुकानें
Sun, 23 Nov 2025 01:30 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कौशांबी
संवाद न्यूज एजेंसी, कौशांबी
Updated Sun, 23 Nov 2025 01:30 AM IST
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करारी कस्बा स्थित दुकान में सिंदूरदान की खरीदारी करते ग्राहक। संवाद
- फोटो : बछरावां क्षेत्र के बाबूगंज मजरे अटरा गांव में चोरी के लिए खोली गई छत।
सहालगों की शुरुआत के साथ वैवाहिक कार्यक्रमों की खरीदारी शुरू हो गई है। बाजार में जयमाल, पगड़ी और अन्य वैवाहिक सामग्री से दुकानें सज गई हैं। लोगों ने भी अपनी पसंद की खरीदारी शुरू कर दी है।
सहालग की शुरुआत होते ही बाजारों में चहल-पहल बढ़ गई है। दुकानदारों ने पारंपरिक तौर पर वैवाहिक कार्यक्रम में उपयोग आने वाली सामग्री के साथ ही फैशन और आधुनिकता से जुड़ीं सामग्री से दुकानों को भर दिया है। जयमाल के तौर पर वैसे तो फूलों की माला को बनवाया जाता है लेकिन फैशन के साथ ही रेडीमेड जयमाल चलन में है।
रेडीमेड जयमाल तक तो बात ठीक है लेकिन अब रुपये लगी जयमाल का फैशन बढ़ गया है। लोग शादी के लिए 10 से लेकर 500 रुपये तक लगी जयमाल की खरीदारी कर रहे हैं। इसके अलावा पीढ़ा, हल, दौरी और डलिया की बिक्री बढ़ गई है। दुकानदार सत्यम साहू ने बताया कि वर पक्ष के लोग दूल्हा व दुल्हन के साथ मंडप में लगने वाले सामान की काफी बिक्री हो रही है।
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शादी में प्रयोग होने वाले सामानों की कीमत
सामान कीमत (रुपये में)
मौर 1200 - 1500
सिंधोरा 60 - 250 रु
दूल्हे का माला 150 - 500 रु
सेजी-बेनी 30 - 50 रु
दौरी 100 - 350 रु
सूप 100 - 150 रु
पीढ़ा 50 - 100 रु
मूसल 120 - 150 रु
पंहटा 120 - 150 रु
शादी-विवाह के सामानों की खरीदारी शुरू हो गई है। विशेषकर मध्यम वर्ग के ग्राहक काफी आ रहे हैं। शादी में लगने वाले सभी सामान दुकानों पर उपलब्ध हैं। - शारदा साहू
- शादी-विवाह में अभी भी लोग पुरानी परंपरा से जुड़े हैं। सभी शादी में हल, मूसल, दौरी, पंहटा, सूप, सिंधोरा जरूर लगता है। दूल्हा के मौर दुल्हन की मौरी से लेकर मंडप छाजन में लगने वाले सभी सामान दुकान पर उपलब्ध हैं। - संतोष अग्रहरि
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सहालग की शुरुआत होते ही बाजारों में चहल-पहल बढ़ गई है। दुकानदारों ने पारंपरिक तौर पर वैवाहिक कार्यक्रम में उपयोग आने वाली सामग्री के साथ ही फैशन और आधुनिकता से जुड़ीं सामग्री से दुकानों को भर दिया है। जयमाल के तौर पर वैसे तो फूलों की माला को बनवाया जाता है लेकिन फैशन के साथ ही रेडीमेड जयमाल चलन में है।
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रेडीमेड जयमाल तक तो बात ठीक है लेकिन अब रुपये लगी जयमाल का फैशन बढ़ गया है। लोग शादी के लिए 10 से लेकर 500 रुपये तक लगी जयमाल की खरीदारी कर रहे हैं। इसके अलावा पीढ़ा, हल, दौरी और डलिया की बिक्री बढ़ गई है। दुकानदार सत्यम साहू ने बताया कि वर पक्ष के लोग दूल्हा व दुल्हन के साथ मंडप में लगने वाले सामान की काफी बिक्री हो रही है।
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शादी में प्रयोग होने वाले सामानों की कीमत
सामान कीमत (रुपये में)
मौर 1200 - 1500
सिंधोरा 60 - 250 रु
दूल्हे का माला 150 - 500 रु
सेजी-बेनी 30 - 50 रु
दौरी 100 - 350 रु
सूप 100 - 150 रु
पीढ़ा 50 - 100 रु
मूसल 120 - 150 रु
पंहटा 120 - 150 रु
शादी-विवाह के सामानों की खरीदारी शुरू हो गई है। विशेषकर मध्यम वर्ग के ग्राहक काफी आ रहे हैं। शादी में लगने वाले सभी सामान दुकानों पर उपलब्ध हैं। - शारदा साहू
- शादी-विवाह में अभी भी लोग पुरानी परंपरा से जुड़े हैं। सभी शादी में हल, मूसल, दौरी, पंहटा, सूप, सिंधोरा जरूर लगता है। दूल्हा के मौर दुल्हन की मौरी से लेकर मंडप छाजन में लगने वाले सभी सामान दुकान पर उपलब्ध हैं। - संतोष अग्रहरि

करारी कस्बा स्थित दुकान में सिंदूरदान की खरीदारी करते ग्राहक। संवाद- फोटो : बछरावां क्षेत्र के बाबूगंज मजरे अटरा गांव में चोरी के लिए खोली गई छत।