{"_id":"5c895299bdec22140012c962","slug":"61552503449-kaushambi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"होली और चुनाव को लेकर डंप होने लगी ब्रांडेड शराब","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
होली और चुनाव को लेकर डंप होने लगी ब्रांडेड शराब
Thu, 14 Mar 2019 12:27 AM IST
shailendra Kumar
अमर उजाला ब्यूरो, कौशाम्बी
अमर उजाला ब्यूरो, कौशाम्बी
Published by: shailendra Kumar
Updated Thu, 14 Mar 2019 12:27 AM IST
विज्ञापन
बरामद की गई शराब
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मंझनपुर। होली और लोकसभा चुनाव को लेकर कारोबारियों ने शराब बिक्री का नया तरीका खोज निकाला है। दुकानों से महंगे ब्रांड की शराब हटाकर डंप कर दी गई है। जो ब्रांड नहीं बिक रहे थे, उन्हें दुकान में रखकर बेचा जा रहा है।
जिले में शराब की दुकानों से महंगे ब्रांड की अंग्रेजी शराब गायब हो गई है। दुकानों पर वही ब्रांड बिक रहे हैं, जिनकी पूरे साल तक पूछ नहीं हो रही थी। मजबूरी में लोगों को घटिया दर्जे की शराब खरीदनी पड़ रही है। दुकानों के सेल्समैनों का कहना है कि उन्हें एफएलटू-2 से ही सप्लाई नहीं मिल रहा है, जबकि हकीकत यह है कि दुकानदारों ने खुद ही लोकसभा चुनाव और होली पर ज्यादा मुनाफा कमाने के चक्कर में चलन में शामिल शराब की ब्रांडों से दुकान से हटाकर डंप करवा दिया है। समदा स्थित अंग्रेजी शराब के सेल्समैन जेपी मिश्रा का कहना है कि उनकी डिमांड एफएलटू-2 में पड़ी है। इसके बाद भी शराब उपलब्ध नहीं हो पा रही है।
ज्यादा मुनाफा कमाने को लेकर खेल
मंझनपुर। शराब की ब्रांड पर काऊ सेस लगाने की योजना है। यह पैसा अप्रैल से लगना शुरू हो सकता है। इसे लेकर ज्यादा मुनाफा के चक्कर में दुकानदारों ने खुद ही शराब की महंगी ब्रांड को डंप करवा दिया। सस्ते दाम की अंग्रेजी शराब खुलेआम अधिक रेट पर बेची जा रही है।
विज्ञापन
अग्रेंजी शराब के महंगे ब्रांड गोदाम से ही नहीं आ रहे हैं। इस वजह से दिक्कत हैं। 31 मार्च के बाद जो ब्रांड बच जाएंगे, उन्हें फिर से होलोग्राम लगवाने के लिए भेजना पड़ेगा। इसके अलावा तमाम तरह की तकनीकी दिक्कत की वजह से ब्रांड नहीं आ पा रहे हैं।
अर्चना पांडेय, आबकारी इंस्पेक्टर
विज्ञापन
जिले में शराब की दुकानों से महंगे ब्रांड की अंग्रेजी शराब गायब हो गई है। दुकानों पर वही ब्रांड बिक रहे हैं, जिनकी पूरे साल तक पूछ नहीं हो रही थी। मजबूरी में लोगों को घटिया दर्जे की शराब खरीदनी पड़ रही है। दुकानों के सेल्समैनों का कहना है कि उन्हें एफएलटू-2 से ही सप्लाई नहीं मिल रहा है, जबकि हकीकत यह है कि दुकानदारों ने खुद ही लोकसभा चुनाव और होली पर ज्यादा मुनाफा कमाने के चक्कर में चलन में शामिल शराब की ब्रांडों से दुकान से हटाकर डंप करवा दिया है। समदा स्थित अंग्रेजी शराब के सेल्समैन जेपी मिश्रा का कहना है कि उनकी डिमांड एफएलटू-2 में पड़ी है। इसके बाद भी शराब उपलब्ध नहीं हो पा रही है।
विज्ञापन
ज्यादा मुनाफा कमाने को लेकर खेल
मंझनपुर। शराब की ब्रांड पर काऊ सेस लगाने की योजना है। यह पैसा अप्रैल से लगना शुरू हो सकता है। इसे लेकर ज्यादा मुनाफा के चक्कर में दुकानदारों ने खुद ही शराब की महंगी ब्रांड को डंप करवा दिया। सस्ते दाम की अंग्रेजी शराब खुलेआम अधिक रेट पर बेची जा रही है।
विज्ञापन
अग्रेंजी शराब के महंगे ब्रांड गोदाम से ही नहीं आ रहे हैं। इस वजह से दिक्कत हैं। 31 मार्च के बाद जो ब्रांड बच जाएंगे, उन्हें फिर से होलोग्राम लगवाने के लिए भेजना पड़ेगा। इसके अलावा तमाम तरह की तकनीकी दिक्कत की वजह से ब्रांड नहीं आ पा रहे हैं।
अर्चना पांडेय, आबकारी इंस्पेक्टर