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23 घंटे तक चली आयकर विभाग की छापेमारी, हडंकंप
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मंझनपुर। जिले के दो कस्बों में तीन कारोबारियों के घरों और प्रतिष्ठानों में आयकर विभाग ने सर्वे किया। बुधवार की दोपहर से अफसर पूरी रात सर्वे करने में जुटे रहे। करीब 23 घंटे तक चले सर्वे में करोड़ों रुपये की बेनामी संपति का खुलासा हुआ है। इसे लेकर प्रभावित कस्बों समेत जिले भर में हड़कंप मचा रहा है। गुरुवार की सुबह 11 बजे टीम के वापस लौटने पर लोगों ने राहत की सांस ली।
प्रधान आयकर आयुक्त सुवचन राम के निर्देशन पर आयकर अधिकारी नरेंद्र कुमार वर्मा एवं धीरेंद्र शिवाराना की अगुवाई में दर्जन भर से अधिक विभागीय अधिकारियों की टीम ने बुधवार की दोपहर करीब 12 बजे एक साथ सरायअकिल व तिल्हापुर मोड़ के तीन कारोबारियों के यहां छापेमारी की। भारी पुलिस बल की मौजूदगी में आयकर अफसरों ने सरायअकिल के राजाराम बर्तन भंडार में सबसे लंबा सर्वे किया। यहां पूरी रात टीम ने बही-खाता के साथ ही नगदी, गहना समेत एक-एक बिंदु की बारीकी से पड़ताल की। प्रोप्राइटर समर रस्तोगी अपने कारोबार से जुड़ा कोई कागजात नहीं दिखा सके। सर्वे में पता चला कि सबकुछ नंबर दो के कागजात पर चल रहा है। करोड़ों रुपये की बेनामी संपति का खुलासा होने पर टीम अहम कागजात लेकर गुरुवार सुबह 11 बजे वापस लौट गई। इसके अलावा टीम ने पिपरी के आयल, ब्रोशरी एवं खाद्यान्न कारोबारी कमलेश केसरवानी एवं रामू केसरवानी के व्यावसायिक प्रतिष्ठानों पर भी सर्वे किया। तकरीबन 23 घंटे तक चली कार्रवाई से समूचे सरायअकिल कस्बे में हड़कंप मचा रहा है। बड़े कारोबारियों, प्रापर्टी डीलरों ने तो अपने प्रतिष्ठानों का टीम रहने तक ताला ही बंद रखा। कुछ लोग घर में भी ताला बंद कर खिसक गए थे। आयकर अफसरों के वापस लौटने पर सभी ने राहत की सांस ली।
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प्रधान आयकर आयुक्त सुवचन राम के निर्देशन पर आयकर अधिकारी नरेंद्र कुमार वर्मा एवं धीरेंद्र शिवाराना की अगुवाई में दर्जन भर से अधिक विभागीय अधिकारियों की टीम ने बुधवार की दोपहर करीब 12 बजे एक साथ सरायअकिल व तिल्हापुर मोड़ के तीन कारोबारियों के यहां छापेमारी की। भारी पुलिस बल की मौजूदगी में आयकर अफसरों ने सरायअकिल के राजाराम बर्तन भंडार में सबसे लंबा सर्वे किया। यहां पूरी रात टीम ने बही-खाता के साथ ही नगदी, गहना समेत एक-एक बिंदु की बारीकी से पड़ताल की। प्रोप्राइटर समर रस्तोगी अपने कारोबार से जुड़ा कोई कागजात नहीं दिखा सके। सर्वे में पता चला कि सबकुछ नंबर दो के कागजात पर चल रहा है। करोड़ों रुपये की बेनामी संपति का खुलासा होने पर टीम अहम कागजात लेकर गुरुवार सुबह 11 बजे वापस लौट गई। इसके अलावा टीम ने पिपरी के आयल, ब्रोशरी एवं खाद्यान्न कारोबारी कमलेश केसरवानी एवं रामू केसरवानी के व्यावसायिक प्रतिष्ठानों पर भी सर्वे किया। तकरीबन 23 घंटे तक चली कार्रवाई से समूचे सरायअकिल कस्बे में हड़कंप मचा रहा है। बड़े कारोबारियों, प्रापर्टी डीलरों ने तो अपने प्रतिष्ठानों का टीम रहने तक ताला ही बंद रखा। कुछ लोग घर में भी ताला बंद कर खिसक गए थे। आयकर अफसरों के वापस लौटने पर सभी ने राहत की सांस ली।
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