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Kasganj News: अमर उजाला पड़ताल- नहीं बने पिछले साल के टूटे रास्ते और पुल, बाढ़ की आशंका से ग्रामीण परेशान

Sun, 26 Jul 2026 11:27 PM IST
Agra Bureau आगरा ब्यूरो
Updated Sun, 26 Jul 2026 11:27 PM IST
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Roads and bridges damaged last year remain unrepaired; villagers worried about the threat of floods.
फोटो36फोटो 36- तीन वर्ष पूर्व बाढ़ के दौरान ढहा सनौड़ी-नगला जयकिशन का पुल।स्रोत संवाद
कासगंज। जिले में गंगा के जलस्तर में पिछले पखवाड़े से लगातार वृद्धि हो रही है, जिससे नदी के तटीय इलाकों में रहने वाले ग्रामीणों को एक बार फिर बाढ़ की आपदा सताने लगी है। सबसे बड़ी चिंता पिछले साल बाढ़ के दौरान टूटे सड़क मार्ग, पुल और पुलिया हैं, जिनकी अब तक मरम्मत या पुनर्निर्माण नहीं हो सका है। शासन से बजट न मिलने के कारण यदि इस बार बाढ़ आई, तो दर्जनों गांवों का संपर्क पूरी तरह कट सकता है।
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जिला मुख्यालय को कटरी के 100 गांवों से जोड़ने वाला शहवाजपुर-सुन्नगढ़ी मार्ग इसका सबसे बड़ा उदाहरण है। पिछले साल अगस्त में हाईफ्लड के दौरान नगला ढाव के पास सड़क और पुलिया कट गई थी। प्रशासन ने खानापूर्ति करते हुए मिट्टी और रेत डलवाकर आवागमन तो शुरू करा दिया, लेकिन पक्की सड़क का निर्माण नहीं कराया।
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ग्रामीणों का कहना है कि जरा सा पानी बढ़ते ही यह रेत बह जाएगी और रास्ता फिर से कट जाएगा। ग्रामीणों ने शासन और प्रशासन से मांग की है कि बाढ़ आने से पहले जर्जर मार्गों और पुलों का पक्का निर्माण कराया जाए, ताकि उन्हें हर साल इस संकट का सामना न करना पड़े।
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तीन साल बाद भी नहीं बना सनौड़ी-नगला जयकिशन का जर्जर पुल
सनौड़ी-नगला जयकिशन मार्ग का पुल जुलाई 2023 में यानी तीन साल पहले बाढ़ में ढह गया था, जो आज तक नहीं बन पाया है। इस पुल के टूटने से करीब बीस गांवों का आवागमन बुरी तरह प्रभावित है। सामान्य दिनों में लोगों को खेतों से होकर या लंबे रास्तों से गुजरना पड़ता है, जबकि महिलाओं और बच्चों के लिए पटियाली आना-जाना बेहद मुश्किल भरा साबित होता है। बाढ़ के समय स्थिति और भी विकट हो जाती है जब चारों तरफ पानी भरने पर केवल नाव ही एकमात्र सहारा बचती है।
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इन गांवों का आवागमन बाधित है
सड़क कटने से शहबाजपुर, गढ़ी, उलाई,बमनपुरा, म्यासुर, मंगदपुर, मुजफ्फरनगर, रफ़ातपुर, अजीतनगर, मनकापुर, चांदवा, किसोल, किलोनी, सिकंदरपुर, उल्लीपुर, चोखे नगला, नागर, कंचनपुर, मोहननगला, खिदरपुर, गजोरा, सुन्नगढ़ी, देवकली, बस्तोली, रिखोली और धर्मपुर गांव का आवागमन बाधित है।
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आने-जाने में हो रही परेशानी
- सुन्नगढ़ी मार्ग की पुलिया पिछली बाढ़ में कट गई थी। जिससे ग्रामीणों को आवागमन में काफी परेशानी है। अभी तक यह पुलिया सही नहीं हो सकी है। अब फिर बाढ़ आने की आशंका से परेशान हैं। - विकास, गजौरा
- सनौड़ी-नगला जयकिशन का पुल तीन साल पहले बाढ़ आपदा में ढह गया था। इस इलाके की कई छोटी पुलिया भी कट गईं थीं। अभी तक न पुल का निर्माण हुआ है और न पुलिया का हुआ है। सड़कें कटी हुई हैं। गंगा में फिर से पानी बढ़ने लगा है। बाढ़ आने पर बढ़ी मुसीबत हो जाएगी। -उर्वेश, नगला जयकिशन


वर्जन-
बाढ़ में कटी सुन्नगढ़ी की सड़क और पुलिया के निर्माण का प्रस्ताव शासन को भेजा गया है, लेकिन अभी तक इस प्रस्ताव पर धन स्वीकृत नहीं हुआ है। अस्थायी तौर पर रेत डालकर सड़क की खंदी भर गई है। - दिनेश सिंह, अधिशासी अभियंता
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