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Kasganj News: गंगा के रौद्र रूप से कांपे तटीय इलाके...संकट में गोलामणि

Fri, 02 Oct 2026 11:27 PM IST
Agra Bureau आगरा ब्यूरो
Updated Fri, 02 Oct 2026 11:27 PM IST
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Coastal areas tremble at the Ganga's furious form... Golamani in peril.
फोटो 20- सुन्नगढ़ी में कटान करती गंगा की धारा। संवाद
कासगंज। बारिश भले ही खत्म हो गई हो मगर गंगा के तटीय इलाकों के लोगों की मुसीबत कम नहीं हो रही है। लगातार हो रहे कटान से आसपास की सैकड़ों बीघा उपजाऊ जमीन गंगा की गोद में समा चुकी है। ऊंचाई पर स्थित सुन्नगढ़ी में 80 साल पुराने प्रसिद्ध गोलामणि मंदिर व आश्रम पर भी संकट के बादल मंडरा रहे हैं। पानी तेजी से मणि की ओर बढ़ रहा है। सिंचाई विभाग की कटान रोकने की कोई कवायद सिरे नहीं चढ़ सकी हैं। अब ग्रामीणों ने भी कटान को रोकने के लिए ताकत झोंक दी है।
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बांधों से छोड़े गए पानी के कारण गंगा की धारा ने टीलों को काटकर अपना रुख उत्तर से दक्षिण की ओर कर लिया है, जिससे किलौनी, किसौल और सुन्नगढ़ी के ग्रामीणों की चिंता बढ़ गई है। स्थानीय निवासी राहुल ने बताया कि यदि गोलामणि का यह ऊंचा क्षेत्र गंगा में विलीन होता है, जोकि प्राकृतिक रूप से प्रवाह को नियंत्रित करता है तो किलौनी, किसौल और सुन्नगढ़ी गांव संकट में फंसेंगे।
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ग्रामीण विजेंद्र और देवेंद्र ने बताया कि पिछले वर्ष शुरू हुए कटान के कारण पूर्व में लगाए गए सिंचाई विभाग के सुरक्षा कार्य भी पूरी तरह ध्वस्त हो चुके हैं। ऐसे में ग्रामीणों ने भी अपने स्तर से कटान की रोकथाम के उपाय शुरू कर दिए हैं। ग्रामीणों बबलू, यशवीर, चरन सिंह आदि ने प्रशासन से स्थायी समाधान के रूप में पक्के बांध के निर्माण की मांग की है। बृहस्पतिवार को सिंचाई विभाग के अधिकारी मौके पर पहुंचे और प्लास्टिक बैग डालकर कटान रोकने के प्रयास तेज कर दिए। शुक्रवार को भी टीमें जुटी रहीं।
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अभयपुरा, भुसावली गांवों

का मिट गया नामोनिशानपटियाली तहसील के बरौना गांव में पक्का बांध होने के बावजूद आबादी के नजदीक गंगा का प्रवाह बना हुआ है। इस वर्ष कच्चे बांध भी कटान का शिकार हुए हैं। कई साल पहले तटीय इलाके के अभयपुरा और भुसावली गांव गंगा में समा चुके हैं। उन गांवों को अन्यत्र बसाना पड़ा था। इसी तरह तटीय इलाकों में रहने वाले किसानों की सैकड़ों बीघा खेती की जमीन भी बर्बाद हो चुकी है। लोगों को डर सता रहा है कि कटान नहीं रुका तो मुसीबत और बढ़ सकती है।

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वर्जन-
- गोलामणि पर कटान रोकने के लिए लगातार प्रयास हो रहे हैं और यह प्रयास कारगर भी होने लगे हैं। गंगा के जलस्तर में भी कमी आ रही है, जिससे काम तेजी से करने का मौका मिल रहा है। लगातार उपाय किए जा रहे हैं। - संदीप जैन, एसडीओ, सिंचाई

फोटो 20- सुन्नगढ़ी में कटान करती गंगा की धारा। संवाद

फोटो 20- सुन्नगढ़ी में कटान करती गंगा की धारा। संवाद

फोटो 20- सुन्नगढ़ी में कटान करती गंगा की धारा। संवाद

फोटो 20- सुन्नगढ़ी में कटान करती गंगा की धारा। संवाद

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