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Kanpur News: हुनर सीख आत्मनिर्भर बन रही महिलाएं, शुरू कर रहीं खुद का कारोबार
Sat, 30 May 2026 01:16 AM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कानपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, कानपुर
Updated Sat, 30 May 2026 01:16 AM IST
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कानपुर देहात। ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत जिले की महिलाओं को उनके कौशल के अनुसार हुनरमंद बनाया जा रहा है। महिलाएं ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान (आरसेटी) से प्रशिक्षण प्राप्त कर खुद का कारोबार कर आत्मनिर्भर बन रही है। साथ ही अन्य महिलाओं को रोजगार उपलब्ध करा रही हैं।
एनआरएलएम विभाग जिले में अभियान चलाते हुए पात्र गृहस्थी व अंत्योदय कार्ड धारक परिवार की तीन लाख से अधिक महिलाओं समूह से जोड़ने का कार्य कर रहा है। विभाग के अनुसार अभी तक करीब 10500 महिलाओं को पुराने या फिर नए समूह का गठन कर जोड़ा जा चुका है। अब इन महिलाओं को उनके कौशल के अनुसार प्रशिक्षित दिलाए जाने की तैयारी है। आरसेटी प्रशिक्षक निखिल मिश्रा ने बताया कि 30-30 महिलाओं का बैच बनाकर इन्हें इनकी इच्छा के अनुसार 25 तरह के कौशल का प्रशिक्षण दिलाया जाएगा।
प्रशिक्षण पूरा होने पर कारोबार शुरू करने के लिए सीसीएल के तहत 1.5 लाख रुपये तक का ऋण दिलाया जाएगा। जिससे वह खुद का कारोबार शुरू कर सकें। उपायुक्त एनआरएलएम गंगाराम वर्मा ने बताया कि चयनित योजनाओं में ब्यूटी पार्लर, पापड़ मसाला उद्योग, जूट उत्पाद, डेयरी फार्मिंग, बकरी पालन, पेपर कवर, आर्टिफिशयल ज्वैलरी, सॉफ्ट ट्वायस, कृषि उद्यमी जैसे उत्पाद बनाना सिखाया जाएगा। यह प्रशिक्षण निशुल्क होगा। इसका उद्देश्य महिलाओं को रोजगार उपलब्ध कराते हुए लखपति दीदी की श्रेणी में शामिल करना है। इसके लिए महिलाओं से आवेदन मांगे जा रहे हैं। जल्द ही प्रशिक्षण शुरू किया जाएगा।
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एनआरएलएम विभाग जिले में अभियान चलाते हुए पात्र गृहस्थी व अंत्योदय कार्ड धारक परिवार की तीन लाख से अधिक महिलाओं समूह से जोड़ने का कार्य कर रहा है। विभाग के अनुसार अभी तक करीब 10500 महिलाओं को पुराने या फिर नए समूह का गठन कर जोड़ा जा चुका है। अब इन महिलाओं को उनके कौशल के अनुसार प्रशिक्षित दिलाए जाने की तैयारी है। आरसेटी प्रशिक्षक निखिल मिश्रा ने बताया कि 30-30 महिलाओं का बैच बनाकर इन्हें इनकी इच्छा के अनुसार 25 तरह के कौशल का प्रशिक्षण दिलाया जाएगा।
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प्रशिक्षण पूरा होने पर कारोबार शुरू करने के लिए सीसीएल के तहत 1.5 लाख रुपये तक का ऋण दिलाया जाएगा। जिससे वह खुद का कारोबार शुरू कर सकें। उपायुक्त एनआरएलएम गंगाराम वर्मा ने बताया कि चयनित योजनाओं में ब्यूटी पार्लर, पापड़ मसाला उद्योग, जूट उत्पाद, डेयरी फार्मिंग, बकरी पालन, पेपर कवर, आर्टिफिशयल ज्वैलरी, सॉफ्ट ट्वायस, कृषि उद्यमी जैसे उत्पाद बनाना सिखाया जाएगा। यह प्रशिक्षण निशुल्क होगा। इसका उद्देश्य महिलाओं को रोजगार उपलब्ध कराते हुए लखपति दीदी की श्रेणी में शामिल करना है। इसके लिए महिलाओं से आवेदन मांगे जा रहे हैं। जल्द ही प्रशिक्षण शुरू किया जाएगा।
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