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बिकरू कांड: नाबालिग खुशी को अमर की पत्नी बताने पर जताई आपत्ति
Fri, 25 Sep 2020 12:53 AM IST
शिखा पांडेय
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: शिखा पांडेय
Updated Fri, 25 Sep 2020 12:53 AM IST
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खुशी
- फोटो : अमर उजाला
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किशोर न्याय बोर्ड द्वारा खुशी को नाबालिग घोषित किए जाने के बाद भी विवेचना के दौरान खुशी को अमर दुबे की पत्नी बताने पर अधिवक्ता शिवाकांत दीक्षित ने आपत्ति जताई। साथ ही बिना सबूत खुशी के खिलाफ गंभीर धाराओं में रिमांड लेने पर भी विरोध दर्ज किया।
कानपुर देहात के किशोर न्याय बोर्ड ने अधिवक्ता की आपत्तियों पर विवेचक को तीन दिन में बिंदुवार आख्या देने के निर्देश दिए हैं। हालांकि बोर्ड ने खुशी का 14 दिन का न्यायिक रिमांड मंजूर कर लिया है। गुरुवार को कड़ी सुरक्षा में खुशी को बाराबंकी से कानपुर देहात लाया गया, जहां बोर्ड के सामने खुशी पेश हुई।
विवेचक की ओर से किशोर बोर्ड को प्रार्थना पत्र देकर खुशी के खिलाफ बलवा, गाली-गलौज, जानमाल की धमकी, पुलिसकर्मियों पर हमला, हत्या, डकैती, डकैती का माल रखने आदि अधिनियम के तहत रिमांड मांगी गई थी।
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कानपुर देहात के किशोर न्याय बोर्ड ने अधिवक्ता की आपत्तियों पर विवेचक को तीन दिन में बिंदुवार आख्या देने के निर्देश दिए हैं। हालांकि बोर्ड ने खुशी का 14 दिन का न्यायिक रिमांड मंजूर कर लिया है। गुरुवार को कड़ी सुरक्षा में खुशी को बाराबंकी से कानपुर देहात लाया गया, जहां बोर्ड के सामने खुशी पेश हुई।
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विवेचक की ओर से किशोर बोर्ड को प्रार्थना पत्र देकर खुशी के खिलाफ बलवा, गाली-गलौज, जानमाल की धमकी, पुलिसकर्मियों पर हमला, हत्या, डकैती, डकैती का माल रखने आदि अधिनियम के तहत रिमांड मांगी गई थी।
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इस पर खुशी के पिता श्यामलाल तिवारी की ओर से अधिवक्ता शिवाकांत ने कहा कि खुशी पर डकैती व डकैती का माल रखने का आरोप है, जबकि खुशी के पास से कोई बरामदगी पुलिस नहीं दिखा सकी। अन्य आरोपों के भी ठोस सबूत नहीं हैं।
अधिवक्ता की सुरक्षा के लिए डीएम को ज्ञापन
गैंगस्टर विकास दुबे और जय बाजपेई व उसके गैंग से जुड़े लोगों के काले कारनामों का खुलासा करने वाले अधिवक्ता सौरभ भदौरिया को सुरक्षा देने की मांग को लेकर अधिवक्ताओं ने मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन डीएम को सौंपा।
एडवोकेट्स वेलफेयर कौंसिल उप्र के प्रदेश प्रभारी नरेश मिश्रा के नेतृत्व में अधिवक्ता डीएम कार्यालय पहुंचे और सौरभ को मिल रही धमकियों पर रोष जताया। इस दौरान नरेश चंद्र त्रिपाठी, ओमप्रकाश त्रिपाठी, अब्दुल सादिक सिद्दीकी, शैलेंद्र दत्त त्रिपाठी आदि मौजूद रहे।
अधिवक्ता की सुरक्षा के लिए डीएम को ज्ञापन
गैंगस्टर विकास दुबे और जय बाजपेई व उसके गैंग से जुड़े लोगों के काले कारनामों का खुलासा करने वाले अधिवक्ता सौरभ भदौरिया को सुरक्षा देने की मांग को लेकर अधिवक्ताओं ने मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन डीएम को सौंपा।
एडवोकेट्स वेलफेयर कौंसिल उप्र के प्रदेश प्रभारी नरेश मिश्रा के नेतृत्व में अधिवक्ता डीएम कार्यालय पहुंचे और सौरभ को मिल रही धमकियों पर रोष जताया। इस दौरान नरेश चंद्र त्रिपाठी, ओमप्रकाश त्रिपाठी, अब्दुल सादिक सिद्दीकी, शैलेंद्र दत्त त्रिपाठी आदि मौजूद रहे।