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फतेहपुर: प्रेमिका की हत्या कर शव जलाया, प्रेमी ट्रेन से कटा, तीन घंटे में खुला हत्या का भेद
Sat, 12 Sep 2020 01:07 PM IST
प्रभापुंज मिश्रा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, फतेहपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, फतेहपुर
Published by: प्रभापुंज मिश्रा
Updated Sat, 12 Sep 2020 01:07 PM IST
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घटनास्थल पर पुलिस
- फोटो : अमर उजाला
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फतेहपुर जिले में औंग थानाक्षेत्र के मकुआखेड़ा गांव में शुक्रवार की रात युवक ने प्रेमिका की हत्या के बाद शव को जला दिया। शनिवार सुबह गांव के नजदीक ही तालाब के पास मिले शव के पास ही पुलिस को एक मोबाइल और दो बैटरियां मिलीं।
मोबाइल की मदद से पुलिस साढ़े तीन घंटे के भीतर जब आरोपी प्रेमी युवक की तलाश में उसके घर तक पहुंची तो उसने पकड़े जाने से भयभीत होकर मालगाड़ी के आगे कूदकर जान दे दी।
पुलिस के मुताबिक हाजीपुर ग्रामसभा के मजरा मकुआखेड़ा में तालाब के पास शनिवार सुबह करीब छह बजे ग्रामीणों ने एक युवती का जला हुआ शव पड़ा देखा। इसकी खबर कुछ ही देर में कई गांवों में फैल गई और लोगों की मौके पर भीड़ जमा हो गई।
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चेहरा बुरी तरह जला होने से युवती की शिनाख्त करना मुश्किल हो गया। सुबह करीब सात बजे औंग थानाध्यक्ष केशव वर्मा फोर्स के साथ पहुंचे। पुलिस को शव के पास एक मोबाइल और दो बैटरियां पड़ी मिलीं। इस मोबाइल को ऑन करके पुलिस ने युवती की शिनाख्त की कोशिश की गई।
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मोबाइल की मदद से पुलिस साढ़े तीन घंटे के भीतर जब आरोपी प्रेमी युवक की तलाश में उसके घर तक पहुंची तो उसने पकड़े जाने से भयभीत होकर मालगाड़ी के आगे कूदकर जान दे दी।
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पुलिस के मुताबिक हाजीपुर ग्रामसभा के मजरा मकुआखेड़ा में तालाब के पास शनिवार सुबह करीब छह बजे ग्रामीणों ने एक युवती का जला हुआ शव पड़ा देखा। इसकी खबर कुछ ही देर में कई गांवों में फैल गई और लोगों की मौके पर भीड़ जमा हो गई।
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चेहरा बुरी तरह जला होने से युवती की शिनाख्त करना मुश्किल हो गया। सुबह करीब सात बजे औंग थानाध्यक्ष केशव वर्मा फोर्स के साथ पहुंचे। पुलिस को शव के पास एक मोबाइल और दो बैटरियां पड़ी मिलीं। इस मोबाइल को ऑन करके पुलिस ने युवती की शिनाख्त की कोशिश की गई।
युवती के दोनों हाथ में कंगन थे। सुबह नौ बजे गांव के रामबाबू रैदास पत्नी फूलमती के साथ औंग थाने पहुंचे और मृतका की शिनाख्त अपनी पुत्री प्रिया (20) के रूप में की। कंगन को प्रिया का बताया।पुलिस को शव के पास मिले मोबाइल में रात साढ़े 11 बजे आखिरी कॉल मिली।
इस नंबर पर जब संपर्क का प्रयास किया गया तो फोन रिसीव नहीं हुआ। इसके बाद पुलिस ने सर्विलांस की मदद से इस नंबर की कॉल हिस्ट्री निकाली तो आखिरी कॉल का नंबर गांव के ही धीरेंद्र उर्फ रामू रैदास (25) पुत्र राजेश रैदास का निकला।
पुलिस जब उसके घर पहुंची तो वह पीछे के दरवाजे से भाग गया। एक किलोमीटर दूर स्थित रेलवे ट्रैक पर पहुंचा और कानपुर की ओर से आ रही मालगाड़ी के आगे कूद गया। कुछ देर बाद इसकी जानकारी जब औंग पुलिस को मिली तो सीओ बिंदकी योगेंद्र मलिक फोर्स के साथ भागकर मौके पर पहुंचे।
उधर, एसपी प्रशांत वर्मा ने बताया कि जांच में सामने आया है कि धीरेंद्र और प्रिया के बीच प्रेम प्रसंग था। रात में दोनों के बीच फोन पर बात भी हुई थी। प्रिया की शादी दूसरी जगह तय होने से धीरेंद्र नाराज था और इसी कारण उसने प्रिया को घर से बुलाकर उसकी हत्या की ओर फिर शव को मिट्टी का तेल डालकर जला दिया। पुलिस जब शव के पास मिले मोबाइल की मदद से धीरेंद्र तक पहुंची तो उसने मालगाड़ी के आगे कूदकर जान दे दी।
इस नंबर पर जब संपर्क का प्रयास किया गया तो फोन रिसीव नहीं हुआ। इसके बाद पुलिस ने सर्विलांस की मदद से इस नंबर की कॉल हिस्ट्री निकाली तो आखिरी कॉल का नंबर गांव के ही धीरेंद्र उर्फ रामू रैदास (25) पुत्र राजेश रैदास का निकला।
पुलिस जब उसके घर पहुंची तो वह पीछे के दरवाजे से भाग गया। एक किलोमीटर दूर स्थित रेलवे ट्रैक पर पहुंचा और कानपुर की ओर से आ रही मालगाड़ी के आगे कूद गया। कुछ देर बाद इसकी जानकारी जब औंग पुलिस को मिली तो सीओ बिंदकी योगेंद्र मलिक फोर्स के साथ भागकर मौके पर पहुंचे।
उधर, एसपी प्रशांत वर्मा ने बताया कि जांच में सामने आया है कि धीरेंद्र और प्रिया के बीच प्रेम प्रसंग था। रात में दोनों के बीच फोन पर बात भी हुई थी। प्रिया की शादी दूसरी जगह तय होने से धीरेंद्र नाराज था और इसी कारण उसने प्रिया को घर से बुलाकर उसकी हत्या की ओर फिर शव को मिट्टी का तेल डालकर जला दिया। पुलिस जब शव के पास मिले मोबाइल की मदद से धीरेंद्र तक पहुंची तो उसने मालगाड़ी के आगे कूदकर जान दे दी।