रसूलाबाद। निपुण भारत मिशन के तहत आरपीएस इंटर कॉलेज में शिक्षकों को प्रशिक्षण दिया जा रहा है। प्रशिक्षण के दूसरे दिन मंगलवार को खंड शिक्षा अधिकारी अजब सिंह ने कहा कि बच्चों को पढ़ाते समय अक्षर ज्ञान व उनसे निकलने वाली ध्वनियों की जानकारी दी जानी चाहिए।
बीईओ ने कहा कि बच्चों की सीखने की प्रक्रिया को मजेदार बनाने के लिए खेल-खेल में सिखाने की विधि का उपयोग करें। उन्हें पढ़ाने के दौरान प्रोत्साहित करें, जिससे प्रश्न पूछने और बातों को साझा करने में संकोच न करें। संदर्भदाता हिमांशु गुप्ता ने कहा कि बच्चों को सिखाने के लिए दृश्य सामग्री, संगीत व गतिविधि आधारित शिक्षण पद्धति को शामिल करना चाहिए। संदर्भदाता सोनू सिंह ने ब्लेंडिंग और ग्रिड के माध्यम से शब्द पठन के अभ्यास कार्य के महत्व को बताया। कहा कि शिक्षण कार्य के दौरान किताबों, पोस्टर और चार्ट जैसी मुद्रित सामग्री का प्रयोग करना चाहिए। इससे वह प्रिंट व ध्वनि के बीच संबंध को समझ सकेंगे। संदर्भदाता मुकेश दिवाकर ने कक्षा तीन की पाठ्यपुस्तक व कार्य पुस्तिका की गतिविधियों पर बच्चों की सहायता करने की रणनीतियों पर चर्चा की। जबकि संदर्भदाता दिनेश कुमार ने कहा कि बच्चों को आसपास की दैनिक घटनाओं और गतिविधियों के बारे में सिखाकर जागरूक करें। चित्रों के माध्यम से प्रश्न पूछना चाहिए। अर्पित, राहुल, गौरव, मयंक, अशोक, संतोष, हेमंत आदि शिक्षक मौजूद रहे।