Kanpur Crime: सिर के आरपार हुई थी गोली, अधिक खून बहने से मौत, रात में कराया गया पोस्टमार्टम, जानें पूरा मामला
Kanpur News: एसीपी कर्नलगंज अकमल खां ने बताया पेरिस की लामा कंपनी की पिस्टल से युवक ने खुदकुशी की है। पिस्टल पर 9 एमएम लिखा हुआ है, जबकि पिस्टल 32 बोर की है।
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कानपुर में नवाबगंज थाना क्षेत्र के लखनपुर पॉश इलाके में कानपुर देहात के पूर्व जिलाध्यक्ष व पूर्व एमएलसी दिलीप सिंह उर्फ कल्लू यादव के इंटर पास भतीजे आलोक यादव (19) ने नाइन एमएम लिखी पिस्टल से गोली मारकर जान दी थी। यह पिस्टल बड़े भाई शिवम के नाम है।
देर रात विशेष परमीशन के बाद आलोक का पोस्टमार्टम कराया गया। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में सिर पर दाहिने तरफ से गोली घुसकर बाईं तरफ आरपार होकर निकलने की पुष्टि है। सिर पर गोली और अधिक खून बहने की वजह से मौत हुई है। इसके बाद शव परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया।
नवाबगंज पुलिस और फोरेंसिक टीम ने घटना में इस्तेमाल की गई पिस्टल को देखा, तो उनके होश उड़ गए। उस पर 9 एमएम लिखा था। भारत में 9 एमएम की पिस्टल बैन है। थाना पुलिस के अनुसार, सितंबर वर्ष 2015 में इसी पिस्टल से आलोक के पिता सुभाष यादव ने भी खुदकुशी की थी। अब सुभाष के बेटे ने जान दे दी।
9 एमएम का कारतूस नहीं घुसा
एसीपी कर्नलगंज अकमल खां ने बताया पेरिस की लामा कंपनी की पिस्टल से युवक ने खुदकुशी की है। पिस्टल पर 9 एमएम लिखा हुआ है, जबकि पिस्टल 32 बोर की है। जांच के दौरान 9 एमएम के पिस्टल की बुलेट डालकर देखी गई तो नहीं लगा। ऑल इंडिया परमिट का लाइसेंस है।
नहीं है प्रतिबंधित बोर की पिस्टल
फोरेंसिक जांच की रिपोर्ट आने के बाद ही साफ हो सकेगा कि आखिर पिस्टल कितने बोर की है। प्राथमिक जांच में पता चला है, प्रतिबंधित बोर की पिस्टल नहीं है। गन शॉप वालों से पड़ताल करने पर सामने आया कि बहुत सारे लोग अपनी पिस्टल पर रौब या खुद को विशेष बताने व जताने के लिए 9 एमएम लिखवा लेते हैं।