{"_id":"5d02601abdec226d6c303248","slug":"rural-bank-branch-manager-created-123-fake-customer-for-fraud","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"ग्रामीण बैंक शाखा प्रबंधक ने पहले बनाए 123 फर्जी ग्राहक फिर किया 31 लाख का गबन, हुआ घोटाले का खुलासा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
ग्रामीण बैंक शाखा प्रबंधक ने पहले बनाए 123 फर्जी ग्राहक फिर किया 31 लाख का गबन, हुआ घोटाले का खुलासा
Thu, 13 Jun 2019 09:45 PM IST
प्रभापुंज मिश्रा
यूपी डेस्क, अमर उजाला, कन्नौज
यूपी डेस्क, अमर उजाला, कन्नौज
Published by: प्रभापुंज मिश्रा
Updated Thu, 13 Jun 2019 09:45 PM IST
विज्ञापन
बैंक घोटाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कन्नौज के आर्यावर्त ग्रामीण बैंक शाखा मकरंदनगर के पूर्व प्रबंधक ने करीब 123 ग्राहक बनाकर 31 लाख 22 हजार पांच सौ रुपये का गबन कर लिया। वर्तमान शाखा प्रबंधक ने जांच कराने के बाद पूर्व शाखा प्रबंधक के खिलाफ सदर कोतवाली में मुकदमा दर्ज कराया है।
शाखा प्रबंधक अंशुल दीक्षित ने पूर्व शाखा प्रबंधक राधेश्याम के खिलाफ दर्ज कराए मामले में बताया कि उन्होंने ऐसे लोगों के नाम से लोन स्वीकृत किया, जिनका नाम, निवास स्थान, पहचान पत्र व जमानतगीर के बारे में कुछ भी अता-पता नहीं है। पूर्व प्रबंधक ने बैंक शाखा के नियमों को ताक पर रखकर फर्जी लोगों के नाम से गबन किया है।
विज्ञापन
शाखा प्रबंधक अंशुल दीक्षित ने पूर्व शाखा प्रबंधक राधेश्याम के खिलाफ दर्ज कराए मामले में बताया कि उन्होंने ऐसे लोगों के नाम से लोन स्वीकृत किया, जिनका नाम, निवास स्थान, पहचान पत्र व जमानतगीर के बारे में कुछ भी अता-पता नहीं है। पूर्व प्रबंधक ने बैंक शाखा के नियमों को ताक पर रखकर फर्जी लोगों के नाम से गबन किया है।
विज्ञापन
वर्तमान शाखा प्रबंधक ने पूर्व प्रबंधक के खिलाफ दर्ज कराई रिपोर्ट
संपर्क करने पर ज्यादातर खाताधारकों की जानकारी नहीं मिली। इस तरह के खाताधारकों की जांच आर्यावर्त ग्रामीण बैंक कन्नौज के प्रबंधक अनिल कुमार पाठक व हसेरन शाखा के प्रबंधक अनिल कुमार से कराई गई थी। जांच में पाया गया कि पूर्व प्रबंधक ने 123 फर्जी ग्राहक बनाकर 31 लाख 22 हजार पांच सौ रुपये का गबन किया है।
इनमें किसी को 48 हजार रुपये, किसी को 50 हजार रुपये तो किसी को 45 हजार और दो लाख रुपये तक का लोन दिखाया गया है। कोतवाल विनोद कुमार मिश्रा ने बताया कि प्रबंधक की तहरीर पर रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। जांच शुरू कर दी गई है। जल्द ही आरोपी प्रबंधक को गिरफ्तार कर जेल भेजा जाएगा।
इनमें किसी को 48 हजार रुपये, किसी को 50 हजार रुपये तो किसी को 45 हजार और दो लाख रुपये तक का लोन दिखाया गया है। कोतवाल विनोद कुमार मिश्रा ने बताया कि प्रबंधक की तहरीर पर रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। जांच शुरू कर दी गई है। जल्द ही आरोपी प्रबंधक को गिरफ्तार कर जेल भेजा जाएगा।