फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Kanpur News ›   roadways buses became women bus

‘महिलामय’ हो गईं यूपी की रोडवेज बसें, पुरुषों को खड़े होकर करना पड़ा सफर

Tue, 08 Aug 2017 09:36 AM IST
टीम डिजिटल, अमर उजाला, कानपुर
टीम डिजिटल, अमर उजाला, कानपुर Updated Tue, 08 Aug 2017 09:36 AM IST
विज्ञापन
roadways buses became women bus
पुरुषों से ज्यादा महिलाओं की संख्या बसों में दिखी
राखी के लिए महिलाओं को मुफ्त यात्रा की सौगात से परिवहन निगम की बसें ‘महिलामय’ हो गईं। आम दिनों में गिनी-चुनी नजर आने वालीं महिला यात्रियों से बसों की सीटें खचाखच भरी रहीं। पुरुष यात्रियों को खड़े होकर सफर करना पड़ा। उधर, परिवहन निगम को बसों के फेरे बढ़ाने पड़े। इससे महिलाओं को मुफ्त यात्रा के बाद भी निगम की आमदनी में इजाफा हो गया। 
विज्ञापन

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रक्षाबंधन की सौगात के रूप में रविवार की रात 12 बजे से सोमवार की रात 12 बजे तक रोडवेज की बसों में महिलाओं का किराया माफ कर दिया। नतीजे में रक्षाबंधन पर मायके और भाइयों के घर जाने वाली महिलाओं की संख्या कई गुना बढ़ गई। रोडवेज की बसें ‘महिलामय’ नजर आईं। बसों में सीट के लिए मारामारी रही। अधिकांश पुरुष यात्रियों को खड़े होकर ही यात्रा करनी पड़ी। महिलाओं ने सीट पर बैठ कर मुफ्त यात्रा की। 
विज्ञापन



दो दिन मिलती मुफ्त यात्रा तो और बेहतर होता
भाई को राखी बांधने कर्वी से कानपुर जा रहीं मंजू गुप्ता ने महिलाओं की राखी यात्रा मुफ्त कर दिए जाने पर मुख्यमंत्री की सराहना की। साथ ही यह भी कहा कि मुफ्त यात्रा की अवधि कम से कम दो दिन होनी चाहिए थी। ताकि वापसी में भी इसका फायदा मिलता।
विज्ञापन
विज्ञापन


सौगात अच्छी, सीएम को थैंक्स
बांदा नरैनी की नीलम सोमवार को दोपहर बांदा डिपो की बस से कानपुर जा रहीं थीं। वहां उन्हें भाई को राखी बांधनी है। मुफ्त यात्रा पर खुश होकर बोलीं-महिलाओं को अच्छी सौगात है। पर जरूरत के मुताबिक बसें नहीं हैं। कई बसें खटारा हैं जो पांच घंटे के बाद ही कानपुर पहुंचाएंगी। फिर भी सीएम को थैंक्स। 


कम पड़ी गईं 110 बसें, बढ़ाने पड़े फेरे
परिवहन निगम बांदा के सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक मोहम्मद अजीम ने बताया कि रक्षाबंधन पर यात्रियों और खासकर महिलाओं की बढ़ी संख्या के मद्देनजर बसों के फेरे बढ़ाने पड़े। उन्होंने बताया कि बांदा डिपो में 135 बसें हैं। इनमें 110 चल रही हैं। मुख्यमंत्री के आदेश पर महिलाओं को फ्री बैठाया जा रहा है। बसों की संख्या बढ़ पाना मुमकिन नहीं था। लिहाजा विभिन्न रूटों पर चलने वाली बसों के फेरे बढ़ा दिए गए हैं। यह आधी रात तक चलेंगे। उन्होंने बताया कि महिलाओं की मुफ्त यात्रा के बाद भी यात्रियों की संख्या में बढ़ोत्तरी होने से निगम की आमदनी भी बढ़ी है। रोजाना लगभग 10 लाख रुपये की आमद होती है। रक्षाबंधन पर इसका ड्योढ़ा हो जाने की उम्मीद है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed