UP: गठबंधन प्रत्याशी आलोक मिश्रा व विधायक अमिताभ बाजपेई पर रिपोर्ट, कुल 205 लोगों पर FIR...जानें क्या है मामला
Kanpur News: एडिशनल डीसीपी पश्चिम बिजेंद्र द्विवेदी ने बताया कि थाने के सीसीटीवी फुटेज व वीडियो के अवलोकन में पाया गया कि गठबंधन प्रत्याशी और सपा विधायक ने बिना अनुमति के समर्थकों के साथ थाने में धरना प्रदर्शन किया था। साथ ही, पुलिस अधिकारियों से अभद्रता की थी।
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कानपुर में सपा नेता की गिरफ्तारी पर पनकी थाने में पुलिस और सपा नेताओं के बीच हुए विवाद के मामले में शनिवार देर रात गठबंधन प्रत्याशी आलोक मिश्रा, सपा विधायक अमिताभ बाजपेई समेत 205 लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। इन सभी पर सरकारी कार्य में बाधा डालना समेत अन्य आरोप हैं।
बृहस्पतिवाार को ईद पर सपा नेता सम्राट विकास पर अर्मापुर ईदगाह के सामने पानी के कैंप में राजनीतिक बैनर लगाने और सड़क पर नमाज पढ़ने के लिए उकसाने का आरोप था। पुलिस का कहना था कि टोके जाने पर सपा नेता पुलिसकर्मियों से भिड़ गया था। इस पर पुलिस ने सपा नेता को आचार संहिता उल्लंघन व सरकारी काम में बाधा डालने की रिपोर्ट दर्ज गिरफ्तार कर लिया था।
इधर, सम्राट की गिरफ्तारी की सूचना पर सैकड़ों समर्थकों के साथ पहुंचे सपा विधायक अमिताभ बाजपेई, ईडी गठबंधन के प्रत्याशी आलोक मिश्र, संजय यादव, ओमा व रवि सिंह ने पनकी थाने का घेराव का प्रदर्शन किया था। इस दौरान सपा विधायक ने थाने के अंदर एसीपी पनकी से अभद्र भाषा का प्रयोग किया था। इसकी जांच पुलिस कमिश्नर ने एडिशनल डीसीपी पश्चिम बिजेंद्र द्विवेदी को सौंपी थी।
एक घंटे तक बाधित रहा सरकारी काम
बिजेंद्र द्विवेदी ने बताया कि थाने के सीसीटीवी फुटेज व वीडियो के अवलोकन में पाया गया कि गठबंधन प्रत्याशी और सपा विधायक ने बिना अनुमति के समर्थकों के साथ थाने में धरना प्रदर्शन किया था। साथ ही, पुलिस अधिकारियों से अभद्रता की थी। इसके चलते करीब एक घंटे तक सरकारी काम भी बाधित रहा। इसके चलते उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज कर कार्रवाई की जा रही है।
आम जनता को हुई परेशानी
एडीसीपी का कहना है कि ईद के त्योहार के चलते सभी अधिकारियों की ड्यूटी लगी थी। धरना प्रदर्शन के चलते तीन राजपत्रित अधिकारियों के साथ ही क्यूआरटी को अपनी ड्यूटी छोड़कर थाने पहुंचना पड़ा। इसके चलते अन्य थाना क्षेत्रों में भी सरकारी काम प्रभावित हुआ था।
इन धाराओं में दर्ज हुई एफआईआर
- 186: सरकारी कार्य में बाधा डालना।
- 188: महामारी एक्ट का उल्लंघन
- 341: किसी व्यक्ति को गलत तरीके से रोकना।
- 505(2): समुदाय को अपराध करने के लिए उकसाने का प्रयास करना।
- 125: लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम