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नौ हजार डीएल नहीं पहुंचे आवेदकों के घर, बवालेजान बनी ड्राइविंग लाइसेंस की नई व्यवस्था
Fri, 10 May 2019 05:19 PM IST
शिखा पांडेय
यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: शिखा पांडेय
Updated Fri, 10 May 2019 05:19 PM IST
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प्रतीकात्मक फोटो
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कानपुर में किदवई नगर के अमित पांडेय ने गुरुवार को एआरटीओ प्रशासन से ड्राइविंग लाइसेंस के घर न पहुंचने की शिकायत की। उनका कहना था कि उन्होंने ड्राइविंग लाइसेंस के नवीनीकरण के लिए 15 अप्रैल को आवेदन किया था। कहा गया था कि तीन-चार दिन में नया लाइसेंस घर पहुंच जाएगा। अभी तक लाइसेंस नहीं मिला है। लाइसेंस न मिलने के कारण वह ट्रक नहीं चला पा रहे हैं। इसी तरह की दिक्कत रेलबाजार के प्रकाश श्रीवास्तव और कल्याणपुर के शोएब की है।
आठ अप्रैल से ड्राइविंग लाइसेंस की नई व्यवस्था लागू हुई थी। अब ऑनलाइन आवेदन के बाद टेस्ट, बायोमीट्रिक के बाद डाटा लखनऊ स्थित ट्रांसपोर्ट कमिश्नर के दफ्तर भेजा जाता है। वहीं से ड्राइविंग लाइसेंस आवेदकों के घरों पर भेजे जाते हैं। 12 अप्रैल तक के ड्राइविंग लाइसेंस लखनऊ से भेजे गए हैं। इसके बाद के लाइसेंस अभी लोगों को नहीं मिल रहे हैं। नौ हजार लाइसेंस लखनऊ में फंसे हैं। एआरटीओ प्रशासन आदित्य त्रिपाठी का कहना है कि समस्या के बारे में ट्रांसपोर्ट कमिश्नर दफ्तर से बात की है। जल्द व्यवस्था सुचारु करने के प्रयास हो रहे हैं।
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आठ अप्रैल से ड्राइविंग लाइसेंस की नई व्यवस्था लागू हुई थी। अब ऑनलाइन आवेदन के बाद टेस्ट, बायोमीट्रिक के बाद डाटा लखनऊ स्थित ट्रांसपोर्ट कमिश्नर के दफ्तर भेजा जाता है। वहीं से ड्राइविंग लाइसेंस आवेदकों के घरों पर भेजे जाते हैं। 12 अप्रैल तक के ड्राइविंग लाइसेंस लखनऊ से भेजे गए हैं। इसके बाद के लाइसेंस अभी लोगों को नहीं मिल रहे हैं। नौ हजार लाइसेंस लखनऊ में फंसे हैं। एआरटीओ प्रशासन आदित्य त्रिपाठी का कहना है कि समस्या के बारे में ट्रांसपोर्ट कमिश्नर दफ्तर से बात की है। जल्द व्यवस्था सुचारु करने के प्रयास हो रहे हैं।
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जनहित अधिनियम का पालन नहीं
जनहित गारंटी अधिनियम के तहत आरटीओ दफ्तर में आवेदन करने के दूसरे दिन लर्निंग और परमानेंट ड्राइविंग लाइसेंस मिल जाना चाहिए। लाइसेंस खोने पर डुप्लीकेट लाइसेंस आवेदन के तीसरे दिन जारी करना होता है। जिन लोगों को समय से लाइसेंस नहीं मिल रहे हैं, वह जनहित गारंटी अधिनियम के तहत एआरटीओ प्रशासन के यहां अर्जी दे सकते हैं।
एआरटीओ को इस अर्जी का निस्तारण 10 कार्य दिवस में करना होगा। तय समय में निस्तारण न करने पर आरटीओ के यहां अपील की जा सकती है। जनहित गारंटी अधिनियम के तहत तय समय में अर्जी का निस्तारण न करने पर संबंधित अफसर पर जुर्माने का प्रावधान है। जुर्माना अपीलीय अधिकारी लगाता है।
जनहित गारंटी अधिनियम के तहत आरटीओ दफ्तर में आवेदन करने के दूसरे दिन लर्निंग और परमानेंट ड्राइविंग लाइसेंस मिल जाना चाहिए। लाइसेंस खोने पर डुप्लीकेट लाइसेंस आवेदन के तीसरे दिन जारी करना होता है। जिन लोगों को समय से लाइसेंस नहीं मिल रहे हैं, वह जनहित गारंटी अधिनियम के तहत एआरटीओ प्रशासन के यहां अर्जी दे सकते हैं।
एआरटीओ को इस अर्जी का निस्तारण 10 कार्य दिवस में करना होगा। तय समय में निस्तारण न करने पर आरटीओ के यहां अपील की जा सकती है। जनहित गारंटी अधिनियम के तहत तय समय में अर्जी का निस्तारण न करने पर संबंधित अफसर पर जुर्माने का प्रावधान है। जुर्माना अपीलीय अधिकारी लगाता है।